नई दिल्ली में चल रहे BRICS समिट में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने मिडिल ईस्ट की जंग को लेकर बड़ा संदेश दिया है. शी जिनपिंग ने कहा कि मिडिल ईस्ट और गल्फ क्षेत्र में जंग से बचना होगा. उन्होंने कहा कि इस जंग से क्षेत्र के लोगों को गंभीर नुकसान हुआ है और यह अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साझा हित में नहीं है.
शी जिनपिंग ने BRICS देशों से वैश्विक शांति और स्थिरता बनाए रखने में अग्रणी भूमिका निभाने की अपील की. उन्होंने कहा कि BRICS को दुनिया में शांति और स्थिरता कायम करने में आगे रहना चाहिए. साथ ही सदस्य देशों के बीच वैश्विक शांति और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर सहयोग बढ़ाने की जरूरत बताई.
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'इतिहास के सही पक्ष में खड़े हों BRICS देश'
चीनी राष्ट्रपति ने BRICS देशों से इतिहास के "सही पक्ष" में मजबूती से खड़े होने की अपील भी की. उन्होंने वैश्विक हालात के बीच BRICS की भूमिका को अहम बताया और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर सदस्य देशों के बीच सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया.
शी जिनपिंग ने कहा कि चीन BRICS के सदस्य देशों के साथ मिलकर मिडिल ईस्ट और गल्फ क्षेत्र में शांति और स्थिरता कायम करने में अपनी भूमिका निभाएगा. उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब क्षेत्र में जारी जंग का असर शांति, सुरक्षा और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी पड़ रहा है.
2027 में चीन करेगा BRICS समिट की मेजबानी
शी जिनपिंग ने नई दिल्ली में यह भी ऐलान किया कि चीन 2027 में BRICS की अध्यक्षता संभालेगा और 19वें BRICS समिट की मेजबानी करेगा. मौजूदा BRICS समिट में वैश्विक संघर्षों के अलावा अंतरराष्ट्रीय गवर्नेंस, आर्थिक सहयोग और विकासशील देशों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हो रही है.
BRICS के मंच पर शी जिनपिंग का यह संदेश ऐसे समय आया है जब यूक्रेन और मिडिल ईस्ट में जारी जंग के साथ-साथ वैश्विक स्तर पर तनाव बढ़ा हुआ है. चीन लगातार BRICS को ग्लोबल साउथ की आवाज और वैश्विक व्यवस्था में बड़ी भूमिका निभाने वाले मंच के तौर पर पेश करता रहा है.
नई दिल्ली में हो रहे इस समिट में अलग-अलग देशों के नेताओं के बीच वैश्विक शांति, सुरक्षा और सहयोग को लेकर चर्चा हो रही है. ऐसे में शी जिनपिंग का मिडिल ईस्ट पर जंग से बचने और BRICS को शांति में बड़ी भूमिका निभाने का संदेश समिट के अहम बयानों में शामिल है.
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