असम में लगातार तीसरी बार बीजेपी-एनडीए की प्रचंड जीत के बाद हिमंता बिस्वा सरमा ने आजतक से एक्सक्लूसिव बातचीत में बड़ा दावा किया है. उन्होंने हाल में आई आदित्य धर की ब्लॉकबस्टर फिल्म धुरंधर का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर तंज कसा. हिमंता ने कहा कि कांग्रेस में हमारे धुरंधर हैं. उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के 30 उम्मीदवार ऐसे थे, जिनके बीजेपी और उनसे अच्छे संबंध हैं. इनमें से 6 उम्मीदवार जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं.
हिमंता बिस्वा सरमा से जब पूछा गया कि आपने दावा किया था कि कांग्रेस के 30 टिकट मैं दूंगा, तो आपके कितने उम्मीदवारों को विपक्षी दल ने टिकट दिया था इस बार? इस प्रश्न के जवाब में हिमंता ने कहा, 'हमारे साथ जिनके अच्छे रिश्ते हैं, ऐसे 30 नेताओं को कांग्रेस ने टिकट दिया था, उनमें से 6 जीते. कांग्रेस के बड़े नेता ही हमारी मदद करते हैं. खुलके मदद करते हैं. हमें हमारे एनिमी कैम्प में भी ऑपरेट करना है.'
हमारे भी धुरंधर कांग्रेस में हैं: हिमंता
उन्होंने आगे उदाहरण देते हुए कहा, 'जैसे आपने धुरंधर देखा न पाकिस्तान में जैसे काम करते थे. तो हमारे भी धुरंधर कांग्रेस में हैं.' क्या हिमंता के के जासूस हैं कांग्रेस में? इस पर उन्होंने कहा, 'जासूस नहीं हैं. उनका भी अपना पॉलिटिकल करियर है. वे बीजेपी में आने पर नहीं जीतेंगे. इसलिए उनको कांग्रेस में ही रहकर देश की सेवा करना है और बीजेपी की मदद करते रहना है.'
असम में कांग्रेस के जो 19 उम्मीदवार जीते हैं, उनमें 18 मुस्लिम हैं. कांग्रेस के सिर्फ एक हिंदू कैंडीडेट जय प्रकाश दास को लखीमपुर जिले की नाउबोइचा सीट से जीत मिली है. इस पर हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा कि असम में कांग्रेस 'मियां मुसलमान' की पार्टी है. उन्होंने कहा कि असम में हिंदू न कांग्रेस को वोट देते हैं और न वोट देना पसंद करते हैं. हिमंता ने यहां तक दावा किया कि कांग्रेस के 6 विधायक आगामी राष्ट्रपति चुनाव में बीजेपी कैंडिडेट के पक्ष में वोट करेंगे.
असम में 102 सीटों पर NDA की जीत
असम की 126 सदस्यीय विधानसभा के लिए हुए चुनाव में बीजेपी के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) को 102 सीटों पर सफलता मिली. इनमें 82 सीटें बीजेपी ने जीतीं. उसने कुल 90 सीटों पर चुनाव लड़ा था, इस तरह पार्टी का स्ट्राइक रेट करीब 92% रहा. बीजेपी के सहयोगी दलों असम गण परिषद और बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट ने 10-10 सीटें जीतीं. असम में 2016 से बीजेपी सत्ता में है और उसने इस बार जीत की हैट्रिक लगाई है.