कैंची धाम वाले नीम करोली बाबा पर बनी फिल्म 'अंश हनुमान' इन दिनों खूब चर्चा हो रही है. फिल्म ने बॉलीवुड की कई ब्लॉकबस्टर फिल्मों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. बताते हैं चलें कि नीम करोली बाबा हनुमान जी के सच्चे भक्त थे और उनके प्रशंसक उन्हें हनुमान जी का अवतार ही मानते थे. मान्यता है कि आज भी बाबा की शिक्षाएं लोगों का मार्गदर्शन कर रही हैं. नीम करोली बाबा ने एक बार बताया था कि कुछ चीजों का अचानक दिखना बहुत शुभ होता है. ये चीजें इंसान के अच्छे दिन शुरू होने का संकेत देती हैं.
ईष्ट देव या पिृत
नीम करोली बाबा के अनुसार, सपने में पितृ या ईष्टदेवों का आना एक दुर्लभ संकेत है. खासकर यदि पितृ मुस्कुराते हुए, आशीर्वाद देते हुए या अन्य किसी मुद्रा में प्रसन्न दिखाई दें तो यह बहुत ही शुभ संकेत होता है. इसे जीवन में सकारात्मक बदलाव की शुरुआत से जोड़ा जाता है. मान्यता है कि जब इंसान का कोई बड़ा कार्य संपन्न होने वाला होता है, तब पितृ अचानक सपने में आकर इसका संकेत देते हैं.
घर में पशु-पक्षी का आगमन
मुश्किल समय में अचानक पशु-पक्षियों का घर के आसपास आना भी शुभ माना गया है. खासतौर पर गौरैया या किसी छोटी चिड़िया का घर में प्रवेश करके कुछ समय ठहरना सकारात्मक संकेत माना जाता है. मान्यता है कि इससे जीवन में चल रही परेशानियों के कम होने और नए अवसर मिलने का संकेत मिलता है.
पूजा-पाठ के वक्त आंख से आंसू गिरना
जब व्यक्ति पूजा-पाठ के दौरान ईश्वर की भक्ति में इस तरह लीन हो जाए कि वो अपनी सुध-बुध खो बैठे और उसकी आंखों से खुद-ब-खुद आंसुओं की धारा बहने लगे तो यह एक शुभ संकेत होता है. इसका अर्थ है कि व्यक्ति की मनोकामना ईश्वर तक पहुंच रही है और बहुत जल्द ईश्वर कोई अच्छा रास्ता निकालेगा.
साधु-संतों के दर्शन होना
यदि सवेरे-सवेरे आपके द्वार पर अचानक ही किसी साधु-संत महात्मा की दस्तक हो जाए तो इसे एक शुभ संकेत समझना चाहिए. मान्यता है कि संतों का सानिध्य व्यक्ति को सही दिशा दिखा सकता है. यदि किसी व्यक्ति के मन में किसी धार्मिक स्थल पर जाने की इच्छा लंबे समय से बनी हुई है तो यह उसके जल्द पूरी होने का संकेत होता है. इसे उस धार्मिक स्थल के बुलावे के तौर पर भी देखा जाता है.
अंतर्मन की आवाज
कई बार किसी कठिन परिस्थिति में इंसान को कोई हल नहीं मिल पाता है. ऐसे समय में उसका अंतर्मन उसे किसी सही फैसले की ओर लेकर जा सकता है. अचानक भीतर से किसी सही काम का विचार आना सकारात्मक संकेत माना जाता है. यह व्यक्ति को भ्रम से बाहर निकलकर आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दे सकता है.
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