Kerala Election 2026. Kerala Chunav Result 2026 Live: केरल (केरलम) विधानसभा चुनाव की मतगणना आज सुबह आठ बजे से शुरू हो गई है. शुरुआती रुझानों में यूडीएफ गठबंधन ने 58 सीटों पर बढ़त बना ली है तो वहीं सत्तारूढ़ एलडीएफ सिर्फ 22 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि बीजेपी ने सात सीटों पर बढ़त बना ली है.
केरल के इस सियासी रण में कुल 883 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. वर्तमान में पी. विजयन के नेतृत्व वाली एलडीएफ सरकार लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी की ऐतिहासिक कोशिश कर रही हैं. दूसरी ओर, यूडीएफ अपनी खोई हुई सियासी जमीन तलाशने में जुटा है और एनडीए राज्य में अपना खाता खोलने की उम्मीद लगाए बैठा है. राज्य की 140 विधानसभा सीटों पर 9 अप्रैल को हुए 78.27 फीसदी के भारी मतदान के बाद आज स्पष्ट हो जाएगा कि केरल की जनता ने किसे अपना जनादेश दिया है.
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केरल के सीईओ ने बताया कि इस अभ्यास के लिए 15,464 कर्मियों को तैनात किया गया है.
टुडेज चाणक्य एग्जिट पोल के सर्वे की मानें तो केरल में कांग्रेस गठबंधन को 69 सीटें मिलती दिख रही हैं, जबकि LDF को 64 सीटों के मिलने का अनुमान है तो वहीं, NDA को 7 सीटें मिलने का ही अनुमान है.
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Kerala Counting:केरल में शुरुआती रुझानों में कांग्रेस 72 सीटों पर आगे चल रही है और उसने बहुमत के 70 सीटों के आंकड़े को पार कर लिया है.
केरल में कांग्रेस गठबंधन बहुमत के करीब पहुंच गया है. शुरुआती रुझानों में यूडीएफ ने 62 सीटों पर बढ़त हासिल कर ली है.
केरल में शुरुआती रुझानों में यूडीएफ ने 50 सीटों पर बढ़त बना ली है तो एलडीएफ18 सीटों पर आगे बनी हुई है, जबकि बीजेपी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 8 सीटों पर बढ़त बना ली है.
केरलम में सुबह आठ बजे से मतगणना शुरू हो चुकी है. शुरुआती रुझानों में यूडीएफ ने सत्तारूढ़ एलडीएफ को पछाड़ते हुए 7 सीटों पर बढ़त बना ली है.
भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष पीके कृष्णदास ने कहा, 'हमें अच्छे नतीजों की उम्मीद है. इस चुनाव में हम 140 में से कई सीटें जीतेंगे. हमें इस चुनाव में पूरा भरोसा है. इस चुनाव के बाद केरल की राजनीति में एनडीए निर्णायक भूमिका निभाएगा. अभी केरलम में बाईपोलर पॉलिटिक्स है, जहां एक तरफ एलडीएफ और दूसरी तरफ यूडीएफ है, लेकिन इस चुनाव में आप केरलम में त्रिध्रुवीय मुकाबला देखेंगे..."
थोड़ी देर में केरलम में विधानसभा चुनाव के लिए मतगणना शुरू होने वाली है. राज्य कांग्रेस अध्यक्ष सनी जोसेफ ने कहा, "हमें पूरा भरोसा है, हम जीतेंगे. इस बार स्थानीय निकाय चुनावों के नतीजों को जनता नहीं दोहराएगी. हमें पूरा विश्वास है कि हम जीत दर्ज करेंगे. हालांकि हम संख्या का अनुमान हम नहीं लगा सकते...
केरल के विधानसभा चुनाव की मतगणना की तैयारी पूरी है. यहां Mar Ivanios College परिसर स्थित मतगणना केंद्र पर तिरुवनंतपुरम जिले की सभी विधानसभा सीटों के वोटों की गिनती की जाएगी.राज्य की सभी 140 विधानसभा सीटों के लिए मतगणना आज सुबह 8 बजे से शुरू होगी.
केरल विधानसभा चुनाव 2026 की मतगणना सुबह 8 बजे शुरू होगी, जिसकी शुरुआत पोस्टल बैलेट की गिनती से होगी. सभी काउंटिंग सेंटर्स पर तीन-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है.
केरल विधानसभा चुनाव 2021 में LDF ने शानदार जीत दर्ज करते हुए 99 सीटें हासिल की थीं, जबकि UDF को 41 सीटों से संतोष करना पड़ा था. LDF ने स्पष्ट बहुमत के साथ सत्ता में वापसी की थी.
