महाराष्ट्र के नासिक में खुद को ज्योतिषी और ‘गॉडमैन’ बताने वाले अशोक खरात उर्फ ‘कैप्टन खरात’ की गिरफ्तारी के बाद एक के बाद एक चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं. पुलिस की कार्रवाई के बीच एक 34 साल की महिला टीचर ने खरात पर गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि किस तरह वह महिलाओं, कुंवारी लड़कियों और आम लोगों को धोखा देकर उनका भरोसा जीतता और फिर उनका शोषण करता था.
'‘हीलिंग’ के नाम पर पकड़ता था हाथ'
पीड़िता के अनुसार, वह करीब तीन-चार साल पहले अपने पति की नौकरी से जुड़ी परेशानियों के कारण खरात के संपर्क में आई थी. शुरुआत में उसने अंक ज्योतिष के जरिए समाधान बताकर भरोसा जीता, लेकिन धीरे-धीरे उसका व्यवहार बदलने लगा. महिला का आरोप है कि एक मुलाकात के दौरान उसने ‘हीलिंग’ के नाम पर उसका हाथ पकड़ा और अनुचित हरकतें कीं, जिसके बाद वह वहां से चली गई.
'एप की आवाज को बताता था दैवीय शक्ति'
महिला ने यह भी खुलासा किया कि खरात अपने पास आने वाले लोगों को प्रभावित करने के लिए एक खास तरीका अपनाता था. वह अपने केबिन में बैठकर लोगों की निजी जिंदगी से जुड़े सवाल जोर-जोर से पूछता और फिर आईफोन की सीरी जैसे मोबाइल ऐप से मिलने वाले जवाबों को ‘दैवीय शक्ति’ की आवाज बताकर पेश करता था. वह दावा करता था कि कमरे में एक ‘पवित्र आत्मा’ मौजूद है, जो कभी झूठ नहीं बोलती. इसी चाल से वह लोगों की निजी जानकारी हासिल कर उन्हें अपने प्रभाव में लेता था.
‘पवित्र जल’ पिलाने के नाम पर जोर जबरदस्ती
आरोप है कि एक बार जब महिला अपने पति के साथ उसके पास गई, तो उसने पति को बाहर बैठाकर महिला को अंदर बुलाया और एक विशेष अनुष्ठान का बहाना बनाया. महिला के मुताबिक, उसे तांबे के बर्तन में ‘पवित्र जल’ पिलाया गया और फिर उसके साथ जबरदस्ती की गई. विरोध करने पर उसे धमकाया गया कि अगर उसने किसी को बताया तो उसके पति के जीवन पर बुरा असर पड़ेगा.
अनुष्ठान के नाम पर लिए 50 हजार रुपये
पीड़िता ने यह भी बताया कि खरात ने इस अनुष्ठान के नाम पर उसके पति से करीब 50 हजार रुपये भी लिए और आगे और पूजा कराने का दबाव बनाया. मामले में अब तक कई महिलाएं सामने आ चुकी हैं, जिन्होंने इसी तरह के आरोप लगाए हैं. हालांकि, सूत्रों के मुताबिक कुछ पीड़िताएं अब भी सामने आने से हिचक रही हैं.
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की गहन जांच जारी है. अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपों की गंभीरता से जांच की जा रही है और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे.