जम्मू-कश्मीर (Jammu-Kashmir) का बांदीपोरा (Bandipora) जिला है. यह कई महत्वपूर्ण घटनाओं के कारण चर्चा में रहा है, जिनमें सुरक्षा बलों की आतंकवाद विरोधी कार्रवाइयां और एक दुखद सड़क दुर्घटना शामिल हैं.
बांदीपोरा में सुरक्षा बलों ने आतंकवाद के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं. हाल ही में, सुरक्षाबलों ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े चार संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया है. इनमें से एक की पहचान लश्कर के सक्रिय सदस्य के रूप में हुई है, जो क्षेत्र में आतंकी गतिविधियों में संलिप्त था.
इसके अलावा, पहलगाम हमले के बाद, सुरक्षाबलों ने आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी. इसमें आतंकियों के ठिकानों पर छापेमारी और उनके घरों को ध्वस्त करना शामिल है.
जनवरी 2025 में, बांदीपोरा के सदर कूट पायीन इलाके में सेना का एक ट्रक पहाड़ी से नीचे लुढ़क गया, जिससे चार जवानों की मौत हो गई और तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए.
बांदीपोरा में हाल की घटनाएं क्षेत्र में सुरक्षा चुनौतियों और सेना की सतर्कता को दर्शाती हैं. सुरक्षाबलों की सक्रियता और आतंकवाद के खिलाफ कड़े कदम इस क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण हैं.
उत्तर और मध्य भारत में पश्चिमी विक्षोभ का कहर जारी है. हिमालयी इलाकों में भारी बर्फबारी और बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त है. वहीं, राजस्थान के कोटा में करंट से एक युवक की मौत हो गई और मध्य प्रदेश के खरगोन में ओलावृष्टि ने किसानों की साल भर की मेहनत पर पानी फेर दिया है.
जम्मू-कश्मीर के बांदीपोरा जिले के सुम्बल इलाके में CRPF 45 बटालियन के बताख शेड में सोमवार सुबह आग लग गई. दमकल टीमों की त्वरित कार्रवाई से आग पर काबू पा लिया गया. कोई जानमाल का नुकसान नहीं हुआ, लेकिन घटना ने कैंपों की अग्नि सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
अधिकारियों के मुताबिक लश्कर के 2 आतंकी साथियों के पास से 2 चीनी ग्रेनेड, 2 यूबीजीएल ग्रेनेड और 10 एके राइफलें बरामद की गईं. आतंकियों की पहचान एसके बाला निवासी अब्बू मजीद गोजरी और विजपारा निवासी अब्बू हामिद डार के रूप में हुई है.
पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ जिन हथियारों का इस्तेमाल किया है, उनमें DJI मिलिट्री वर्जन ड्रोन, PL-15 AAM मिसाइलें शामिल हैं. इसके अलावा सतह से हवा में मारने वाले HQ-9 एयर डिफेंस का इस्तेमाल किया गया है. पाकिस्तान ने JF-17, F-16 और J-10C फाइटर जेट्स से भी भारत पर हमले की कोशिश की है.