IIT कानपुर जुटाएगा 8300 करोड़! फंडरेजिंंग कैंपेन लॉन्च, पूर्व छात्र राहुल गौतम ने क‍िया 180 करोड़ दान

देश के सबसे प्रतिष्ठित संस्थान IIT कानपुर ने रिसर्च और डीप-टेक इनोवेशन को नई उड़ान देने के लिए 1 अरब डॉलर यानी करीब 8,300 करोड़ रुपये के अब तक के सबसे बड़े फंडरेजिंंग अभियान का आगाज कर दिया है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह द्वारा दिल्ली में लॉन्च किए गए इस 'Greater Than Us' कैंपेन के तहत अभी से 4,155 करोड़ रुपये जुटाने का भरोसा मिल चुका है.

Advertisement
IIT कानपुर का एक अरब डॉलर का अभियान शुरू, पूर्व छात्र ने नोएडा स्कूल के लिए 180 करोड़ रुपये दान किए IIT कानपुर का एक अरब डॉलर का अभियान शुरू, पूर्व छात्र ने नोएडा स्कूल के लिए 180 करोड़ रुपये दान किए

आजतक एजुकेशन डेस्क

  • कानपुर ,
  • 15 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 4:02 PM IST

देश के गौरव भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) कानपुर ने भविष्य के भारत की रूपरेखा तैयार करने के लिए 1 अरब डॉलर (करीब 8,300 करोड़ रुपये) का महा-फंड जुटाने का अब तक का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक अभियान छेड़ दिया है. इस मेगा कैंपेन का सीधा मकसद रिसर्च के बुनियादी ढांचे को लोहे जैसा मजबूत करना, छात्रों और फैकल्टी को ग्लोबल लेवल का प्लेटफॉर्म देना और डीप-टेक इनोवेशन की रफ्तार को रॉकेट जैसी तेजी देना है. 

Advertisement

इस महत्वाकांक्षी अभियान का नाम रखा गया है ‘ग्रेटर दैन अस’ (यानी हमसे महान, हमारी संस्था). नई दिल्ली के भारत मंडपम में देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस ऐतिहासिक अभियान का विधिवत शुभारंभ किया. सबसे दिलचस्प बात यह है कि इस कैंपेन के औपचारिक ऐलान से पहले ही देश-दुनिया के दिग्गजों और पूर्व छात्रों ने मिलकर 4,155 करोड़ रुपये देने का ऐलान कर दिया है. संस्थान का स्पष्ट लक्ष्य है कि मार्च 2029 तक इस 1 अरब डॉलर के जादुई आंकड़े को पूरी तरह जमीन पर उतार दिया जाए.

राजनाथ सिंह बोले 'संस्थानों को सींचने में पीढ़ियां लगती हैं'

इस भव्य लॉन्चिंग के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आईआईटी संस्थानों के सुनहरे इतिहास को याद करते हुए कहा कि आज जो चमकती हुई इमारतें और लैब्स दिख रही हैं, उनके पीछे शुरुआती पीढ़ियों का खून-पसीना और त्याग है.

Advertisement

उन्होंने दो टूक अंदाज में कहा कि महान संस्थाओं को खड़ा करने में दशकों की तपस्या लगती है. शुरुआती दौर के लोगों ने बेहद सीमित संसाधनों के बीच काम किया, लेकिन उनके इरादों में राष्ट्र-निर्माण की अदम्य इच्छाशक्ति थी. आज हमारी सबसे बड़ी जिम्मेदारी यही है कि हम उस विरासत को केवल संभालकर न रखें, बल्कि उसे और बुलंदियों तक पहुंचाएं."

राजनाथ सिंह ने जोर देकर कहा कि यह अभियान वैज्ञानिक खोजों और तकनीकी आधुनिकता को देश के सीधे विकास से जोड़ने का एक ब्रह्मास्त्र साबित होगा.

नोएडा कैंपस में राहुल गौतम का बड़ा दांव: 180 करोड़ की सौगात

इस महा-अभियान के साथ ही एक और बहुत बड़ा ऐलान हुआ है. IIT कानपुर ने अपने ही एक धुरंधर पूर्व छात्र और उद्योगपति राहुल गौतम के साथ हाथ मिलाया है. राहुल गौतम ने संस्थान के नोएडा कैंपस में 'गौतम स्कूल ऑफ इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप' (G-SINE) की स्थापना के लिए 180 करोड़ रुपये का बड़ा सहयोग देने का वादा किया है.

 यह नया स्कूल जुलाई 2027 से अपनी पूरी रफ्तार से धड़कने लगेगा. इसमें टेक्नोलॉजी और एंटरप्रेन्योरशिप का स्पेशल फ्लैगशिप MBA प्रोग्राम चलाया जाएगा. 

असली फोकस: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), साइबर सिक्योरिटी, डिजिटल हेल्थ, बायोटेक, ड्रोन और एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग जैसे सेक्टरों के लिए देश के युवा दिमागों को तैयार करना, जो कल के ग्लोबल बिजनेस लीडर बनेंगे.

Advertisement

तीन फौलादी स्तंभों पर टिका है यह पूरा प्लान

फाउंडेशन: इसके तहत रिसर्च का ऐसा मायाजाल और ढांचा बुना जाएगा जिसमें 524 करोड़ की लागत से बनने वाली 'सेंट्रल रिसर्च फैसिलिटी' और 200 करोड़ का 'सुपर-कंप्यूटिंग हब' शामिल है. साथ ही आधुनिक हॉस्टल और फैकल्टी आवास भी बनेंगे.

टैलेंट: इसके जरिए 3,000 करोड़ रुपये जुटाए जाएंगे, जिनका एक-एक पैसा मेधावी छात्रों की स्कॉलरशिप, तगड़ी फेलोशिप, देश-विदेश के धुरंधर प्रोफेसरों की भर्ती और स्टार्टअप्स की ट्रेनिंग पर खर्च होगा.

फ्रंटियर: इस सेक्टर का हाल यह है कि 1,000 करोड़ का टारगेट रखा गया था, लेकिन पहले ही 1,556 करोड़ रुपये का फंड पक्का हो चुका है. यह पैसा AI, क्वांटम टेक्नोलॉजी, सेमीकंडक्टर और नई दवाओं की खोज जैसे भविष्य के सबसे अहम प्रोजेक्ट्स पर लगेगा.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »