पश्चिम बंगाल में बीजेपी की सरकार बनने के बाद से अवैध निर्माण पर लगातार एक्शन जारी है. इसी बीच कोलकाता म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन (KMC) ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. संदीप घोष के आवास के अवैध निर्माण वाले हिस्से को ध्वस्त करने का निर्देश दिया गया है. इसके लिए उन्हें 45 दिनों का वक्त दिया गया है. अगर इस निर्धारित समयावधि के अंदर यदि अवैध ढांचे को उन्होंने खुद नहीं हटाया गया तो नगर निगम प्रशासन कानून के मुताबिक कड़ी दंडात्मक कार्रवाई करेगा.
कोलकाता नगर निगम (KMC) के बिल्डिंग डिपार्टमेंट के वार्ड संख्या 033, बोरो III के कार्यकारी अभियंता (सिविल) ने स्पेशल ऑफिसर (बिल्डिंग) द्वारा 20 मई 2026 को पारित आदेश के अनुपालन में आरजी कर के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. संदीप घोष और डॉ. संगीता घोष को 12 जून 2026 को एक आधिकारिक नोटिस जारी करके कोलकाता के 83, बदन रॉय लेन स्थित उनके निजी आवास की छत पर बने अवैध परगोला (pergola) को अगले 45 दिनों के भीतर पूरी तरह ध्वस्त करने का कड़ा आदेश दिया है.
आधिकारिक आदेश पत्र में डिमोलिशन केस संख्या 43-D/III/24-25 का स्पष्ट उल्लेख किया गया है. विभाग ने दोनों मालिकों को इस अवैध निर्माण को हटाने के लिए सूचित कर दिया है.
जारी आदेश के अनुसार, पूर्व प्रिंसिपल डॉ. संदीप घोष के घर की छत पर बने परगोला को गिराने के लिए 45 दिनों की समय सीमा तय की गई है. केएमसी ने चेतावनी दी है कि इस आदेश का पालन न करने पर कानून के तहत बेहद सख्त कदम उठाए जाएंगे.