भारत ने राजकोट में इंग्लैंड को 158 रन से हराकर पहला एकदिवसीय मैच जीत लिया है. इसके साथ ही टीम इंडिया ने 7 एकदिवसीय मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त ले ली है. भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड के सामने 388 रन का लक्ष्य रखा था. लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की पारी लड़खड़ा गई. उसके चार बल्लेबाज मात्र 38 रन के स्कोर पर पैवेलियन लौट गए.
विशाल लक्ष्य के बाद मिले शुरूआती झटकों से इंग्लैंड कभी उबर नहीं सका. कुछ अंतराल पर इंग्लैंड के विकेट गिरते चले गए और इंग्लैड की पूरी टीम 37.4 ओवरों में 229 रन बनाकर आउट हो गई. युवराज सिंह को उनकी शानदार बल्लेबाजी के लिए ‘मैन ऑफ द मैच’ का पुरस्कार दिया गया. युवराज ने केवल 78 गेंदों पर ताबड़तोड़ 138 रन बनाए और अंत तक आउट नहीं हुए.
युवराज सिंह ने शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन करते हुए अपना शतक पूरा कर लिया. अपनी शतकीय पारी में युवराज ने 64 गेंदों का सामना किया और 11 चौके और 4 छक्का लगाया. एकदिवसीय मैचों में युवराज का यह 9वां शतक है. युवराज का यह शतक मोहम्मद अजहरुद्दीन के बाद किसी भी भारतीय बल्लेबाज द्वारा बनाया गया सबसे तेज शतक है.
युवराज के अलावा गंभीर और धोनी ने भी अर्धशतकीय पारी खेली. गंभीर ने 63 गेंदों में 51 और सहवाग ने 73 गेंदों में 10 चौके और 3 छक्के की मदद से तेज 85 रन बनाए. सहवाग और गंभीर ने रन गति को लगातार 6 रन प्रति ओवर की दर से बनाए रखा और पहले विकेट के लिए 127 रन जोड़े. इसके बाद पिच पर रैना उतरे. 153 के स्कोर पर सहवाग का विकेट गिरने के बाद युवराज मैदान में आए और उन्होंने जोरदार बल्लेबाजी का नजारा पेश किया.
भारतीय पारी में कप्तान धोनी ने 39 और रोहित शर्मा ने 11 रनों का योगदान दिया. भारत ने 5 विकेट के नुकसान पर 7.74 रनों की औसत से कुल 387 रन बनाए. इंग्लैंड की ओर से भारतीय पारी में हर्मिंसन और पटेल ने 2-2 विकेट लिए. जबकि फ्लिंटाफ को 1 विकेट मिला.
{mospagebreak}इसके बाद लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही. उसके दो विकेट केवल 17 रन के स्कोर पर गिर गए. सलामी बल्लेबाज मैट प्रायर 4 रन बनाकर मुनाफ पटेल का शिकार हो गए. इसके बाद जहीर खान ने जल्दी-जल्दी 3 विकेट ले कर इंग्लैंड की कमर तोड़ दी. जहीर ने शाह, बेल और फ्लिंटाफ को चलता किया. एक समय इंग्लैंड के 5 विकेट महज 76 रन पर ही गिर चुके थे.
हालांकि इसके बाद केविन पीटरसन और रवि बोपरा ने इंग्लैंड की पारी को कुछ हद तक संभालने की कोशिश की लेकिन दूसरी छोर से थोड़े देर के अंतराल पर विकेट लगातार गिरते रहे. कप्तान पीटरसन ने रन आउट होने से पहले 63 रनों का योगदान दिया. रवि बोपारा 54 रन बनाकर अंत तक आउट नहीं हुए. इंग्लैंड की पूरी टीम 37.4 ओवरों में 229 रनों पर सिमट गई. इसके साथ ही इंग्लैंड के कप्तान केविन पीटरसन का टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला उनके लिए गलत साबित हो गया.
सुबह टॉस जीतने के बाद इंग्लैंड के कप्तान केविन पीटरसन ने कहा था कि भारत के साथ खेलना हमेशा ही मुश्किल होता है. वहीं भारतीय टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने कहा कि अगर मैं टॉस जीतता तो मैं भी पहले क्षेत्ररक्षण करने का ही फैसला लेता. धोनी ने यह भी कहा कि टेस्ट श्रृंखला के बाद वनडे मैचों के लिए खुद को तैयार करना मुश्किल होता है. पीटरसन की बात तो अक्षरशः सही साबित हो गई लेकिन धोनी के वक्तव्य का भारत की पारी में कहीं कोई नामोंनिशान तक नहीं दिखा.
चोट की वजह से ईशांत शर्मा राजकोट एकदिवसीय नहीं खेल सके.
दोनों टीमें इस प्रकार हैं:
भारत: महेंद्र सिंह धोनी (कप्तान), वीरेंद्र सहवाग, गौतम गंभीर, सुरेश रैना, युवराज सिंह, रोहित शर्मा, यूसुफ पठान, हरभजन सिंह, जहीर खान, रुद्र प्रताप सिंह, मुनाफ पटेल.
इंग्लैंड: केविन पीटरसन कप्तान, इयान बेल, मैट प्रायर, ओवेश शाह, एंड्रयू फ्लिंटॉफ, पॉल कोलिंगवुड, समित पटेल, रवि बोपरा, स्टुअर्ट ब्रॉड, जेम्स एंडरसन और स्टीव हर्मिसन.