माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद को प्रयागराज के कसारी-मसारी कब्रिस्तान में उसके पिता अतीक अहमद की कब्र के बगल में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने बड़े भाई अली और उमर को जनाजे में शामिल होने के लिए पैरोल दे दी है. प्रशासन ने कब्रिस्तान और आसपास के इलाके में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की है.
प्रयागराज के कसारी-मसारी कब्रिस्तान में अबान अहमद को अतीक अहमद की कब्र के बगल में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने अली और उमर अहमद को जनाजे में शामिल होने के लिए पैरोल दी है. अंतिम संस्कार को लेकर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं. पुलिस बल तैनात किया गया है और पूरे क्षेत्र में निगरानी रखी जा रही है ताकि अंतिम संस्कार शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके.
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने उत्तर प्रदेश में गन्ना किसानों के बकाया भुगतान पर कम ब्याज के साथ जारी रिकवरी सर्टिफिकेट को लेकर सख्त रुख अपनाया है. अदालत ने 15% की जगह 12% ब्याज वसूलने पर सवाल उठाते हुए 2 दिसंबर 2021 के बाद पद पर रहे पूर्व गन्ना आयुक्तों का ब्योरा तलब किया है.
जौनपुर दूल्हा हत्याकांड में पुलिस मुठभेड़ में मारे गए रवि यादव के मकान को गिराने की कार्रवाई पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई तक रोक लगा दी है. कोर्ट ने तहसीलदार और डीएम के बेदखली व हर्जाने से जुड़े आदेशों के प्रभाव और क्रियान्वयन पर भी स्टे दिया है. याचिका रवि यादव के पिता ने दायर की थी.
कोडीन कफ सिरप मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान बड़ा घटनाक्रम सामने आया है. आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई कर रहे न्यायमूर्ति कृष्ण पहल ने जज तक निजी पहुंच बनाने के कथित प्रयास पर कड़ी नाराजगी जताते हुए खुद को मामले से अलग कर लिया और इसे काला दिन बताया.
अदालत ने साफ कहा कि सिर्फ इस आधार पर राहत नहीं दी जा सकती कि आरोपी अब 82 वर्ष का हो चुका है और अपील लंबित रहने के दौरान लगभग चार दशकों तक जमानत पर रहा है.
आरोपियों के घरों पर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट के दो जजों की पीठ ने स्प्लिट वर्डिक्ट सुनाया है. एक जज ने एफआईआर के 2 साल तक बुलडोजर कार्रवाई पर रोक का आदेश दिया, जबकि दूसरे जज ने असहमति जताई जिसके बाद मामला तीसरे जज के लिए चीफ जस्टिस को रेफर कर दिया गया.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने लखनऊ जिला कोर्ट में दिल्ली से आए तीन वकीलों और उनके मुवक्किल के साथ हुई मारपीट के मामले में सख्त रुख अपनाया है. वकीलों ने आरोप लगाया कि स्थानीय वकीलों ने उन्हें कोर्ट में पेश होने से रोका और मारपीट की. हाईकोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सुरक्षा और जांच के आदेश दिए हैं.
25 साल से लंबित अपहरण केस की सुनवाई के दौरान इलाहाबाद हाईकोर्ट ने न्याय में देरी पर सख्त टिप्पणी की. कोर्ट ने कहा कि सिर्फ 'तारीख पे तारीख' देना इंसाफ नहीं हो सकता.
इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ पीठ ने कहा है कि आपराधिक न्याय प्रणाली की पहचान 'तारीख पर तारीख' से नहीं हो सकती. कोर्ट ने बहराइच के एक 25 साल पुराने अपहरण मामले में, जहां आरोपी और पीड़िता अब शादीशुदा हैं और उनके तीन बच्चे हैं.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा है कि पति की सैलरी का 25 प्रतिशत हिस्सा गुजारा भत्ते के तौर पर देना जरूरी नहीं, यह सिर्फ एक सामान्य नियम है. कोर्ट ने कहा कि तलाक के बाद भी पत्नी को भत्ता पाने का हक है, अगर वह खुद कमाने में सक्षम नहीं है और दोबारा शादी नहीं की.
