प्रशांत किशोर के नेतृत्व वाली जन सुराज पार्टी ने बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को 'अवैध' बताते हुए सुप्रीम कोर्ट में रिट याचिका दायर की है. पार्टी ने मांग की है कि पिछले साल हुए इन चुनावों को रद्द कर राज्य में नए सिरे से (Fresh Elections) मतदान कराया जाए.
जन सुराज का आरोप है कि चुनाव के दौरान जब आचार संहिता (MCC) लागू थी, तब राज्य सरकार ने कथित तौर पर महिला मतदाताओं के खातों में ₹10,000 ट्रांसफर किए. याचिका में इसे "भ्रष्ट आचरण" और वोट खरीदने की कोशिश करार दिया गया है.
पार्टी का कहना है कि सत्ता का दुरुपयोग कर चुनावी निष्पक्षता को पूरी तरह खत्म कर दिया गया. प्रशांत किशोर की पार्टी ने सुप्रीम कोर्ट से यह भी अनुरोध किया है कि वह चुनाव आयोग (ECI) को ऐसे निर्देश जारी करे, जिससे चुनाव से ठीक पहले घोषित होने वाली 'रेवड़ियों' और लोक-लुभावन कल्याणकारी योजनाओं पर लगाम लगाई जा सके.
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आपको बता दें कि पिछले साल हुए बिहार विधानसभा चुनाव में प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज की करारी हार हुई थी. पार्टी ने चुनावी मैदान में कुल 238 उम्मीदवार उतारे थे जिसमें से 236 उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई. इसका मतलब ये हुआ कि 99.16 फीसदी जन सुराज के उम्मीदवार अपनी जमानत तक नहीं बचा सके. कुल वोट प्रतिशत की बात करें तो जनसुराज का वोट प्रतिशत 2 फीसदी के आसपास ही रहा.