How To Grow Moringa: घर की बालकनी या छत पर पौधे लगाने का शौक है, तो इस बार सिर्फ फूलों वाले पौधे ही नहीं, कुछ ऐसा भी उगाएं जो आपकी रसोई के काम आ सके. आप एक ऐसा पौधा लगा सकते हैं, जिसकी पत्तियों से लेकर फलियों तक का इस्तेमाल खाने में किया जाता है. हम बात कर रहे हैं सहजन की, जिसे मोरिंगा और ड्रमस्टिक के नाम से भी जाना जाता है. सहजन की फलियों की सब्जी तो आपने कई बार खाई होगी, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसे घर पर गमले में भी उगाया जा सकता है?
सहजन का पौधा लगाने के लिए आपको किसी बड़े खेत या बगीचे की जरूरत नहीं है. घर की छत या धूप वाली बालकनी में भी इसे उगाने की कोशिश कर सकते हैं. हालांकि, पौधे को अच्छी तरह बढ़ने और फलियां देने के लिए सही गमला, मिट्टी, धूप और नियमित देखभाल जरूरी है. आइए जानते हैं घर पर सहजन यानी मोरिंगा का पौधा लगाने का सही तरीका और इसकी देखभाल से जुड़ी जरूरी बातें.
1. सहजन लगाने के लिए कैसा होना चाहिए गमला?
अगर आप घर पर सहजन का पौधा लगाना चाहते हैं, तो सबसे पहले सही गमला चुनना बहुत जरूरी है. इसके लिए कम से कम 12 इंच गहरा गमला लें. पौधे की जड़ें अच्छी तरह फैल सकें, इसके लिए बड़ा और गहरा गमला बेहतर रहता है. ध्यान रखें कि गमले के नीचे पानी निकलने के लिए छेद जरूर हो. अगर पानी गमले में जमा होता रहेगा, तो इससे पौधे की जड़ों को नुकसान पहुंच सकता है. सहजन का पौधा बड़ा भी हो सकता है, इसलिए इसे ऐसी जगह रखें, जहां इसे बढ़ने के लिए अच्छी जगह मिल सके.
2. पौधे को रोजाना दें भरपूर धूप
सहजन के पौधे की अच्छी ग्रोथ के लिए धूप बहुत जरूरी है. इसे रोजाना करीब 6 से 8 घंटे सीधी धूप मिलनी चाहिए. इसलिए गमले को घर की ऐसी बालकनी, छत या खिड़की के पास रखें, जहां अच्छी धूप आती हो. अगर आपके घर में धूप कम आती है, तो पौधे की जरूरत के हिसाब से ग्रो लाइट का इस्तेमाल किया जा सकता है. अच्छी रोशनी मिलने से पौधे को बढ़ने में मदद मिलती है.
3. मिट्टी चुनते समय न करें ये गलती
कई बार लोग पौधा तो लगा देते हैं, लेकिन मिट्टी पर ध्यान नहीं देते. सहजन के पौधे के साथ ऐसा न करें. इसे ऐसी मिट्टी की जरूरत होती है, जिसमें पानी आसानी से निकल सके. इसके लिए नॉर्मल पॉटिंग मिट्टी में थोड़ी रेत या पर्लाइट मिलाया जा सकता है. इससे मिट्टी में पानी जमा होने के चांस कम होते हैं. मिट्टी का पीएच करीब 6 से 7 होना अच्छा माना जाता है. साथ ही, पौधे को पानी तभी दें, जब पौधे की ऊपरी मिट्टी सूखने लगे. जरूरत से ज्यादा पानी डालने से बचें.
4. पौधे को घना रखने के लिए समय-समय पर करें छंटाई
सहजन का पौधा बढ़ने के साथ लंबा हो सकता है. ऐसे में समय-समय पर इसकी छंटाई करना जरूरी है, खासकर जब इसे गमले में उगा रहे हों. पौधे की बहुत लंबी या कमजोर टहनियों को जरूरत के हिसाब से काट सकते हैं. इससे इसकी शेप को संभालने में मदद मिलने के साथ-साथ नई पत्तियां निकलना तेज होने के प्रोसेस में भी मदद मिल सकती है. छंटाई के लिए साफ औजारों का इस्तेमाल करें और एक बार में बहुत ज्यादा टहनियां न काटें.
5. कीड़ों से बचाएं और खाद देते रहें
पौधे की पत्तियों और नई टहनियों को समय-समय पर चेक करते रहें. सहजन के पौधे पर एफिड्स जैसे छोटे कीड़े लग सकते हैं. अगर पत्तियों पर कीड़े नजर आएं, तो पहले उन्हें हटाने और पौधे की सफाई करने की कोशिश करें. जरूरत पड़ने पर पौधों के लिए कीटनाशक साबुन का इस्तेमाल उसके इंस्ट्रक्शंस के अनुसार कर सकते हैं.
इसके अलावा, पौधे की ग्रोथ के लिए खाद भी जरूरी है. हर चार हफ्ते में हल्की मात्रा में खाद दी जा सकती है. खाद का इस्तेमाल करते समय पैकेट पर लिखे इंस्ट्रक्शंस को जरूर फॉलो करें. बहुत ज्यादा खाद डालने से बचें, क्योंकि इससे पौधे को नुकसान पहुंच सकता है.
घर पर सहजन लगाने से क्या होगा फायदा?
सहजन के पौधे की खास बात ये है कि इसकी पत्तियों और फलियों, दोनों का इस्तेमाल खाने में किया जाता है. इसकी पत्तियों को सब्जी और दूसरी डिश में शामिल कर सकते हैं, जबकि इसकी फलियों से स्वादिष्ट सब्जी बनाई जाती है. सहजन की पत्तियां पोषक तत्वों का भी अच्छा सोर्स हैं.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क