अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एशिया की लंबी और अहम यात्रा की शुरुआत करते हुए 5 नवंबर को जापान पहुंचे. ट्रंप ने उत्तर कोरिया को अप्रत्यक्ष तौर पर आगाह किया है कि किसी भी तानाशाह को अमेरिका को कम नहीं आंकना चाहिए. हालांकि उन्होंने उत्तर कोरियाई लोगों के प्रति नरमी दिखाई और उन्हें महान बताया.
योकोता एयरबेस पर ट्रंप का संबोधन
टोक्यो के पश्चिम में योकोता एयरबेस पर अमेरिकी सर्विस सदस्यों को संबोधित करते हुए ट्रंप ने कहा, ‘किसी को भी, किसी भी तानाशाह, सरकार और राष्ट्र को अमेरिका के संकल्प को कम नहीं आंकना चाहिए.’ ट्रंप ने उन्हें दी गई सैन्य जैकेट पहन रखी थी. उन्होंने कहा, ‘पूर्व में उन्होंने हमें कम आंका. यह उनके लिए अच्छा नहीं रहा. हम अपने लोगों, आजादी और हमारे महान अमेरिकी ध्वज की रक्षा में कभी नहीं हारेंगे, कभी नहीं लड़खड़ाएंगे और कभी हिम्मत नहीं हारेंगे.’ ट्रंप की यह यात्रा ऐसे समय में हो रही जब उत्तर संकट चरम पर है.
Just gave a speech to the great men and women at Yokota Air Base in Tokyo, Japan. Leaving to see Prime Minister Abe.
— Donald J. Trump (@realDonaldTrump)
पहला चरण जापान और दक्षिण कोरिया
की एशिया यात्रा का पहला चरण जापान और दक्षिण कोरिया है. इन दोनों देशों को उत्तर कोरिया के साथ संघर्ष होने का सबसे ज्यादा खतरा है. ट्रंप अपनी पत्नी मेलानिया के साथ जापान पहुंचे.
पुतिन से कर सकते हैं मुलाकात
विमान में संवाददाताओं से बातचीत में उन्होंने बताया कि वह यात्रा के दौरान रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात कर सकते हैं. ट्रंप ने कहा, ‘मुझे लगता है कि ऐसी संभावना है कि हम पुतिन के साथ मुलाकात करेंगे. हम उत्तर कोरिया पर पुतिन की मदद चाहते हैं और हम कई नेताओं से मुलाकात करेंगे.’ उन्होंने कहा कि उत्तर कोरिया हमारे देश और दुनिया के लिए बड़ी समस्या है और हम इसे हल करना चाहते हैं. इसके साथ ही उन्होंने उत्तर कोरियाई लोगों की तारीफ करते हुए कहा, ‘मुझे लगता है कि वे महान लोग हैं. वे मेहनती, नरम और जितना दुनिया जानती या समझती है उससे ज्यादा सहृदय हैं. वे महान लोग हैं.’
शिंजो आबे के साथ गोल्फ खेलेंगे ट्रंप
ट्रंप जापान के प्रधानमंत्री अपने ‘दोस्त’ शिंजो आबे के साथ गोल्फ खेलने जाएंगे. अमेरिकी राष्ट्रपति के पहुंचने पर आबे ने कहा, ‘मैं राष्ट्रपति ट्रंप के साथ भरोसे और दोस्ती के संबंधों पर आधारित जापान-अमेरिका गठबंधन को और मजबूत करना चाहता हूं.’ दक्षिण कोरिया के बाद ट्रंप चीन जाएंगे, जहां वे राष्ट्रपति शी चिनफिंग से मुलाकात करेंगे.
अमेरिकी राष्ट्रपति की सबसे लंबी एशिया यात्रा
यह पिछले कई वर्षों में किसी अमेरिकी राष्ट्रपति की सबसे लंबी है. 12 दिवसीय इस यात्रा के दौरान ट्रंप पांच देशों का दौरा करेंगे. टोक्यो, सियोल, बीजिंग और अन्य जगहों पर यात्रा के दौरान ट्रंप आधिकारिक नेताओं के साथ लगातार बैठकें भी करेंगे.