फैक्ट चेक: सहारनपुर की मस्जिद में बुलडोजर एक्शन पर भड़के हाईकोर्ट के जज? नहीं, ये वीडियो पुराना है

एक वायरल वीडियो में एक व्यक्ति कहता है कि योगी के बुलडोजर एक्शन पर भड़के जज साहब. अब सहारनपुर में मस्जिद की गई शहीद, डीएम के पैसों से बनेगी. कोर्ट का अब तक का सबसे बड़ा ऐलान.

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आजतक फैक्ट चेक

दावा
यूपी के सहारनपुर में मस्जिद तोड़े जाने पर हाईकोर्ट जज ने योगी सरकार को फटकार लगाई है और डीएम को अपने खर्च पर टूटी हुई ​मस्जिद का निर्माण करवाने का आदेश दिया है.
सच्चाई
ये 2022 का बिहार का वीडियो है. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 11 सितंबर को सहारनपुर मस्जिद मामले पर यूपी सरकार से जवाब तलब किया है. 

ज्योति द्विवेदी

  • नई दिल्ली,
  • 12 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 7:11 PM IST

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 11 सितंबर को सहारनपुर में मस्जिद तोड़े जाने के मामले में यूपी सरकार से जवाब मांगा. साथ ही, मस्जिद पर लगाए गए ₹6.41 करोड़ के जुर्माने पर अंतरिम रोक भी लगा दी. मामले की अगली सुनवाई 12 अक्टूबर को होनी है.

दरअसल, सहारनपुर में कलेक्ट्रेट परिसर में मौजूद एक मस्जिद को सरकारी जमीन पर अतिक्रमण मानकर सिटी मजिस्ट्रेट ने 16 जुलाई को इसे गिराने का आदेश दिया था और 6.41 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया था. इसके बाद मस्जिद कमेटी ने इस आदेश के खिलाफ जिला अदालत में अपील की जिसे 2 सितंबर को खारिज कर दिया गया. इसी संदर्भ में वायरल वीडियो शेयर हो रहा है.  

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वायरल वीडियो में एक व्यक्ति कहता है, "योगी के बुलडोजर एक्शन पर भड़के जज साहब. अब सहारनपुर में मस्जिद की गई शहीद, डीएम के पैसों से बनेगी. कोर्ट का अब तक का सबसे बड़ा ऐलान. जी हां दोस्तों, जज साहब ने योगी आदित्यनाथ और उनके अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई और उनके निजी पैसों से बुलडोज की गई इमारतें बनाने का ऑर्डर दिया."

इसके बाद किसी केस की ऑनलाइन सुनवाई का वीडियो दिखता है. इसके एक विंडो में जज नजर आते हैं तो दूसरी विंडो में कोर्ट में मौजूद वकील. जज कहते हैं, "क्यों तोड़ दिया आप लोगों ने घर क्यों तोड़ दिया? क्या यहां भी बुलडोजर चलने लगा? ऐसा कौन पावरफुल आदमी है जो आप बुलडोजर लेकर तोड़ दिए इसका? हूम डू यू रीप्रेजेंट- दि स्टेट ऑर सम प्राइवेट परसन? तमाशा बना दिया है कि किसी का घर बुलडोजर से तोड़ देंगे. मैडम, तैयार होकर आइये. पांच-पांच लाख सबसे हम दिलवाएंगे इनको. घर तोड़ने का मुआवजा. पर्सनल पॉकेट से. जनता दरबार अब पुलिस और सीओ मिलकर घर तुड़वा रहा है घूस लेकर."  

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वीडियो में एंकरिंग कर रहा शख्स कहता है कि भारत में लगातार मुस्लिमों को निशाना बनाया जा रहा है. साथ ही, वो सहारनपुर मस्जिद मामले पर AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी, सपा सांसद इकरा हसन, और कुछ अन्य लोगों के बयानों का जिक्र भी करता है.

वीडियो पर लिखा है, "सहारनपुर मस्जिद शहीद करने पर, योगी पर भड़के जज साहब? योगी के अधिकारियों होगी जेल? DM के पैसे से बनेंगी मस्ज़िद?"

एक एक्स यूजर ने इस वीडियो को पोस्ट करते हुए लिखा, "अब तो जज साहब ने भी इशारा दे दिया".  
 

आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि वायरल वीडियो में जज के फटकार लगाने वाली जो क्लिप इस्तेमाल की गई है, वो यूपी की नहीं पटना की है और साल 2022 के एक दूसरे मामले से संबंधित है.  

कैसे पता चली सच्चाई?  

वायरल वीडियो के जज वाले हिस्से को रिवर्स सर्च करने से ये हमें 'द टाइम्स ऑफ इंडिया' की 4 दिसंबर, 2022 की रिपोर्ट में मिला. रिपोर्ट के मुताबिक, वीडियो में दिख रहे जज पटना हाईकोर्ट के जस्टिस संदीप कुमार हैं.

ईटीवी भारत की खबर के अनुसार, उस वक्त संदीप कुमार, संजोगा देवी नामक याचिकाकर्ता के केस की सुनवाई कर रहे थे, जिनका घर 15 अक्टूबर, 2022 को बुलडोजर एक्शन के तहत तोड़ दिया गया था. उनके वकील का आरोप था कि उनकी जमीन खाली करवाने के लिए उन पर दबाव डाला गया और उनके खिलाफ झूठा केस दर्ज करवा दिया गया. इस मामले में याचिकाकर्ता पर दायर एफआईआर पर स्टे लगा दिया गया था.  

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100 साल से भी पुरानी बताई जा रही है सहारनपुर की मस्जिद  

सहारनपुर में जिस मस्जिद को लेकर विवाद हुआ वो 100 साल से भी ज्यादा पुरानी बताई जा रही है. ऐसा आरोप है कि जब इस मस्जिद को गिराया गया, उस वक्त सपा की लोकसभा सांसद इकरा हसन को हाउस अरेस्ट कर दिया गया. असदुद्दीन ओवैसी ने इस मामले को लेकर लिखा  कि मस्जिद कमेटी ने 1911 के दस्तावेज अदालत में पेश करके ये साबित करने की कोशिश की कि ये मस्जिद कलेक्ट्रेट से पहले से मौजूद थी.  

साफ है, साल 2022 में दिए गए पटना हाईकोर्ट के एक जज के बयान को सहारनपुर म​स्जिद मामले से जोड़कर शेयर किया जा रहा है.  

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