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शाम को IPS, सुबह जेल! लखनऊ से गिरफ्तार फ्रॉड मिथिलेश शुक्ला की कहानी; बिना पैसे दिए चाय-बन खाकर दिखा रहा था हेकड़ी

लखनऊ में चाय के पैसे के विवाद पर असली पुलिसकर्मियों से सैल्यूट मांगकर रौब झाड़ने वाले फर्जी आईपीएस मिथिलेश शुक्ला को जेल भेज दिया गया है. आरोपी मूल रूप से नोएडा की सैमसंग कंपनी का कर्मचारी है. पुलिस ने सरकारी कार्य में बाधा डालने और धमकाने के आरोप में यह कार्रवाई की है.

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सलाखों के पीछे पहुंचा फर्जी आईपीएस (Photo- Screengrab)
सलाखों के पीछे पहुंचा फर्जी आईपीएस (Photo- Screengrab)

यूपी की राजधानी लखनऊ से गिरफ्तार किए गए फर्जी आईपीएस मिथलेश शुक्ला को जेल भेज दिया गया है. मिथिलेश ने अधिकारी बनकर पुलिसवालों के साथ फर्जीवाड़ा करने की कोशिश की थी. उसने दारोगा-सिपाही के सामने पहले तो हेकड़ी दिखाई कि वो नोएडा में पोस्टेड है, लेकिन बाद में पुलिस की सख्ती के आगे उसकी एक न चली. जिसके बाद पुलिसकर्मी उसे अपने साथ लेकर महानगर थाना गए. फिर वहां से कोर्ट में पेश करने के बाद उसे सलाखों के पीछे भेज दिया. 

आपको बता दें कि लखनऊ के महानगर थाना क्षेत्र से जालसाजी और धौंस जमाने का एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां पुलिस ने एक ऐसे शातिर शख्स को दबोचा है, जो खुद को फर्जी आईपीएस (IPS) अधिकारी बताकर असली पुलिसकर्मियों पर ही रौब झाड़ रहा था.

चाय और बन के पैसे पर शुरू हुआ विवाद

पुलिस के मुताबिक, घटना 13 जून 2026 की रात की है. महानगर के गोल मार्केट चौराहे पर एक चाय की दुकान पर आरोपी का दुकानदार वीरू गुप्ता से पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद हो गया था. सूचना मिलते ही जब हल्का प्रभारी उपनिरीक्षक आर्यन शर्मा अपनी टीम और सरकारी बुलेरो जीप के साथ मौके पर पहुंचे, तो आरोपी पुलिस टीम पर ही भड़क गया. 

असली पुलिसवालों से मांगा सैल्यूट

जब पुलिस ने उससे नाम-पता पूछा, तो उसने धमकाते हुए कहा, "मैं आईपीएस नोएडा हूं, तुम लोगों की कैप कहां है? तुम लोगों ने मुझे सैल्यूट क्यों नहीं किया?" पुलिसकर्मियों को जब उसके हाव-भाव पर शक हुआ और उन्होंने आई-कार्ड मांगा, तो उसने बहाना बनाया कि कार्ड अभी पास नहीं है, कल सुबह दिखाएगा. 

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सख्ती बरतने पर खुली पोल

कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी की सारी हेकड़ी धरी की धरी रह गई. उसकी पहचान मिथिलेश शुक्ला (पुत्र स्व. राम बरन शुक्ला, निवासी मड़ियांव, लखनऊ) के रूप में हुई.  उसने कबूल किया कि वह नोएडा के सेक्टर-18 में सैमसंग कंपनी में जॉब करता है. खुद को फर्जी आईपीएस बताकर सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस को धमकाने के आरोप में पुलिस ने उसके खिलाफ मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया है.

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