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खुलासाः 19 साल पहले सलेम ने दी थी करण जौहर को जान से मारने की धमकी

करण जौहर ने अपनी बायोग्राफी 'एन अनसूटेबल बॉय' में अपनी फिल्म 'कुछ कुछ होता है' की रिलीज से पहले की एक ऐसी घटना का जिक्र किया है जो हैरान कर देने वाली है...

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करण जौहर
करण जौहर

फिल्म 'कुछ कुछ होता है' करण जौहर के निर्देशन में बनी पहली फिल्म थी. हाल में करण ने अपनी बायोग्राफी 'एन अनसूटेबल बॉय' में लिखा है कि 'कुछ कुछ होता है' बनाने में उनका सबकुछ दांव पर लग गया था और ऐसे में उन पर फिल्म के चलने का काफी दबाव आ गया था. फिल्म रिलीज के कुछ दिन पहले ही उन्हें अंडरवर्ल्ड डॉन अबू सलेम ने जान से मारने की धमकी दी थी.

जी हां, करण ने अपनी बायोग्राफी में इस बात का खुलासा करके सबको चौंका दिया है. करण ने लिखा है कि फिल्म 'कुछ कुछ होता है' की रिलीज से कुछ दिन पहले अंडरवर्ल्ड डॉन अबू सलेम ने फोन करके उनकी मां हीरू जौहर को धमकी दी और कहा कि अगर ये फिल्म रिलीज हुई तो वह मुझे गोली मार देंगे.

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करण ने लिखा कि फिल्म का प्रीमियर रखा गया था और उसके इन्विटेशन कार्ड बंट चुके थे. मेरी मासी हमारी मदद के लिए आई थीं. मैं उन्हें छोड़ने नीचे गया, मां घर पर अकेली थी और घर का फोन बजा. मेरी मां ने फोन उठाया. अंडरवर्ल्ड से फोन आया था. फोन करने वाले आदमी ने कहा कि तुम्हारे बेटे ने लाल टी-शर्ट पहन रखी है. मैं उसे देख सकता हूं और यदि इस शुक्रवार को तुम लोगों ने फिल्म रिलीज की तो मैं उसे गोली मार दूंगा.

किन्हीं कारणों से वे नहीं चाहते थे कि फिल्म उस शुक्रवार को रिलीज हो हमें नहीं पता क्यों. वह अबु सलेम का फोन था और मेरी मां डर से कांप रही थीं. वह मेरी मां के लिए बहुत मुश्किल समय था. जैसे ही मैं पहुंचा वह मुझे खींचकर कमरे में ले गईं और पुलिस को फौरन बुलाने के लिए कहा.

करण ने लिखा कि शाम को आदित्य चोपड़ा, शाहरुख खान और पुलिस उनके घर पहुंची. पुलिस ने उन्हें आश्वासन दिया कि वे करण की रक्षा करेंगे लेकिन उन्हें रिलीज रोकनी नहीं चाहिए.

करण ने लिखा, 'उन्होंने मुझे एक छोटे कमरे में बंद कर दिया ताकि मैं सुरक्षित रह सकूं. इंडस्ट्री के सभी लोग पहुंचे. मेरे पिता के सभी से संबंध इतने अच्छे थे कि सभी चाहते थे कि 'कुछ कुछ होता है' हिट हो.' करण ने आगे लिखा, 'मेरा हमेशा से सपना था कि मैं शम्मी कपूर को उनकी कार से उतरकर अपनी फिल्म के प्रीमियर के लिए आते देखूं.'

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करण ने लिखा है कि मुझे एक कमरे में बंद कर दिया गया था. मेरी मां दुखी थीं, क्योंकि शम्मी कपूर आने वाले थे और मैं वह पल देखना चाहता था. ऐसे में शाहरुख खान मेरे पास आए और मुझे खींचकर बाहर लेकर आए और कहा कि मैं यहां तुम्हारे आगे खड़ा हूं. देखते हैं कौन तुम्हें गोली मारता है. शाहरुख ने मेरी मां को भरोसा दिलाया कि कुछ नहीं होगा, मैं एक पठान हूं और आपके बेटे को कुछ नहीं होगा. वह मेरे भाई जैसा है.

करण जौहर ने लिखा कि सोमवार को आदित्य चोपड़ा ने उन्हें फोन किया और बताया कि फिल्म ब्लॉकबस्टर है और लोग फिल्म के लिए पागल हो रहे हैं.

इस किताब में अपने इस अनुभव के अनृलावा करण ने अपनी जिंदगी से जुड़ी और भी पर्सनल बातों का जिक्र किया है. काजोल के साथ दोस्ती का एक लंबा अरसा गुजारने के बाद इस किताब के जरिए के साथ सारे रिश्ते भी खत्म कर लिए हैं.

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