बकरी ईद से पहले गुजरात के सूरत शहर में बकरा मंडी से नकली नोट देकर दो बकरे खरीदने का मामला सामने आया है.यह बात सुनकर आपको हैरानी हो रही होगी मगर यह बात सच है. बकरी ईद के मद्देनजर राजस्थान से बकरा बेचने आया एक कारोबारी सूरत में धोखाधड़ी का शिकार हो गया है. सूरत के लिंबायत इलाके में रहने वाले चार लोगों ने मिलकर राजस्थान के कारोबारी को नकली पचास हजार रुपए चुकाकर दो बकरे खरीद लिये थे.
नोटों पर एक जैसे सीरियल नंबर
नकली नोट लेकर बकरे बेचने वाले राजस्थान के कारोबारी को दूसरे दिन नोटों के एक जैसे सीरियल नंबर दिखने पर ठगी का एहसास हुआ और उसने मामला सूरत के सचिन पुलिस थाने में दर्ज करवाया था. सूरत शहर की सचिन थाना पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए गंभीरता को देखते हुए महज कुछ ही घंटों के भीतर घटना में शामिल चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
बकरी मंडी में व्यापारी से ठगी
सूरत के सचिन पुलिस थाना अंतर्गत आने वाले पलसाना टी प्वाइंट इलाके में ओवर ब्रिज के नीचे बकरी ईद के मद्देनजर बकरा मंडी लगती है. इस मंडी में दूर दराज से लोग अपने बकरा बकरी बेचने आए हैं. गत 17 मई 2026 को शिकायतकर्ता 35 साल के भंवरलाल जयचंद भागरिया , जो बकरे बेचने का व्यवसाय करते हैं, सचिन पल्साना टी-पॉइंट के पास स्थित केबिन के नीचे बकरा बेचने के लिए मौजूद थे. तभी वहां तीन व्यक्ति मोहम्मद उल्फत शेख,नाज़िर अंसारी और रईस सिद्दीकी आए थे. उन्होंने शिकायतकर्ता से 25,000 प्रति बकरा के हिसाब से कुल 50,000 में दो बकरे खरीदने का सौदा तय किया था. इसके बदले उन्होंने शिकायतकर्ता को 500-500 के दर के 100 नोट दिए थे और बकरे लेकर चले गए थे.
एक दिन बाद हुआ ठगी का अहसास
बकरा बेचने के दूसरे दिन जब शिकायतकर्ता भंवरलाल भागरिया ने उन नोटों की जांच की, तो उसे कुछ नोटों के सीरियल नंबर एक जैसे दिखाई दिए. ध्यान से देखने पर पता चला कि उनमें से 97 नोट पूरी तरह से नकली थे जबकि 3 नोट ही असली थे. इसके बाद शिकायतकर्ता ने तुरंत सचिन थाना पुलिस से संपर्क किया था जिसके आधार पर सचिन पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था. चूंकि यह अपराध देश की अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाने वाला और बेहद गंभीर प्रकृति का था, इसलिए सूरत शहर के पुलिस कमिश्नर, संयुक्त पुलिस कमिश्नर (सेक्टर-2), नायाब पुलिस कमिश्नर (जोन-3) और सहायक पुलिस कमिश्नर आई डिवीजन के मार्गदर्शन में आरोपियों को तुरंत पकड़ने के लिए टीमें गठित की गईं थी.
खुफिया जानकारी पर 4 आरोपी गिरफ्तार
सचिन पुलिस स्टेशन के पुलिस इंस्पेक्टर पी. बेन वाघेला और पुलिस सब इंस्पेक्टर एन.डी.डामोर के नेतृत्व में सर्विलांस स्टाफ ने खुफिया जानकारी के आधार पर जाल बिछाया था. पुलिस टीम के ए.एस.आई. जशवंत वाघाभाई और पुलिस हेड कांस्टेबल दशरथ मावजीभाई को मिली सटीक सूचना के आधार पर इस अपराध में शामिल 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है.गिरफ्तार किये गये आरोपियों में मोहम्मद उल्फत शेख,नाज़िर अंसारी और रईस सिद्दीकी और मोहम्मद जमाल अब्दुल सत्तार शेख को गिरफ्तार किया गया है.
कुल 1,61,000 कीमत के नकली नोट बरामद
पुलिस द्वारा इन चारों की गिरफ्तारी के बाद जब मुख्य आरोपी मोहम्मद उल्फत के ऑनलाइन सेलिंग के गोडाउन और घर पर छापेमारी की गई, तो पुलिस को और बड़ी सफलता मिली थी. आरोपी के गोडाउन से 500 के दर की 20 नकली नोट बरामद हुए थे. घर की तलाशी के दौरान पता चला कि आरोपियों ने 500 के दर की 205 नोटों को फाड़कर या जलाकर सबूत नष्ट करने का प्रयास किया था. पुलिस ने मौके से उन नोटों के टुकड़े भी बरामद किए हैं, जिसके बाद मामले में सबूत मिटाने की धारा भी जोड़ी गई है. पुलिस ने आरोपियों के पास से 500 के दर की कुल 322 नकली नोट बरामद की हैं,जिनका कुल मूल्य 1,61,000 रुपये है. इसके अलावा घटना में इस्तेमाल की गई बुलेट मोटरसाइकिल और बकरे भी बरामद किए गए हैं. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इन नकली नोटों को कहां छापा जा रहा था और इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है.