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एनएसए ने खत्म किया जन निगरानी कार्यक्रम, अब होगी टार्गेटेड मोनिटरिंग

अमेरिकी खुफिया एजेंसी एनएसए ने जन फोन निगरानी (सर्विलांस) कार्यक्रम रविवार से बंद कर दिया है. इसके बदले अब एजेंसी डोमेस्टिक टार्गेटेड सर्वेलेंस करेगी. एनएसए के निगरानी कार्यक्रम के तहत नागरिकों के फोन के आंकड़े इकट्ठा करने पर हमेशा से विवाद उठता रहता है.

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अमेरिका में खत्म हुआ मास सर्वेलेंस प्रोग्राम
अमेरिका में खत्म हुआ मास सर्वेलेंस प्रोग्राम

अमेरिकी खुफिया एजेंसी एनएसए ने जन फोन निगरानी (सर्विलांस) कार्यक्रम रविवार से बंद कर दिया है. इसके बदले अब एजेंसी डोमेस्टिक टार्गेटेड सर्विलांस करेगी. एनएसए के निगरानी कार्यक्रम के तहत नागरिकों के फोन के आंकड़े इकट्ठा करने पर हमेशा से विवाद उठता रहता है. इस सर्विलांस को अमेरिका की संघीय अदालत ने भी असंवैधानिक और नागरिकों की निजता का हनन बताया था.

फोन कॉल के आंकड़े 9/11 पैट्रियट अधिनियम के तहत इकट्ठे किए जा रहे थे, जिसे नए कार्यक्रम के तहत बंद कर दिया गया है. अब एनएसए को टेलीफोन कंपनियों से कुछ विशेष मामलों में डेटा इकट्ठा करने की कानूनी तौर पर इजाजत लेनी होगी.

सिन्हुआ के मुताबिक, डायरेक्टर ऑफ नेशनल इंटेलीजेंस के कार्यालय ने शुक्रवार को बताया कि संघीय सरकार कांग्रेस और आम जनता को सालाना एक रिपोर्ट देगी. इसमें जारी किए आदेशों की कुल संख्या और ऐसे आदेशों के तहत लक्ष्यों की कुल संख्या बताई जाएगी.

फोन मेटाडेटा रिकार्ड में फोन नंबर, समय और कॉल की अवधि शामिल होगी, लेकिन इसमें बातचीत का कोई रिकार्ड शामिल नहीं किया जाएगा.

एडवर्ड स्नोडेन ने किया था खुलासा

एडवर्ड स्नोडेन के खुलासे के बाद दुनिया भर से अमेरिका को अपने की नागरिकों की जासूसी करने के लिए काफी आलोचना झेलनी पड़ी थी. जून में अमेरिका ने इस सर्विलांस को बंद करने का एक कानून पारित किया था, जो रविवार से लागू हो जाएगा.

भारत सरकार लोगों के फोन कॉल्स की निगरानी के लिए सीएमएस लाने की तैयारी में है

भारत सरकार भी लोगों के फोन कॉल्स से लेकर मैसेज और मेटाडेटा तक निगरानी के लिए सेंट्रल मोनिटरिंग सिस्टम (सीएमएस) की शुरुआत करने वाली है. सरकारी दस्तावेजों के मुताबिक इस मोनिटरिंग सिस्टम को जल्द लागू करने के लिए सरकार देश के कई राज्यों सर्वर लगाने शुरू कर दिए हैं. हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि सरकार ऐसा करके देश के सभी लोगों के निजता के अधिकार का पूरी तरह उल्लंघन ही करेगी.

इनपुट: IANS

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