विजय माल्या के खिलाफ शिकंजा कसता जा रहा है. प्रवर्तन निदेशायल(ED)ने विदेश मंत्रालय को पत्र लिखकर माल्या को डिपोर्ट कराने यानी देश वापस लाने की मांग की है.
Enforcement Directorate writes to MEA seeking assistance in bringing back Vijay Mallya to India through diplomatic channels: Sources
— ANI (@ANI_news)
इस प्रक्रिया के लिए ED ने कई आधार पेश किए हैं. ED ने कहा है कि माल्या के खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी हो चुका है. उनका पासपोर्ट भी निलंबित किया जा चुका है.
इससे पहले बुधवार को 50 लाख रुपये के दो चेक बाउंस होने के मामले में हैदराबाद के कोर्ट ने किंगफिशर के मालिक विजय माल्या को दोषी करार दिया था. माल्या को 5 मई को सजा सुनाई जाएगी. साथ ही कोर्ट ने माल्या के खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी कर उन्हें 5 मई तक अदालत के सामने पेश होने का आदेश दिया है.
हैदराबाद में माल्या के खिलाफ 11 केस
दरअसल, जीएमआर हैदराबाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट की तरफ से के चेक बाउंस होने और भुगतान न कर पाने पर उन पर केस चलाने की अपील दायर की थी, जिसके बाद माल्या और रघुनाथ के खिलाफ अदालत ने वारंट जारी किया. एयरपोर्ट के अधिकारियों ने हैदराबाद में किंगफिशर एयलाइंस के खिलाफ 11 केस दर्ज कराए हुए हैं. इससे पहले हैदराबाद की अदालत ने माल्या और रघुनाथ को 10 मार्च तक पेश होने के आदेश दिए थे, लेकिन पेशी नहीं होने के चलते अदालत ने एक और वारंट जारी कर दिया.