मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध के बीच इजराइल से एक अजीब लेकिन दिलचस्प खबर सामने आई है. लगातार हो रहे मिसाइल हमलों और हवाई हमले के सायरन के बीच वहां के लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी काफी प्रभावित हो रही है. ऐसे हालात में इजरायल के विदेश मंत्रालय ने कुछ ऐसे डिजिटल टूल और ऐप्स को बढ़ावा दिया है, जो लोगों को मुश्किल समय में एक-दूसरे से जुड़ने में मदद कर सकें. इनमें सबसे ज्यादा चर्चा एक 'बम शेल्टर डेटिंग ऐप' को लेकर हो रही है.
युद्ध के बीच नई तरह के ऐप्स का इस्तेमाल किया गया
दरअसल, मिसाइल हमले की चेतावनी मिलने पर लोगों को तुरंत नजदीकी बंकर या बम शेल्टर में जाना पड़ता है. कई बार वहां अनजान लोग भी एक साथ छिपे होते हैं. इसी स्थिति को ध्यान में रखते हुए एक ऐसा सिस्टम बनाया गया है, जिससे शेल्टर में मौजूद अविवाहित लोग आपस में जुड़ सकें. इसके लिए कुछ बंकरों के बाहर QR कोड लगाए जाते हैं. जब कोई व्यक्ति शेल्टर में जाता है तो वह उस QR कोड को स्कैन कर सकता है और देख सकता है कि उसी जगह पर और कौन-कौन अविवाहित है. इस तरह लोग बातचीत शुरू कर सकते हैं और मुश्किल समय में भी एक-दूसरे से जुड़ सकते हैं.
'बम शेल्टर डेटिंग ऐप' का कॉन्सेप्ट क्या है?
यह सिस्टम 'हुक्ड' (Hooked) नाम के एक स्पीड-डेटिंग ऐप से जुड़ा हुआ बताया जा रहा है. आम तौर पर यह ऐप सामाजिक कार्यक्रमों में लोगों को जल्दी मिलने और बातचीत करने के लिए बनाया गया था, लेकिन अब इसे हवाई हमले के दौरान बंकर में मौजूद लोगों को जोड़ने के लिए भी इस्तेमाल किया जा रहा है. मंत्रालय का कहना है कि इस पहल का मकसद यह दिखाना है कि कठिन परिस्थितियों में भी लोग एक-दूसरे से जुड़ सकते हैं और उम्मीद बनाए रख सकते हैं. इसके अलावा, युद्ध के बीच लोगों की मदद के लिए कुछ और ऐप भी चर्चा में हैं. इनमें से एक 'बम शेल्टर ट्रैकर' है, जो यह रिकॉर्ड करता है कि सायरन बजने पर लोगों को कितनी बार बंकर की ओर भागना पड़ा. यह ऐप यह भी बताने की कोशिश करता है कि बार-बार चेतावनी मिलने की वजह से लोगों की नींद पर कितना असर पड़ रहा है.
'Hooked' ऐप से पूरा सिस्टम खुल गया है
एक और टूल 'शावर रिस्क प्रेडिक्टर' नाम से सामने आया है. यह ऐप पिछले सायरन के पैटर्न का विश्लेषण करके अंदाजा लगाने की कोशिश करता है कि अगला सायरन कब बज सकता है. इससे लोग यह तय कर सकते हैं कि नहाने या दूसरे काम करने का सुरक्षित समय कौन सा हो सकता है, ताकि अचानक सायरन बजने पर उन्हें परेशानी न हो. इस अनोखे आइडिया ने इजराइल में अमेरिका के राजदूत माइक हकाबी का भी ध्यान खींचा. उन्होंने सोशल मीडिया पर मजाकिया अंदाज में लिखा कि हो सकता है भविष्य में लोग अपने बच्चों को बताएं कि उनकी मुलाकात 'बैलिस्टिक मिसाइलों से बचते हुए एक बंकर में डेटिंग ऐप के जरिए हुई थी.'
सोशल मीडिया पर मिला-जुला रिएक्शन
हालांकि इंटरनेट पर इस आइडिया को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली. कई लोगों ने इसे दिलचस्प बताया, लेकिन काफी यूजर्स ने इस पर मजाक भी उड़ाया और इसे ट्रोल करना शुरू कर दिया. कुछ लोगों का कहना है कि युद्ध जैसी गंभीर स्थिति में ऐसे ऐप को बढ़ावा देना ठीक नहीं है. इसी बीच इजराइल की सेना ने दावा किया है कि ईरान के खिलाफ उसका सैन्य अभियान जारी है और पिछले दिनों ईरान के कई ठिकानों पर हजारों हमले किए गए हैं. युद्ध के तनावपूर्ण माहौल के बीच यह अनोखा डेटिंग ऐप सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है.