उत्तर प्रदेश के सरकारी स्कूल से आई उस खबर का वीडियो जिसे देखने के बाद आपको लगेगा कि इससे बेहतर खाना तो जेल में कैदियों को भी खिलाया जाता है. लेकिन मिड डे मील के तहत सीतापुर के सरकारी प्राइमरी स्कूल में ऐसा खाना परोसा गया, जो किसी हालत में बच्चों को खिलाने लायक नहीं था. अब कार्रवाई की बात कलेक्टर ने कही. सवाल है कि जिस योजना की निगरानी के लिए हर जिले में बीस अधिकारी होते हैं. वहां बच्चों को मिड डे मील का खाना देने के नाम पर शर्मनाक मजाक क्यों हुआ?