मोबाइल फोन चार्जर
अधिकांश मोबाइल फोन चार्जर (Mobile Phone Charger) वास्तव में चार्जर नहीं होते हैं, केवल पावर एडेप्टर होते हैं जो चार्जिंग सर्किटरी के लिए एक शक्ति स्रोत प्रदान करते हैं जो लगभग हमेशा मोबाइल फोन के भीतर होता है. शुरुआती दौर में एक ही ब्रांड के अलग अगल मॉडल के मोबाइल चार्जर अलग होते थे. कुछ High End Model में कई पोर्ट होते हैं जो एक डिस्प्ले से जुड़े होते हैं जो आउटपुट करंट को दिखाता है. कुछ चार्जिंग पैरामीटर जैसे क्वालकॉम क्विक चार्ज या मीडियाटेक पंप एक्सप्रेस के लिए संचार प्रोटोकॉल को सपोर्ट करते हैं.
"12V" ऑटोमोबाइल सहायक पावर आउटलेट (automobile auxiliary power outlet) के लिए चार्जर अनुकूलता सुनिश्चित करने के लिए 24 या 32 वोल्ट (डायरेक्ट करंट) तक के इनपुट वोल्टेज को सपोर्ट करते हैं.
चीन (China), यूरोपीय आयोग (European Commission) और अन्य देश USB मानक का उपयोग करके मोबाइल फोन चार्जर पर एक राष्ट्रीय मानक बना रहे हैं. जून 2009 में, दुनिया के 10 सबसे बड़े मोबाइल फोन निर्माताओं ने यूरोपीय संघ में बेचे जाने वाले सभी डेटा-सक्षम मोबाइल फोन के लिए एक ही तरह के माइक्रोयूएसबी विकसित करने और सपोर्ट करने के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया गया. 22 अक्टूबर 2009 को अंतर्राष्ट्रीय दूरसंचार संघ ने मोबाइल हैंडसेट के लिए एक यूनिवर्सल चार्जर (Universal Charger) के लिए एक मानक की घोषणा की ताकी अलग अलग मॉडल के मोबाइल फोन भी किसी एक प्रकार के चार्जर से जुड़ सके.
स्मार्टफोन में गलत चार्जर यूज करने की वजह से उसमें आग तक लग सकती है. दरअसल, X प्लेटफॉर्म पर कंज्यूमर अफेयर्स नाम के अकाउंट ने पोस्ट किया है और बताया है कि कौन सा चार्जर खरीदना चाहिए. सब स्टैंडर्ड चार्जर की वजह से यूजर्स को भारी नुकसान हो सकता है. आइये इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.