
यूपी सरकार के बजट पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने इस बजट को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि इसमें हर वर्ग के लोगों का ध्यान रखा गया है. बिना नए टैक्स लगाए जनता को अधिक से अधिक लाभ पहुंचाया गया. सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में पहली बार किसी सीएम को 10वीं बार बजट पेश करने का मौका मिला है. बजट में कुशल वित्तीय प्रबंधन किया गया है. बेरोजगारी दर कम करने का काम किया गया है. देश की टॉप- 3 अर्थव्यवस्था में उत्तर प्रदेश शामिल है.
सीएम योगी आदित्यनाथ ने बजट के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसे 'सुरक्षित नारी, सक्षम युवा, हर हाथ को काम' की थीम पर आधारित बताया. उन्होंने कहा कि पिछले 9 वर्षों में यूपी को पॉलिसी पैरालिसिस से बाहर निकालकर बजट का आकार 3 गुना बढ़ाया गया है. बिना कोई नया टैक्स लगाए यूपी को 'सरप्लस स्टेट' बनाया गया है.

यूपी सीएम ने रिकॉर्ड 10वीं बार बजट पेश करने पर गर्व जताते हुए इसे रोजगार सृजन (Employment Generator) वाला बजट बताया. उन्होंने जोर दिया कि प्रदेश में 'रूल ऑफ लॉ' और स्मार्ट पुलिसिंग के कारण ही आज निवेश और विकास की गारंटी सुनिश्चित हुई है.
सीएम योगी की प्रेस कॉन्फ्रेंस के मेन पॉइंट्स-
1- अलग-अलग विभाग अलग-अलग समय पर डेटा प्रस्तुत करते थे, हमारी सरकार ने तय किया है कि यूपी में एक स्टेट अथॉरिटी का गठन किया जाएगा.
2- बजट में 43 हजार 565 करोड़ से अधिक की धनराशि केवल नई योजनाओं के लिए प्रस्तावित की गई है. 2 लाख करोड़ से अधिक की राशि पूंजीगत व्यय के लिए है.
3- ये बीजेपी सरकार का 10वां बजट है और पहली बार हुआ है जब किसी मुख्यमंत्री को उत्तर प्रदेश जैसे राज्य में 10वां बजट पेश करने का अवसर प्राप्त हुआ है.
4- पिछले 9 साल में उत्तर प्रदेश ने अपनी धारणा बदलने के प्रयास किए हैं. ये बजट उन्हीं भावों का प्रतिनिधित्व करता है. 9 साल में 3 गुना से अधिक उत्तर प्रदेश का बजट बढ़ा है.
5- यह बजट थीम सुरक्षित नारी, सक्षम युवा, खुशहाल किसान और हर हाथ को काम के लिए समर्पित है. बजट 9 वर्ष के नव निर्माण के एक नई गाथा को देशवासियों के सामने प्रस्तुत करता है.
6- युवाओं के इम्पलॉयमेंट पर फोकस है. न्यू इकॉनोमिक जोन कलस्टर बनाने का प्रावधान है. ये इम्पलॉयमेंट जेनरेटर बजट है.
7- यूपी में निवेश के लिए सिंगल विंडो सिस्टम दिखाई देगा. रूल ऑफ लॉ ही रियल ग्रोथ की गारंटी है.
8- यूपी में नए डेटा सेंटर बनाए जाएंगे. यूपी में एआई मिशन और स्किल का काम आगे बढ़ेगा. कई सिटी इकॉनोमिक जोन बनाए जाएंगे.