ग्राम पंचायत का कार्यकाल खत्म हो गया, लेकिन वही ग्राम प्रधान अगर प्रशासक बनकर कुर्सी पर बने रहें तो क्या इसे कार्यकाल बढ़ाना माना जाएगा? क्या इससे राज्य निर्वाचन आयोग की भूमिका कमजोर होती है? इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच ने उत्तर प्रदेश सरकार से कुछ ऐसे ही तीखे सवाल पूछे हैं, जिनका जवाब अब सरकार को कोर्ट में देना होगा.
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने मुस्लिम पर्सनल लॉ को बाल विवाह निषेध अधिनियम (PCMA) और पॉक्सो एक्ट से ऊपर नहीं माना है. कोर्ट ने कहा कि शादी की उम्र सभी के लिए समान है और कोई भी पर्सनल लॉ इस नियम को प्रभावित नहीं कर सकता. ये फैसला बुलंदशहर में एक 16 वर्षीय लड़की के बाल विवाह रोकने आई रेस्क्यू टीम पर हमले से जुड़े मामले में आया है.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि भारत में सक्रिय सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म भारतीय कानूनों और जांच एजेंसियों के प्रति पूरी तरह जवाबदेह हैं. कोर्ट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' द्वारा एक अश्लील वीडियो मामले की जांच में सहयोग न करने (अकाउंट URL और IP एड्रेस न देने) पर गहरी नाराजगी जताई. न्यायालय ने इसे पुलिस की विफलता मानते हुए गाजियाबाद के पुलिस आयुक्त को 12 अगस्त को व्यक्तिगत रूप से तलब किया है. इसके साथ ही आदेश की प्रति यूपी के गृह सचिव और डीजीपी को भेजी गई है.
कोरोना महामारी के दौरान हजारों सरकारी कर्मचारी अपनी जान जोखिम में डालकर जरूरी सेवाएं जारी रखने में जुटे रहे. कई कर्मचारी ड्यूटी के दौरान संक्रमण की चपेट में आए. उनकी मौत हो गई. ऐसे मामलों में मुआवजे और सरकारी नीतियों की व्याख्या को लेकर लगातार अदालतों का रुख महत्वपूर्ण रहा है.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कानपुर जिले में करीब पांच दशक पहले साल 1977 में चकबंदी कार्यवाही के दौरान महज 300 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े गए पूर्व लेखपाल महेश चंद की दोषसिद्धि को बरकरार रखा है.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भ्रष्टाचार के एक मामले में ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए 41 साल पुरानी आपराधिक अपील को खारिज कर दिया है. कोर्ट ने करीब 49 साल पहले मात्र 300 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े गए चकबंदी लेखपाल की एक वर्ष की जेल की सजा को पूरी तरह बरकरार रखा है.
तीन तलाक और हलाला, दोनों प्रथाएं मूलतः एक ही ताने-बाने की उपज हैं. एक ऐसी व्यवस्था जिसमें विवाह-विच्छेद का सम्पूर्ण अधिकार व्यावहारिक रूप से पुरुष के पास केंद्रित रहा और महिला की भूमिका उस निर्णय को झेलने तक सीमित रह गई. जब पुरुष को बिना किसी सुलह-प्रक्रिया के एकतरफा और तत्काल तलाक देने की छूट मिलती है, तो उसी छूट का दुरुपयोग वह बार-बार कर सकता है.
इलाहाबाद हाईकोर्ट में ताजमहल में मंदिर होने के दावे को लेकर सुनवाई हुई. इसके बाद अदालत ने केंद्र सरकार और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण को जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया गया. बता दें कि इस याचिका में में ताजमहल परिसर में 'अग्रेश्वर महादेव नागनाथेश्वर विराजमान तेजो महालय' मंदिर होने की घोषणा की मांग की गई है.
इलाहाबाद हाई कोर्ट के जस्टिस जेजे मुनीर और जस्टिस तरुण सक्सेना की खंडपीठ ने पीड़िता के पूर्व पति, चाचा, मौलाना समेत अन्य आरोपियों की याचिकाएं खारिज कर दीं. हाईकोर्ट ने कहा कि व्यक्तिगत कानूनों की आड़ में अपराधों को संरक्षण नहीं दिया जा सकता.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश के मदरसों की फंडिंग की एटीएस जांच पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है. इस फैसले के बाद प्रदेश के करीब 4,000 मदरसों की विदेशी फंडिंग की जांच पहले की तरह जारी रहेगी.