हरियाणा के गुरुग्राम में सार्वजनिक जगहों पर गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ नगर निगम ने कार्रवाई की तैयारी की है. नगर निगम गुरुग्राम (MCG) ने पान, गुटखा, तंबाकू थूकने और च्यूइंग गम को सार्वजनिक स्थानों पर फेंकने वालों के चालान काटने का ऐलान किया है.
अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि शहर में साफ-सफाई के नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. इस संबंध में नगर निगम की ओर से सार्वजनिक सूचना जारी की गई है. इसका उद्देश्य शहर में स्वच्छता बनाए रखना और सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी फैलाने की घटनाओं पर रोक लगाना है.
नगर निगम की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक, MCG के अधिकार क्षेत्र में आने वाले सार्वजनिक स्थानों पर थूकना प्रतिबंधित है. इनमें सड़कें, फुटपाथ, सार्वजनिक पार्क, बाजार, बस स्टॉप और सरकारी परिसर शामिल हैं. इन जगहों पर पान, गुटखा और तंबाकू थूकने वालों के खिलाफ नियमों के तहत कार्रवाई की जा सकती है.
इसके अलावा, सार्वजनिक स्थानों पर च्यूइंग गम फेंकना भी गंदगी फैलाने की श्रेणी में माना जाएगा. नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक जगहों की सफाई बनाए रखने के लिए इन नियमों का पालन करना जरूरी है.
अधिकारियों के मुताबिक, नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ हरियाणा नगर निगम अधिनियम, 1994 (Haryana Municipal Corporation Act, 1994) और अधिसूचित स्वच्छता एवं सफाई उपनियमों के तहत चालान किया जा सकता है. हालांकि, नगर निगम ने फिलहाल चालान की निश्चित राशि का उल्लेख नहीं किया है.
अधिकारियों ने बताया कि जुर्माने की रकम निर्धारित की जाएगी. यानी सार्वजनिक स्थानों पर थूकने या च्यूइंग गम फेंकने पर कितने रुपये का चालान कटेगा, यह राशि तय होने के बाद ही स्पष्ट होगा.
MCG के आयुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि सार्वजनिक सूचना जारी करने का मकसद शहर में जनस्वास्थ्य, साफ-सफाई और सुंदरता बनाए रखना है. उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सार्वजनिक स्थानों पर थूकने और च्यूइंग गम फेंकने जैसी गतिविधियों से बचें. इसके साथ ही कूड़ा निर्धारित डस्टबिन में डालें और सफाई से जुड़े नियमों का पालन करें.
आयुक्त ने कहा कि इन छोटे-छोटे कदमों से शहर को साफ रखने में मदद मिलेगी. उन्होंने अधिकारियों को नियमों का उल्लंघन करने वालों के चालान काटने और कार्रवाई का उचित रिकॉर्ड रखने के निर्देश भी दिए हैं.
नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि हरियाणा नगर निगम अधिनियम की धारा 310 के तहत आयुक्त को किसी भी तरह की परेशानी, अस्वच्छ स्थिति या जनहित के लिए नुकसानदेह स्थिति को दूर करने के निर्देश जारी करने का अधिकार है. वहीं, अधिनियम की धारा 393 संबंधित उपनियमों का उल्लंघन करने पर दंड का प्रावधान करती है.
इन्हीं कानूनी प्रावधानों और अधिसूचित सफाई नियमों के आधार पर उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. नगर निगम ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि कार्रवाई के दौरान चालान जारी करने के साथ उसका रिकॉर्ड भी व्यवस्थित रखा जाए.
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