50 लाख का नोटिस आया, युवक टावर पर चढ़ गया... 5 घंटे तक नीचे खड़ी रही मां, उतरते ही पुलिस ने पकड़ लिया

बिहार के छपरा में एक युवक सुबह करीब 7 बजे बिजली विभाग के परिसर में टावर पर चढ़ गया. नीचे उसकी मां और परिवार वाले रो-रोकर उतरने की गुहार लगाते रहे. पुलिस, फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस मौके पर पहुंची, लेकिन युवक नीचे आने को तैयार नहीं था. करीब 5 घंटे बाद दोपहर 12 बजे युवक नीचे उतरा. ये कहानी साइबर फ्रॉड मामले से जुड़ी है.

Advertisement
पांच घंटे बाद नीचे उतरा युवक. (Photo: Screengrab) पांच घंटे बाद नीचे उतरा युवक. (Photo: Screengrab)

आलोक कुमार जायसवाल

  • छपरा,
  • 02 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 7:50 AM IST

बिहार के छपरा में 1 सितंबर की सुबह करीब 7 बज रहे थे. लोग अपने-अपने काम पर निकलने की तैयारी में थे. तभी तेलपा इलाके में एक खबर तेजी से फैलने लगी- बिजली विभाग के परिसर में बने टावर पर एक युवक चढ़ गया है. लोग मौके पर पहुंचे तो ऊपर एक युवक खड़ा दिखाई दिया. नीचे भीड़ जमा थी. किसी को समझ नहीं आ रहा था कि आखिर मामला क्या है.

Advertisement

फिर पुलिस पहुंची. फायर ब्रिगेड की टीम आई. एंबुलेंस भी बुला ली गई. लेकिन ऊपर चढ़ा युवक नीचे आने को तैयार नहीं था. उसकी मां भी मौके पर पहुंच गई थीं. उम्रदराज मां नीचे खड़ी होकर बेटे से उतर आने की गुहार लगा रही थीं. परिवार के दूसरे लोग भी उसे समझा रहे थे, लेकिन युवक अपनी बात पर अड़ा था. वो कह रहा था कि उसके साथ गलत हुआ है. उसके बैंक खाते से करीब 50 लाख रुपये का लेनदेन हुआ है. और अब उसी मामले में उसे साइबर थाने से नोटिस मिला है.

यहां देखें Video

युवक का नाम संजीत कुमार उर्फ भोला है. वह छपरा के बिचला तेलपा का रहने वाला है और साइबर कैफे चलाता है. अब जरा पीछे चलते हैं. संजीत का कहना है कि करीब डेढ़ साल पहले उसके एक दोस्त ने गेम खेलने के नाम पर उसका बैंक खाता खुलवाया था. बाद में इसी खाते से लाखों रुपये का लेनदेन हुआ. संजीत का आरोप है कि उसके साथियों ने उसके साथ धोखा किया और उसके बैंक खाते का इस्तेमाल किया.

Advertisement

यह भी पढ़ें: प्रेमिका से 'हां' कहलवाने की जिद में मोबाइल टावर पर चढ़ गया युवक, महाराष्ट्र के सांगली में 'शोले' जैसा ड्रामा

फिर एक दिन साइबर थाने से उसे नोटिस मिला. नोटिस में उसके खाते से हुए करीब 50 लाख रुपये के लेनदेन को लेकर जवाब मांगा गया था. संजीत के मुताबिक, वह इस मामले में मदद मांगने साइबर थाने भी गया, लेकिन उसका दावा है कि उसे वहां से वैसी मदद नहीं मिली, जिसकी उसे उम्मीद थी.

उसकी परेशानी बढ़ती गई. 1 सितंबर की सुबह उसने ऐसा कदम उठा लिया, जिसने पूरे इलाके को जमा कर दिया. वो बिजली विभाग के परिसर में लगे टावर पर चढ़ गया. ऊपर से वह अपने खिलाफ आए नोटिस को रद्द करने की मांग कर रहा था. पुलिस ने उसे समझाने की कोशिश की. परिवार वालों ने समझाया, लेकिन बात नहीं बनी.

इसके बाद एक दूसरा युवक भी टावर पर चढ़ा. संजीत को किसी तरह नीचे लाना था. लेकिन संजीत तब भी नहीं माना. फिर एक रास्ता निकाला गया. टावर पर चढ़े युवक ने अपने मोबाइल फोन से नगर थानाध्यक्ष संजीव कुमार की संजीत से बात कराई. थानाध्यक्ष ने उसे लगातार समझाया. बातचीत चलती रही. नीचे मां और परिवार वाले खड़े रहे. पुलिस, फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस भी मौके पर मौजूद रहे.

Advertisement

देखते-देखते करीब पांच घंटे बीत गए. सुबह के 7 बजे टावर पर चढ़ा संजीत आखिरकार दोपहर करीब 12 बजे नीचे उतर आया. जैसे ही उसके पैर जमीन पर पड़े, वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली. टावर से नीचे उतरने के बाद पुलिस संजीत को नगर थाने ले गई. वहां उससे पूछताछ की गई.

यह भी पढ़ें: पटना: शादी की मांग पर मोबाइल टावर पर चढ़ी नाबालिग, नौबतपुर में घंटों चला ड्रामा

संजीत ने अपनी तरफ से फिर वही बात दोहराई. कहा कि उसके खिलाफ साजिश हुई है. उसका बैंक खाता खुलवाकर उसमें करीब 50 लाख रुपये का लेनदेन किया गया और अब उसे इस मामले में नोटिस दिया गया है. लेकिन पुलिस की कहानी कुछ अलग है.

इस मामले को लेकर सारण के SDPO सह ASP सदर रामपुकार सिंह के मुताबिक, साइबर थाने में फ्रॉड का एक मामला दर्ज हुआ था. इसी मामले में संजीत को नोटिस दिया गया था. पुलिस का कहना है कि नोटिस मिलने के बाद संजीत टावर पर चढ़ गया और खुद की जान देने की धमकी देने लगा. पुलिस के मुताबिक, वह बार-बार केस से अपना नाम हटाने की मांग कर रहा था और नीचे नहीं उतरने पर कूदने की धमकी दे रहा था.

Advertisement

पुलिस ने उसे सकुशल नीचे तो उतार लिया, लेकिन अब उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की बात कही गई है. एक तरफ संजीत का आरोप है कि उसके बैंक खाते का गलत इस्तेमाल हुआ और वह खुद इस फ्रॉड का शिकार है. दूसरी तरफ पुलिस का कहना है कि उसके खिलाफ साइबर फ्रॉड के मामले में नोटिस जारी हुआ था और टावर पर चढ़कर उसने पुलिस पर दबाव बनाने की कोशिश की. फिलहाल दोनों पक्षों की अपनी-अपनी कहानी है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »