F-16 के लिए PAK को मंजूर नहीं अमेरिका की शर्त

'डॉन ऑनलाइन' के मुताबिक, पाकिस्तान के विदेश सचिव एजाज चौधरी ने शनिवार को कहा कि एफ-16 बेचने के लिए कोई शर्त नहीं लगानी चाहिए, क्योंकि पाकिस्तान ने उन विमानों को सिर्फ आतंकियों से लड़ने के लिए इस्तेमाल करने की योजना बनाई है. लिहाजा हम अमेरिका की कोई भी शर्त नहीं मानेंगे.

Advertisement
अमेरिका से 8 एफ-16 विमान खरीदने वाला था पाकिस्तान अमेरिका से 8 एफ-16 विमान खरीदने वाला था पाकिस्तान

अंजलि कर्मकार

  • इस्लामाबाद,
  • 08 मई 2016,
  • अपडेटेड 12:48 PM IST

पाकिस्तान ने आधुनिक एफ-16 विमानों को लेकर अमेरिका की शर्तों को मानने से इनकार कर दिया है. अमेरिकी विदेश विभाग ने इसी हफ्ते कहा था कि पाकिस्तान यदि एफ-16 विमान खरीदना चाहता है, तो उसे इसके लिए अपने पास से पूरी रकम देनी होगी.

पाकिस्तान ने दिया ये तर्क
'डॉन ऑनलाइन' के मुताबिक, पाकिस्तान के विदेश सचिव एजाज चौधरी ने शनिवार को कहा कि बेचने के लिए कोई शर्त नहीं लगानी चाहिए, क्योंकि पाकिस्तान ने उन विमानों को सिर्फ आतंकियों से लड़ने के लिए इस्तेमाल करने की योजना बनाई है. लिहाजा हम अमेरिका की कोई भी शर्त नहीं मानेंगे.

Advertisement

पाक खरीदेगा दूसरे लड़ाकू विमान
ने अमेरिका को बता दिया है कि उसके पास अपने संसाधनों से एफ-16 विमानों को खरीदने के लिए पैसा नहीं है. पाक सरकार का ये भी कहना है यदि पैसे को लेकर मामला नहीं सुलझा तो वह अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए कोई अन्य खरीदने पर विचार करेगा.

पाक-अमेरिका के बीच क्या हुई थी डील
पाकिस्तान की अमेरिका के साथ 8 एफ-16 विमान खरीदने को लेकर सहमति बनी थी. इस समझौते के तहत पाकिस्तान को अपनी राष्ट्रीय निधि से 27 करोड़ डॉलर भुगतान करने थे. माना जा रहा था कि इन विमानों की शेष राशि अमेरिका अपनी (एफएमएफ) निधि से देगा. पिछले महीने अमेरिकी संसद ने हक्कानी नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई के लिए पाकिस्तान पर दबाव बनाने को इस सौदे के लिए अनुदान राशि नहीं देने का निर्णय लिया था. लेकिन बाद में नई शर्तें रख दी.

Advertisement

बाद में क्यों पलटा अमेरिका
अमेरिका की ओर से निधि उपलब्ध नहीं कराने के पीछे जो महत्वपूर्ण कारण हैं, उनमें पहला यह है कि पाकिस्तान ने हक्कानी नेटवर्क के खिलाफ पर्याप्त कार्रवाई नहीं की. दूसरा, का पता लगाने में मददगार डॉक्टर शकील आफरीदी को जेल में डालना और तीसरा, पाकिस्तानी परमाणु कार्यक्रम को लेकर अमेरिका का डर. बहरहाल, पाक विदेश सचिव का कहना है कि समझौते को लेकर अमेरिका को मनाने के कूटनीतिक प्रयास जारी हैं.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »