मथुरा के थाना जैत क्षेत्र अंतर्गत आझई खुर्द गांव में पुलिस और सेना के जवान के बीच हुई भिड़ंत का मामला गरमा गया है. वर्तमान में बीकानेर में तैनात बीएसएफ सिपाही राधाचरण छुट्टी पर आए हुए थे और अपने दोस्त महेश से मिलने उसके घर गए थे. इसी दौरान जैत थाना प्रभारी मनोज कुमार भाटी पुलिस बल के साथ वहां पहुंचे और कथित तौर पर घर में घुसकर मारपीट शुरू कर दी.
पुलिस के मुताबिक, वे फौजी के भाई लक्ष्मी नारायण को पकड़ने गए थे, जिस पर धारा 376 का मामला दर्ज है. पुलिस का दावा है कि फौजी द्वारा अभद्रता करने पर विवाद हुआ, जबकि सीसीटीवी फुटेज में दारोगा फौजी को मुक्के मारते हुए नजर आ रहे हैं.
सीसीटीवी में कैद हुई मारपीट
घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं. पीड़ित महेश कुमार और फौजी राधाचरण का आरोप है कि दारोगा मनोज भाटी ने बिना वजह घर में घुसकर मारपीट की. जब फौजी ने विरोध किया, तो उन्हें निशाना बनाया गया. सीसीटीवी में कैद यह फुटेज अब पूरे मामले का सबसे बड़ा सबूत बन गया है, जिसमें वर्दीधारी पुलिसकर्मी और छुट्टी पर आए जवान के बीच धक्का-मुक्की और मारपीट साफ दिख रही है.
एसएसपी ने दिए जांच के आदेश
मामला सुर्खियों में आने के बाद एसएसपी श्लोक कुमार ने तत्काल संज्ञान लिया है. उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष छानबीन के निर्देश दिए हैं. इस प्रकरण की जांच सीओ सदर प्रीतम पाल सिंह को सौंपी गई है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद जो भी पक्ष दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त विधिक कार्यवाही की जाएगी.