दरभंगा में साइबर ठगी का हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक इंजीनियर युवक को डेटिंग पोर्टल के जरिए युवती से दोस्ती करना महंगा पड़ गया. युवती ने पहले शादी का भरोसा दिलाया और फिर इन्वेस्टमेंट बैंक में काम करने का दावा कर शेयर बाजार में निवेश के नाम पर उससे करीब डेढ़ करोड़ रुपये ठग लिए. आरोपी युवती ने युवक के साथ-साथ उसके माता-पिता और बहन की जमा पूंजी भी अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर करवा ली. करीब तीन महीने तक चले इस खेल के बाद जब युवक ने अपने पैसे वापस मांगे तो युवती ने संपर्क तोड़ लिया.
डेटिंग पोर्टल पर हुई थी मुलाकात
दरअसल, दरभंगा के रहने वाले इंजीनियर दीपक कुमार झा अपने लिए जीवनसाथी की तलाश कर रहे थे. इसी दौरान उन्होंने एक डेटिंग पोर्टल का सहारा लिया, जहां उनकी मुलाकात श्रुति नाम की एक युवती से हुई. दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे यह सिलसिला फोन कॉल तक पहुंच गया. कुछ ही दिनों में दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ने लगीं और प्यार का इजहार होने लगा. बातचीत में शादी के प्रस्ताव और भविष्य को लेकर भी बातें होने लगीं, जिससे दीपक को लगा कि उन्हें अपना हमसफर मिल गया है.
ऐसे जीता भरोसा
दीपक के मन में शादी को लेकर कई सपने थे. वह एक बड़ा मकान खरीदना चाहते थे और शादी के खर्च के लिए भी अच्छी-खासी रकम जुटाना चाहते थे. बातचीत के दौरान उन्होंने अपनी इन इच्छाओं के बारे में श्रुति को भी बताया. आरोप है कि इसके बाद युवती ने उन्हें भरोसा दिलाया कि वह एक इन्वेस्टमेंट बैंक में काम करती है और वहां पैसा लगाने से कम समय में अच्छा मुनाफा कमाया जा सकता है. शादी और बेहतर भविष्य के सपने के बीच दीपक उसकी बातों में आ गए और निवेश के नाम पर पैसे ट्रांसफर करने लगे.
तीन महीने में डेढ़ करोड़ रुपये खातों में ट्रांसफर
आरोप है कि श्रुति ने धीरे-धीरे दीपक से निवेश और शेयर बाजार में पैसा लगाने के नाम पर रकम लेना शुरू कर दिया. युवती के कथित प्रेमजाल में फंसे दीपक ने अपनी पूरी जमा पूंजी उसके बताए अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर कर दी. इतना ही नहीं, उन्होंने अपने माता-पिता और बहन की जमा रकम भी इन खातों में भेज दी. इस तरह करीब तीन महीने के भीतर ठगी की रकम बढ़कर लगभग डेढ़ करोड़ रुपये तक पहुंच गई. पुलिस को दिए गए आवेदन में दीपक ने कुल 30 अलग-अलग बैंक खातों में पैसे ट्रांसफर किए जाने की जानकारी दी है.
सिर्फ ऑडियो पर होती थी बात
इस पूरे मामले में एक हैरान करने वाली बात यह भी सामने आई है कि दीपक और कथित तौर पर श्रुति के बीच करीब तीन महीने तक बातचीत होती रही, लेकिन युवती ने कभी वीडियो कॉल नहीं की. वह केवल ऑडियो कॉल के जरिए ही दीपक से बात करती थी. इस दौरान वह लगातार बेहतर भविष्य और निवेश पर बड़े मुनाफे का भरोसा दिलाती रही. दीपक को उसकी बातों पर इतना भरोसा हो गया कि उन्होंने उसकी पहचान और निवेश से जुड़े दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की. युवती की तस्वीर देखकर दीपक उस पर भरोसा करते रहे और लगातार पैसे ट्रांसफर करते गए.
25 फीसदी अतिरिक्त रकम देने की शर्त
मामले का खुलासा तब हुआ जब दीपक को खुद पैसों की जरूरत पड़ी और उन्होंने श्रुति से अपनी जमा रकम वापस मांगी. आरोप है कि इस पर युवती ने उन्हें बताया कि सिस्टम में मेंटेनेंस का काम चल रहा है और पैसे वापस मिलने में दो से तीन दिन लगेंगे. दीपक ने इंतजार किया, लेकिन तय समय के बाद भी उनके खाते में कोई रकम नहीं आई. जब उन्होंने दोबारा पैसे वापस मांगे तो युवती ने एक नई शर्त रख दी. उसने कथित तौर पर कहा कि अपनी जमा रकम वापस लेने के लिए दीपक को पहले 25 प्रतिशत अतिरिक्त रकम देनी होगी.
सोशल मीडिया अकाउंट और तस्वीर भी फर्जी
25 फीसदी अतिरिक्त रकम मांगने पर दीपक को शक हुआ. उन्होंने जब श्रुति से संपर्क करने की कोशिश की तो उसका मोबाइल नंबर बंद मिला. धीरे-धीरे युवती से उनका पूरा संपर्क टूट गया. इसके बाद दीपक को एहसास हुआ कि शादी और निवेश के नाम पर उनके साथ बड़ी साइबर ठगी हुई है. उन्होंने तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई. इसके बाद दरभंगा साइबर थाने में लिखित आवेदन देकर मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई गई.
डीएसपी ने की डेढ़ करोड़ की ठगी की पुष्टि
दरभंगा साइबर थाना के डीएसपी बिपिन बिहारी ने मामले की पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि दीपक कुमार झा ने साइबर थाने में आवेदन दिया है. आवेदन के मुताबिक, दीपक की पहचान एक डेटिंग पोर्टल के जरिए श्रुति नाम की युवती से हुई थी. बातचीत बढ़ने के बाद युवती ने उनका विश्वास जीत लिया और खुद के एक इन्वेस्टमेंट बैंक में काम करने की बात कहकर निवेश के नाम पर करीब तीन महीने में डेढ़ करोड़ रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवा लिए.
डीएसपी बिपिन बिहारी के मुताबिक, जब दीपक ने अपनी रकम वापस करने का दबाव बनाया तो युवती ने उनसे संपर्क तोड़ लिया और अपने सभी संपर्क नंबर बंद कर लिए. पुलिस ने दीपक के आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. दीपक की ओर से उपलब्ध कराई गई युवती की तस्वीर की शुरुआती जांच में वह फर्जी पाई गई है. पुलिस सोशल मीडिया आईडी की भी जांच कर रही है और फिलहाल युवती की वास्तविक पहचान का पता लगाने की कोशिश की जा रही है.
30 बैंक खातों की जांच
डीएसपी ने बताया कि शिकायतकर्ता ने पुलिस को उन 30 अलग-अलग बैंक खातों का विवरण दिया है, जिनमें ठगी की रकम ट्रांसफर की गई थी. पुलिस अब इन सभी खातों की जानकारी जुटा रही है. जांच के दौरान यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि इन खातों का इस्तेमाल किसने किया और डेढ़ करोड़ रुपये की रकम कहां-कहां ट्रांसफर की गई. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. युवती की असली पहचान, कथित निवेश नेटवर्क और इस ठगी में शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा.
प्रह्लाद कुमार