प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को लोकसभा में महिला आरक्षण पर अपना संबोधन दिया. इस दौरान उन्होंने कई बार विपक्ष पर निशाना साधा, लेकिन स्पीच के अंत में जो उन्होंने कहा- वह चर्चा का विषय बन गया है. असल में कई विपक्षी दल इस बिल का विरोध कर रहे हैं. इनमें DMK नाम प्रमुख है.
अपने भाषण को खत्म करते हुए पीएम ने विपक्ष से चुटकी लेते हुए कहा कि अपने यहां जब भी कोई शुभ शुभ कार्य होता है, उसे नजर ना लग जाए इसके लिए काला टीका लगाया जाता है. पीएम ने DMK की ओर इशारा करते हुए कहा, 'मैं आपका धन्यवाद करता हूं काला टीका लगाने के लिए.' असल में डीएमके सांसद काले कपड़े पहनकर सदन में पहुंचे थे.
काला टीका लगाने के लिए धन्यवादः पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि, 'अपने यहां जब कोई भी शुभ काम होता है. उसको नज़र ना लग जाए इसलिए काला टीका लगाने की परंपरा है. मैं आपका धन्यवाद करता हूँ काला टीका लगाने के लिए बहुत बहुत धन्यवाद, उन्होंने कहा कि आप लोग काला कपड़ा पहने के आए हैं. कोई शुभ कार्य करने से पहले काला टीका लगाना चाहिए तो धन्यवाद काला टीका लगाने के लिए.'
पीएम मोदी ने विपक्ष को दिखाया आइना
पीएम मोदी ने अपनी स्पीच में विपक्ष को आइना दिखाया. उन्होंने कहा- 'हमारे देश में जब चुनाव आया है उसमें महिलाओं को मिलने वाले इस अधिकार का जिस जिसने विरोध किया है उसका हाल बुरा हुआ है. 2024 के चुनाव में ऐसा नहीं हुआ, क्योंकि किसी ने विरोध नहीं किया. आज भी मैं कहता हूं कि हम साथ जाते हैं तो इतिहास गवाह है कि ये किसी एक के पक्ष में नहीं जाएगा,
ये देश के लोकतंत्र के पक्ष में जाएगा. हम सब उसके हकदार रहेंगे. इसलिए जिन को इसमें राजनीति की बू आ रही है वो खुद के परिणामों को देख लें. इसी में फायदा है जो नुकसान हो रहा है उससे बच जाओगे. इसलिए इसे राजनैतिक रंग देने की जरूरत नहीं है.
पीएम मोदी बोले- मैं अपील करने आया हूं कि इसको राजनीतिक तराजू से मत तौलिए. आज का यह अवसर एक साथ बैठकर एक दिशा में सोचकर विकसित भारत बनाने में खुले मन से स्वीकार करने का अवसर है. मैंने पहले भी कहा कि आज पूरा देश विशेषकर नारी शक्ति हमारे निर्णय तो देखेगी लेकिन उससे ज्यादा हमारी नीयत को देखेगी, इसलिए हमारी नीयत की खोट देश की नारी शक्ति कभी माफ नहीं करेगी.
मेरी ओर से गारंटी भी और वादा भी- पीएम मोदी
पीएम मोदी बोले- अगर आपको गारंटी चाहिए तो वो भी देता हूं. मैं कहना चाहूंगा कि यहां बैठकर हमें संविधान ने देश को टुकड़ों के रूप में सोचने का अधिकार ही नहीं दिया है. कश्मीर हो या कन्या कुमारी हम एक देश के रूप में ही इसे सोच सकते हैं. ये प्रक्रिया किसी के साथ अन्याय नहीं करेगी. भूतकाल में जो सरकार रहीं, जो उस समय से अनुपात चला आ रहा है उसमें भी बदलाव नहीं होगा. पीएम मोदी ने कहा किअगर गांरटी शब्द चाहिए तो मैं वह शब्द भी उपयोग करता हूं, वादा की बात करते हो तो उसे भी इस्तेमाल करता हूं. तमिल में कोई शब्द हो तो मैं उसे भी कहता हूं, क्योंकि जब नीयत साफ है तो शब्दों का खेल करने की जरूरत नहीं है.