केरल विधानसभा चुनाव को लेकर सामने आए एग्जिट पोल में सत्ता परिवर्तन के संकेत दिख रहे हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधन UDF को बढ़त मिलने और राज्य में सरकार बदलने की संभावना जताई जा रही है, जबकि मौजूदा सत्ता पक्ष LDF के लिए मुकाबला कड़ा बताया जा रहा है. कई सर्वे में कहा गया है कि मतदाताओं में बदलाव की भावना और एंटी-इनकम्बेंसी का असर नतीजों पर दिख सकता है.
केरल में NDA भले ही सरकार बनाने की दौड़ में नहीं माना जा रहा हो, लेकिन 2021 में एक भी सीट न जीत पाने के बाद इस बार अपनी मौजूदगी मजबूत करना उसके लिए बेहद अहम है.
सभी मतगणना केंद्रों की सुरक्षा के लिए राज्य पुलिस के साथ केंद्रीय बलों की 25 कंपनियां तैनात की गई हैं, ताकि पूरी प्रक्रिया शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न हो सके.
केरल में मतगणना प्रक्रिया को लेकर प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं. प्रदेश में कुल 15,464 कर्मियों को तैनात किया गया है, जिनमें 140 रिटर्निंग ऑफिसर, 1,340 अतिरिक्त रिटर्निंग ऑफिसर, 4,208 माइक्रो ऑब्जर्वर, 4,208 काउंटिंग सुपरवाइजर और 5,563 काउंटिंग असिस्टेंट शामिल हैं.
कांग्रेस सांसद जेबी माथेर ने कहा, "हमें पूरा विश्वास है कि यह एक शानदार जीत होगी और केरल की जनता की यही इच्छा और निर्णय है कि कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूडीएफ सरकार सत्ता में आए... मुख्यमंत्री कांग्रेस के नेता होंगे जिनका चयन विधायकों और हाई कमांड द्वारा किया जाएगा. हम सभी यूडीएफ सरकार और कांग्रेस के मुख्यमंत्री का इंतजार कर रहे हैं."
केरलम कांग्रेस ने जीत से पहले ही जश्न की तैयारी शुरू कर दी है. केरलम की मतगणना सुबह शुरू होगी लेकिन केरलम कांग्रेस जीत का जश्न मनाने के लिए तिरुवनंतपुरम स्थित केरलम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्यालय इंदिरा भवन में एक मंडप बनाया है. जीत का जश्न मनाने के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं के ठहरने के लिए कई तरह के इंतजाम किए गए हैं.
केरल में अगर लेफ्ट की हार होती है तो देश वामपंथ की राजनीति से मुक्त हो जाएगा. 73 साल में पहली बार होगा, जब देश के किसी भी राज्य में लेफ्ट की सरकार नहीं होगी. बंगाल और त्रिपुरा में लेफ्ट पहले ही सत्ता से बाहर है और अब उसके इकलौता किला केरल बचा है, जो ढहता हुआ नजर आ रहा है.
एग्जिट पोल्स के मुताबिक, केरल में कांग्रेस के नेतृत्व वाला यूडीएफ गठबंधन बढ़त में दिख रहा है, जिससे वाम मोर्चे के सत्ता से बाहर होने की संभावना जताई जा रही है. टुडेज चाणक्या के एग्जिट पोल के मुताबिक, UDF को 69 सीटें मिल सकती हैं, जो उसे बढ़त दिलाती हैं. वहीं LDF को 64 सीटों का अनुमान है, जिससे साफ है कि सत्ता की लड़ाई कांटे की टक्कर वाली हो सकती है. बीजेपी+ को 7 सीटें मिलने का अनुमान जताया गया है.
9 अप्रैल को हुई वोटिंग में 79.70 फीसदी मतदान हुआ था. 2 करोड़ 71 लाख वोटरों में से बड़ी तादाद ने वोट डाला. ज्यादा वोटिंग को LDF के लिए अच्छा संकेत माना जा रहा है क्योंकि उनके पारंपरिक वोटर ज्यादा सक्रिय रहे.
LDF यानी लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट जिसमें CPI(M) मुख्य पार्टी है और इसके नेता हैं पिनाराई विजयन. UDF यानी यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट जिसमें कांग्रेस मुख्य पार्टी है और इसके नेता हैं VD सतीसन. 2021 में LDF ने 99 सीटें जीती थीं और UDF सिर्फ 41 सीटों पर सिमटा था.
केरलम की 140 विधानसभा सीटों पर आज सुबह 8 बजे से वोटों की गिनती शुरू होगी. सभी की नजरें इस बात पर हैं कि क्या पिनाराई विजयन की LDF पार्टी तीसरी बार सरकार बनाएगी या कांग्रेस के नेतृत्व वाला UDF वापसी करेगा. बहुमत के लिए 71 सीटें चाहिए.