scorecardresearch
 

महिला आरक्षण पर विपक्ष एकजुट, खड़गे बोले- सरकार के तरीके पर आपत्ति, संसद में लड़ेंगे

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर हुई विपक्ष की बैठक में सरकार के तरीके पर कड़ी आपत्तियां जताई गईं. विपक्ष ने साफ किया कि वो बिल के सिद्धांत के पक्ष में है, लेकिन इसके प्रस्तुतिकरण को राजनीति से प्रेरित बताते हुए संसद में एकजुट होकर विरोध करने की रणनीति बनाई है.

Advertisement
X
कांग्रेस से लेकर AAP तक एक सुर में विपक्षी दल, महिला आरक्षण पर बनाई रणनीति. (File Photo- PTI)
कांग्रेस से लेकर AAP तक एक सुर में विपक्षी दल, महिला आरक्षण पर बनाई रणनीति. (File Photo- PTI)

महिला आरक्षण विधेयक और उससे जुड़े संशोधनों को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है. राजधानी दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर विपक्ष की अहम बैठक हुई. इसमें करीब 20 दलों के वरिष्ठ नेताओं ने हिस्सा लिया. बैठक के बाद विपक्ष ने एकजुट रुख दिखाते हुए सरकार के तरीके पर गंभीर आपत्तियां जताईं.

इस बैठक में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री  उमर अब्दुल्ला, UBT के संजय राउत, AAP के संजय सिंह, DMK के टी.आर. बालू, CPI की एनी राजा, IUML के ई.टी. मोहम्मद बशीर, के.सी. वेणुगोपाल और कपिल सिब्बल भी मौजूद रहे. आरजेडी नेता तेजस्वी यादव भी सहयोगियों के साथ पहुंचे.

इसके अलावा सागरिका घोष, सुप्रिया सुले, निलोत्पल बसु और एन.के. प्रेमचंद्रन भी चर्चा में शामिल हुए. कुछ नेता वर्चुअली भी जुड़े. इनमें उद्धव ठाकरे, हेमंत सोरेन और दीपांकर भट्टाचार्य शामिल रहे. बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने विपक्ष का साझा रुख स्पष्ट किया. उन्होंने कहा कि वे विधेयक के सिद्धांत के पक्ष में हैं.

हालांकि, उन्होंने सरकार के तरीके पर गंभीर आपत्ति जताई. खड़गे ने आरोप लगाया कि यह प्रक्रिया राजनीति से प्रेरित है और विपक्ष को दबाने की कोशिश की जा रही है. उन्होंने दोहराया कि विपक्ष महिला आरक्षण के खिलाफ नहीं है, बल्कि इसके प्रस्तुतिकरण और लागू करने के तरीके पर सवाल उठा रहा है. 

Advertisement

मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, ''हम संसद में एकजुट होकर लड़ेंगे. हमने तय किया है कि इस विधेयक और इसके संशोधनों के खिलाफ सामूहिक रूप से आवाज उठाएंगे.'' इस दौरान आम आदमी पार्टी ने भी कहा कि वो महिला आरक्षण संशोधनों पर विपक्ष के अंतिम निर्णय का सर्वसम्मति से समर्थन करेगी. 

विपक्षी दलों का यह भी कहना है कि उन्होंने लगातार महिला आरक्षण की मांग का समर्थन किया है. इस मुद्दे को पहले भी उठाया है. उनका दावा है कि 'इंडिया' गठबंधन की पहल ने ही इस बहस को केंद्र में लाने का काम किया. अब नजर संसद की कार्यवाही पर टिकी है, जहां देखना होगा कि विपक्ष रणनीति कैसे आगे बढ़ाता है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement