एक्ट्रेस स्वरा भास्कर अपनी बेबाक राय के लिए जानी जाती हैं. फिल्म हो या सामाजिक मुद्दा, वह अपनी बात खुलकर रखने से पीछे नहीं हटतीं. अब उन्होंने साल 2017 में रिलीज हुई संजय लीला भंसाली की फिल्म ‘पद्मावत’ को लेकर किए गए अपने चर्चित विरोध को फिर याद किया है. स्वरा ने बताया कि फिल्म के क्लाइमैक्स में दिखाए गए जौहर के सीन ने उन्हें अंदर तक परेशान कर दिया था.
स्वरा ने उस वक्त फिल्म के डायरेक्टर संजय लीला भंसाली को एक ओपन लेटर भी लिखा था. अब दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में सोमवार को हुए एक पैनल डिस्कशन ‘वुमन लाइफ फ्रीडम’ में उन्होंने बताया कि आखिर ऐसा क्या था, जिसने उन्हें फिल्म के खिलाफ लिखने पर मजबूर कर दिया.
जौहर वाला सीन देखकर स्वरा के मन में उठा बड़ा सवाल
स्वरा ने कहा कि फिल्म में करीब 800 महिलाओं के जौहर करने की कहानी देखकर उनके मन में एक सवाल बार-बार घूम रहा था. उन्होंने सोचा कि अगर कोई महिला रेप सर्वाइवर हो और वह ऐसी कहानी देखे तो उसके मन पर क्या असर पड़ेगा?
उन्होंने कहा कि उन्हें डर था कि कहीं ऐसी कहानी महिलाओं को यह महसूस न करा दे कि अगर उनके साथ यौन हिंसा हुई है तो उनकी जिंदगी खत्म हो गई है या उन्हें अपनी ‘इज्जत’ बचाने के लिए अपनी जान दे देनी चाहिए. स्वरा ने कहा कि ऐसे समाज में, जहां रेप की घटनाएं पहले से ही एक गंभीर समस्या हैं, क्या ऐसी कहानी सर्वाइवर्स को यह संदेश देनी चाहिए कि उन्हें जीने का हक नहीं है?
उन्होंने अपनी बात रखते हुए कहा- क्या हम अपने सर्वाइवर्स से यह कहना चाहते हैं कि आप जीने की हकदार नहीं हैं? अगर आप बहादुर और सम्मानित महिला होतीं तो खुद को मार देतीं?
प्रेग्नेंट महिला का शॉट देखकर भड़क गई थीं स्वरा
स्वरा ने फिल्म के एक खास शॉट का भी जिक्र किया, जिसने उन्हें बेहद गुस्सा दिलाया था. उन्होंने बताया कि फिल्म में एक गर्भवती महिला के पेट का क्लोज-अप दिखाया गया था. स्वरा के मुताबिक, उस शॉट को देखकर उनके मन में सवाल उठा कि क्या फिल्म यह संकेत दे रही है कि अगर गर्भ में पल रही बच्ची बड़ी होकर यौन हिंसा का शिकार हो सकती है, तो उसका पैदा होना ही गलत है? उन्होंने बताया कि इस सीन को देखकर वह थिएटर में इतनी नाराज हुई थीं कि जोर से ‘छी!’ कह बैठीं.
पांच दिन तक खुद से लड़ती रहीं, फिर लिखा था ओपन लेटर
स्वरा ने यह भी बताया कि उन्होंने गुस्से में तुरंत चिट्ठी नहीं लिख दी थी. उन्होंने अपनी भावनाओं के साथ करीब पांच दिन बिताए और फिर तय किया कि वह संजय लीला भंसाली को अपना ओपन लेटर लिखेंगी. उन्होंने कहा कि लोगों को लगा था कि उन्होंने गुस्से में प्रतिक्रिया दी है, लेकिन हकीकत यह थी कि उन्होंने अपने विचारों को समझने और अपनी भावनाओं को पक्का करने के बाद ही वह चिट्ठी लिखी थी.
‘मैं सिर्फ एक वजाइना महसूस करने लगी थी’... फिर बन गया हेडलाइन
स्वरा ने अपनी उस चिट्ठी की एक लाइन का जिक्र करते हुए कहा कि वह असल में यह कहना चाहती थीं कि महिलाएं सिर्फ अपने शरीर के निजी अंगों तक सीमित नहीं हैं. लेकिन उनकी इसी बात को मीडिया की सुर्खियों में अलग अंदाज में पेश किया गया.
उन्होंने कहा कि चिट्ठी में उन्होंने लिखा था कि फिल्म देखने के बाद उन्हें ऐसा महसूस हुआ जैसे उन्हें सिर्फ एक ‘वजाइना’ तक सीमित कर दिया गया हो. इसके बाद यही लाइन खबरों की बड़ी हेडलाइन बन गई. स्वरा ने कहा कि लोगों ने पूरी चिट्ठी पढ़ने के बजाय सिर्फ हेडलाइन देखी और फिर उनकी बात का अलग ही मतलब निकाला.
‘पद्मावत’ रिलीज से पहले ही मचा था खूब बवाल
संजय लीला भंसाली की ‘पद्मावत’ रिलीज से पहले ही जबरदस्त विवादों में घिर गई थी. फिल्म पर ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ के आरोप लगे थे और राजपूत संगठनों ने इसके खिलाफ देशभर में विरोध प्रदर्शन किए थे. फिल्म का नाम भी पहले ‘पद्मावती’ था, जिसे बाद में बदलकर ‘पद्मावत’ कर दिया गया.
वर्कफ्रंट की बात करें तो स्वरा आखिरी बार शो ‘पति, पत्नी और पंगा’ में नजर आई थीं. उनकी आखिरी फिल्म ‘जहां चार यार’ थी, जो 2022 में रिलीज हुई थी.
आजतक एंटरटेनमेंट डेस्क