'मुझे उनके लिए करना है'... नेपाल में माता-पिता लापता, लेकिन फिर भी तन्वी ने दी NEET PG परीक्षा

नेपाल में हर रोज मरने वालों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है. लेकिन अलग-अलग जगहों से कई कहानियां सामने आ रही हैं. ऐसी ही एक घटना तन्वी ने शेयर किया है. कैलाश यात्रा के दौरान माता-पिता के लापता होने के बाद भी उन्होंने NEET PG 2026 की परीक्षा दी. हालांकि, तीन घंटे के पेपर में वह 1.5 घंटा रोती रहीं. 

Advertisement
माता-पिता लापता फिर भी दी नीट की परीक्षा.  (Image: Instagram/@; right: AFP) माता-पिता लापता फिर भी दी नीट की परीक्षा. (Image: Instagram/@; right: AFP)

आजतक एजुकेशन डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 01 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 1:01 PM IST

NEET PG जैसी बड़ी मेडिकल परीक्षा में शामिल होना किसी भी छात्र के लिए बड़े मौके से कम नहीं है. इसके लिए उम्मीदवार दिन-रात एक कर देते हैं और परीक्षा को पास करने के लिए कड़ी मेहनत भी करते हैं. लेकिन तन्वी के लिए इस साल का नीट पेपर किसी डरावने सपने से कम नहीं था. वह तीन घंटे के पेपर के दौरान 1.5 घंटे रोती रहीं लेकिन अपने पिता के इच्छा को याद करके उन्होंने अपना पेपर पूरा किया. दरअसल, तन्वी के माता-पिता नेपाल में आई बाढ़ के बीच कैलाश यात्रा के दौरान लापता हो गए हैं. लेकिन इसके बाद भी उन्होंने 30 अगस्त को आयोजित हुई परीक्षा दी. 

Advertisement

पिता की बात आ रही थी याद 

पेपर देने के बाद तन्वी ने सोशल मीडिया की मदद से अपना दुख बयां किया है. उन्होंने वीडियो शेयर कर बताया कि परीक्षा के दौरान लगातार उनकी आंखों से आंसू गिर रहे थे. सवाल सही तरह से दिखाई भी नहीं दे रहे थे. लेकिन इसके बाद भी उन्होंने खुद को संभाला और पेपर दिया क्योंकि उनके पिता चाहते थे कि उनके पिता की इच्छा थी कि वह नीट परीक्षा में जरूर शामिल हो. उन्होंने यह भी बताया कि वह लगातार अपने आप को समझाती रही लेकिन माता-पिता का ख्याल बार-बार परेशान कर रहा था. 

एडमिट कार्ड पर पिता की तस्वीर

परीक्षा के दौरान तन्वी के एक और भावुक पल का सामना करना पड़ा. जब कंप्यूटर पर एडमिट कार्ड वाली उनकी तस्वीर सामने आई तो, उन्हें अपने पिता की याद आई और उसे देखने के बाद उन्हें खुद को संभालना और भी ज्यादा मुश्किल हो गया था. दरअसल, एडमिट कार्ड पर लगाने के लिए फोटो उनके पिता ने ही क्लिक की थी. 

Advertisement

मां की चीनी-दही वाली रस्म 

तन्वी ने यह भी बताया कि परीक्षा के समय उन्हें उनकी मां की भी बहुत याद आई. वह बताती हैं कि एग्जाम से पहले उनकी मां उन्हें दही-चीनी खिलाती थीं. लेकिन इस बार उनकी मां उनके साथ नहीं थी. माता-पिता के साथ उनके ये पल उन्हें और भी ज्यादा भावुक कर दे रहे हैं.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »