बिहार में तेजस्वी यादव के पोस्टरों को लेकर सियासी घमासान छिड़ गया है, जिसमें सिर्फ उन्हीं का चेहरा है. इस कदम को केंद्र और राज्य सरकार की कैश ट्रांसफर योजनाओं का मुकाबला करने के लिए एक जातीय कार्ड के रूप में देखा जा रहा है. जबकि गठबंधन को उम्मीद है कि तेजस्वी को चेहरा बनाने से यादव और मुस्लिम वोट बैंक एकजुट होगा,