मुश्ताक खान की प्रार्थना सभा से भगाए गए राजपाल यादव, हुई बेइज्जती? सामने आया सच

मुश्ताक खान की प्रार्थना सभा में राजपाल यादव की बेइज्जती के वायरल वीडियो के पीछे की पूरी सच्चाई सामने आई है. कंटेंट क्रिएटर नाजमा शेख ने इंस्टाग्राम पर सफाई देते हुए बताया कि राजपाल यादव को शोक सभा से हटाया नहीं गया था.

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राजपाल का वीडियो वायरल (Photo: Vinod Singh) राजपाल का वीडियो वायरल (Photo: Vinod Singh)

आजतक एंटरटेनमेंट डेस्क

  • नई दिल्ली ,
  • 03 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 1:11 PM IST

बॉलीवुड के मशहूर एक्टर मुश्ताक खान अब दुनिया में नहीं रहे. कैंसर की जंग लड़ते हुए 24 सितंबर 2026 को उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया. 30 सितंबर को उनकी प्रार्थना सभा आयोजित की गई थी, जिसमें इंडस्ट्री के कई दिग्गज शामिल हुए. इस दौरान राजपाल यादव का एक वीडियो सामने आया. दावा किया गया कि मुश्ताक खान की प्रेयर मीट में राजपाल यादव की बेइज्जती हुई, उन्हें बाहर जाने के लिए कहा गया. 

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अब वायरल वीडियो का सच सामने आ चुका है. जानते हैं कि मामला है क्या. 
 
राजपाल की हुई बेइज्जती
कंटेंट क्रिएटर नाजमा शेख ने एक्टर रजपाल यादव को मुश्ताक खान की प्रेयर मीट से हटाए जाने की खबरों पर सफाई दी है. उन्होंने शुक्रवार को इंस्टाग्राम पर अपनी एक तस्वीर शेयर की और वायरल वीडियो के पीछे की पूरी कहानी बताई, जिसमें दावा किया गया था कि रजपाल यादव को शोक सभा से हटाया गया था. 

उन्होंने कहा, मेरा नाम नाजमा शेख है और आज मैं जो बात करने जा रही हूं, वो मुश्ताक खान साहब की प्रार्थना सभा से जुड़ी है. लोगों ने इतनी गलतफहमियां फैला दी हैं कि उनकी कोई हद नहीं है. अब मैं आपको सच बताती हूं. हकीकत ये है कि रजपाल यादव मुश्ताक खान के बहुत करीब थे. वो उनके लिए छोटे भाई जैसे थे. मुश्ताक खान की मौत से दो घंटे पहले तक रजपाल यादव उनके साथ थे. जिस दिन मुश्ताक खान को कब्रिस्तान ले जाया गया, उस दिन भी रजपाल यादव मौजूद थे. जिस दिन उनकी प्रार्थना सभा हुई, उस दिन भी वे मौजूद थे.

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उन्होंने आगे कहा, मुश्ताक खान की शोक सभा में वहां कुछ लोग सिर्फ तस्वीरें खींचने के लिए आए थे, जबकि तस्वीरें खींचने की वो जगह नहीं थी. वो किसी के लिए दुआ करने और उन्हें शांति देने की जगह थी.

“लोग मुकेश ऋषि, उपासना सिंह और रजपाल यादव जैसे एक्टर्स के साथ लगातार तस्वीरें खींच रहे थे. वह सेल्फी पॉइंट नहीं था, वो प्रार्थना सभा थी. मेरा गुस्सा उन लोगों पर था, जो सिर्फ तस्वीरें खींचने के लिए वहां थे और उन्हें समझ नहीं थी कि वे किस माहौल में हैं. मैंने ऐसे लोगों पर गुस्सा दिखाया था, रजपाल यादव पर नहीं. मैं मीडिया के दोस्तों से अपील करती हूं कि भ्रामक कहानियां न चलाएं और पूरा सच दिखाएं.“

 
 

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