कर्नाटक में किसकी सरकार बनेगी? इसकी तस्वीर आज साफ हो जाएगी. ऐसे में बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव से जब चुनाव में बीजेपी की जीत की संभावनाओं के बारे मे पूछा गया तो उन्होंने दो टूक कहा कि बजरंग बली बीजेपी से बहुत नाराज हैं.
कर्नाटक चुनाव की मतगणना से एक दिन पहले मीडिया से बातचीत के दौरान जब उनसे कर्नाटक के नतीजों के बारे में पूछा गया तो उन्होंने यह बयान दिया.
कर्नाटक में बजरंग बली कैसे बने मुद्दा?
कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में बजरंग दल को कट्टरपंथी संगठन बताते हुए इस पर बैन लगाने का वादा किया था, जिस पर बीजेपी ने नाराजगी जताई थी. इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी ने बजरंग दल पर प्रतिबंध लगाने के वादे को बजरंग बली के अपमान से जोड़ दिया था.
एग्जिट पोल में कांग्रेस की वापसी के आसार
एग्जिट पोल में कर्नाटक में इस बार कांग्रेस की वापसी के आसार दिख रहे हैं. आजतक-एक्सिस माय इंडिया के एग्जिट पोल के मुताबिक, इस बार कर्नाटक में कांग्रेस पार्टी को पूर्ण बहुमत मिल सकता है. कर्नाटक की 224 विधानसभा सीटों में से कांग्रेस को सबसे ज्यादा 122 से 140 सीटें, बीजेपी को 62 से 80 सीटें, JDS को 20 से 25 सीटें और अन्य को शून्य से तीन सीटें मिलने का अनुमान है.
वोट शेयर के मामले में भी कांग्रेस पार्टी, बीजेपी से काफी आगे निकल सकती है. एग्जिट पोल में कांग्रेस पार्टी को 42.5%, बीजेपी को 34.5% और JDS को 16.5% वोट मिलने का अनुमान है और सीटों और वोटों के लिहाज से ये स्थिति पिछली बार के मुकाबले काफी अलग है.
पिछली बार क्या रहे थे नतीजे
2018 के चुनाव में बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी बनी थी, लेकिन कांग्रेस और जेडीएस ने मिलकर सरकार बना ली थी. हालांकि, बाद में जेडीएस में टूट पड़ गई और उसके विधायक बीजेपी में शामिल हो गए. इस तरह एक साल के भीतर ही बीजेपी सरकार बनाने में कामयाब रही थी. मौजूदा समय में कर्नाटक में बीजेपी के 116 विधायक हैं. कांग्रेस के 69 और जेडीएस के 29 सदस्य हैं. वहीं, 6 सीटें अभी खाली हैं.