scorecardresearch
 

लैंबॉर्गिनी केस का आरोपी शिवम मिश्रा गिरफ्तार, कानपुर पुलिस का बड़ा एक्शन

कानपुर के ग्वालटोली वीआईपी रोड पर हुए लैंबॉर्गिनी हादसे में पुलिस ने बड़ा एक्शन लिया है. इस केस में आरोपी शिवम मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया गया है. बता दें कि तेज रफ्तार सुपरकार की टक्कर से कई लोग घायल हुए थे. हादसे के समय शिवम मिश्रा की 12 करोड़ की कार के पीछे एक दूसरी कार में उसके बाउंसर भी साथ चल रहे थे.

Advertisement
X
पुलिस ने आरोपी शिवम मिश्रा को किया गिरफ्तार. (Photo: ITG)
पुलिस ने आरोपी शिवम मिश्रा को किया गिरफ्तार. (Photo: ITG)

कानपुर के चर्चित लैंबॉर्गिनी हादसे को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है. इस हाई-प्रोफाइल मामले में आरोपी शिवम मिश्रा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. शिवम मिश्रा की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की पांच टीमें लगी हुई थीं. अब पुलिस ने गिरफ्तार कर उसे कोर्ट में पेश किया है. बता दें कि ग्वालटोली क्षेत्र की वीआईपी रोड पर हुई दुर्घटना के बाद से मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ था. करीब 12 करोड़ की कार से टक्कर लगने से कई लोग घायल हुए थे.

रविवार को कानपुर के पॉश ग्वालटोली इलाके की वीआईपी रोड पर ये हादसा हुआ था. करीब 12 करोड़ रुपये कीमत वाली लैंबॉर्गिनी सुपरकार अचानक बेकाबू हो गई. तेज रफ्तार कार ने पहले एक ई-रिक्शा को टक्कर मारी, फिर एक बाइक सवार और एक राहगीर को चपेट में ले लिया. इसके बाद कार सड़क किनारे लगे खंभे से जा टकराई. हादसे में कई लोग घायल हुए थे, जिन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया था.

यहां देखें Video...

यह भी पढ़ें: 90 साल की विरासत, अरबों का साम्राज्य और लैंबॉर्गिनी हादसा... कानपुर के शिवम मिश्रा की पूरी कहानी

यह मामला इसलिए भी चर्चा में आया, क्योंकि दुर्घटना में शामिल लग्जरी कार शहर के बड़े कारोबारी घराने बंशीधर टोबैको ग्रुप से जुड़ी है. इसमें बिजनेस टायकून केके मिश्रा का बेटा शिवम मिश्रा सवार था. पुलिस का दावा रहा कि कार केके मिश्रा का बेटा और ग्रुप से संबद्ध कंपनी का डायरेक्टर शिवम मिश्रा चला रहा था. हालांकि घटना के बाद बचाव पक्ष की ओर से अलग दावा किया गया कि कार ड्राइवर मोहन लाल चला रहा था.

Advertisement

kanpur lamborghini accident case shivam mishra arrested police action

इस मामले में हादसे के बाद के कई वीडियो सामने आए, जिसमें कुछ बाउंसर नजर आ रहे थे. एक वीडियो में बाउंसर कार के आसपास नंबर प्लेट हटाने या नोचने जैसी कोशिश करता दिख रहा है. वहीं वीडियो में बाउंसरों के हाथ में वॉकी-टॉकी भी दिख रहा है और वे लोगों को दूर हटने के लिए कहते सुने जा रहे हैं. इस वीडियो के सामने आने के बाद पहचान छिपाने की कोशिश जैसे आरोप भी उठे.

यह भी पढ़ें: कानपुर लैंबॉर्गिनी केस: क्या शिवम मिश्रा को बचाने के लिए खड़ा किया गया 'फर्जी' ड्राइवर? मोहन का चौंकाने वाला बयान

इस पूरे केस में ड्राइविंग सीट पर कौन था, इसे लेकर विरोधाभासी दावे सामने आए. पुलिस का कहना था कि शिवम मिश्रा ही कार चला रहा था. वहीं बचाव पक्ष और परिवार ने कहा कि मोहन लाल नाम का ड्राइवर वाहन चला रहा था. मोहन लाल ने भी मीडिया से बातचीत में खुद को चालक बताया और दावा किया कि हादसे के समय शिवम मिश्रा की तबीयत बिगड़ गई थी और वह उस पर गिर पड़े थे, जिससे बैलेंस बिगड़ा. लेकिन वायरल वीडियो में ड्राइविंग सीट पर शिवम मिश्रा को देखा गया था.

kanpur lamborghini accident case shivam mishra arrested police action

घटना के बाद शुरुआती स्तर पर लापरवाही के आरोप में ग्वालटोली थाने के प्रभारी निरीक्षक को पुलिस आयुक्त ने लाइन हाजिर कर दिया था. इसके बाद जांच की मॉनिटरिंग वरिष्ठ अधिकारियों के स्तर से शुरू की गई. एफआईआर में नाम जुड़ने के बाद पुलिस टीम शिवम मिश्रा के घर भी पहुंची थी, लेकिन उस समय घर का दरवाजा नहीं खुला और टीम को लौटना पड़ा था.

Advertisement

अब पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी शिवम मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया है. गिरफ्तारी के बाद हादसे, कार की स्पीड, घटनास्थल की परिस्थितियों और हादसे के बाद की गतिविधियों को लेकर पूछताछ होगी.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement