अब्दुलरहमान मोहम्मद अल-सैयद (Abdul El Sayed) मिस्र-अमेरिकी मूल के डॉक्टर और नेता हैं. वह मिशिगन से अमेरिकी सीनेट के लिए निर्वाचित हुए हैं. वह डेमोक्रेटिक पार्टी से जुड़े हैं.
अब्दुल अल-सैयद का जन्म 31 अक्टूबर 1984 को अमेरिका के मिशिगन राज्य के रोचेस्टर हिल्स में हुआ था. उनके माता-पिता मिस्र से अमेरिका आकर बसे थे. उनका बचपन मिशिगन के दक्षिण-पूर्वी इलाके में बीता. उनके पिता मोहम्मद अल-सैयद मिस्र के अलेक्जेंड्रिया शहर में पले-बढ़े थे. वह उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका आए थे और वेन स्टेट यूनिवर्सिटी में पढ़ाई की थी. उनकी मां फत्तेन एल-कोमी पेशे से नर्स प्रैक्टिशनर हैं.
अब्दुल अल-सैयद ने साल 2003 में ब्लूमफील्ड हिल्स एंडोवर हाई स्कूल से पढ़ाई पूरी की. इसके बाद उन्होंने मिशिगन यूनिवर्सिटी में दाखिला लिया. यहां उन्होंने जीव विज्ञान और राजनीति विज्ञान की पढ़ाई की. साल 2007 में उन्होंने स्नातक की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान उनकी रुचि चिकित्सा और जनसेवा के क्षेत्र में रही. उन्होंने मिशिगन यूनिवर्सिटी के चिकित्सा महाविद्यालय में भी पढ़ाई शुरू की और चिकित्सा तथा शोध से जुड़े संयुक्त पाठ्यक्रम में शामिल हुए.
इस दौरान उन्हें ब्रिटेन के ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में पढ़ाई के लिए रोड्स छात्रवृत्ति मिली. उन्होंने ऑक्सफोर्ड के ओरियल कॉलेज में दाखिला लिया और साल 2011 में जनस्वास्थ्य विषय में शोध की उपाधि प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने अमेरिका के कोलंबिया विश्वविद्यालय से चिकित्सा की डिग्री हासिल की. साल 2014 में उनकी चिकित्सा की पढ़ाई पूरी हुई. बाद में उन्होंने कोलंबिया विश्वविद्यालय के मेलमैन जनस्वास्थ्य महाविद्यालय में महामारी विज्ञान के सहायक प्राध्यापक के रूप में काम किया.
राजनीति में अब्दुल अल-सैयद डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रगतिशील विचारों से जुड़े नेता के रूप में जाने जाते हैं. उन्होंने साल 2018 में मिशिगन के गवर्नर पद का चुनाव भी लड़ा था, लेकिन डेमोक्रेटिक पार्टी के प्राथमिक चुनाव में उन्हें जीत नहीं मिली थी. साल 2026 में उन्होंने अमेरिकी सीनेट के चुनाव में अपनी दावेदारी पेश की. पार्टी के प्राथमिक चुनाव में उन्होंने अमेरिकी प्रतिनिधि सभा की सदस्य हेली स्टीवंस को हराया. इसके बाद आम चुनाव में रिपब्लिकन उम्मीदवार माइक रोजर्स को पराजित किया.
इस जीत के साथ एल-सैयद मिशिगन से अमेरिकी सीनेट के लिए निर्वाचित हुए. सीनेट की सदस्यता की शपथ लेने के बाद वह अमेरिका के इतिहास में पहले मुस्लिम सीनेटर बनेंगे. उनके निर्वाचन को अमेरिकी राजनीति में मुस्लिम समुदाय के प्रतिनिधित्व के लिहाज से एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के रूप में देखा जा रहा है.
अब्दुल अल सैयद को डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रोग्रेसिव विंग का नेता माना जाता है. उनके प्रमुख मुद्दों में मेडिकेयर फॉर ऑल यानी सबके लिए व्यापक स्वास्थ्य सेवा मुहैया कराना है. इसके अलावा राजनीति में कॉरपोरेट और बड़े पैसे के प्रभाव को कम करना भी उनकी प्राथमिकता रहा.
अब्दुलरहमान मोहम्मद अल-सैयद ने मिशिगन में सीनेट चुनाव जीतकर इतिहास रचा और असदुद्दीन ओवैसी ने उनकी जीत पर प्रतिक्रिया दी. ओवैसी ने उत्तर प्रदेश के मुसलमानों से अपनी सियासी पहचान मजबूत करने को कहा और दावा किया कि अब्दुल अल्लाह के सिवा किसी की गुलामी नहीं करता.
मिशिगन में रिपब्लिकन माइक रोजर्स को हराकर डेमोक्रेट अब्दुल एल-सैयद ने जीत दर्ज की है. उन्होंने कॉरपोरेट और अरबपतियों के प्रभाव पर सवाल उठाते हुए कहा कि टैक्स का पैसा अमेरिकी परिवारों और बच्चों पर खर्च होना चाहिए, न कि दूसरे देशों के बच्चों पर बम गिराने में.
अमेरिकी मध्यावधि चुनाव के नतीजों में मिशिगन सीनेट सीट से डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार अब्दुल अल-सैयद ऐतिहासिक जीत दर्ज की है. अल-सैयद अमेरिकी इतिहास में संसद के ऊपरी सदन 'सीनेट' में पहुंचने वाले पहले मुस्लिम सीनेटर बनकर नया इतिहास रच दिया है.