| Gender | Male |
| Age | 47 |
| State | BIHAR |
| Constituency | KUMHRAR |
इंद्रदीप कुमार चंद्रवंशी बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में कांग्रेस उम्मीदवार के तौर पर मैदान में हैं. उनकी उम्र 47 साल है और उनकी शैक्षिक योग्यता Doctorate है. उन पर दर्ज केसों की संख्या (2) है. उनकी कुल संपत्ति 82.8Lac रुपये है, जबकि उन पर 0 रुपये की देनदारी है.
Bihar Election Result 2025 Live: कुम्हरार विधानसभा सीट पर BJP को दोबारा मिली जीत
Bihar Assembly Election Results 2025 Live: दिग्गज कैंडिडेट्स के क्या हैं हाल?
Kumhrar Assembly Election Result Live: कुम्हरार में INC पीछे, BJP आगे! जानें वोटों का अंतर कितना
Kumhrar Election Result 2025 Live: कुम्हरार का रिजल्ट जानना है? यहां मिलेगा हर अपडेट
Kumhrar Vidhan Sabha Chunav Result Live: बिहार के पाटलिपुत्र क्षेत्र में पार्टियों/गठबंधनों का प्रदर्शन कैसा है?
Bihar Election Results Live: बिहार चुनाव में राजनीतिक गठबंधनों का प्रदर्शन कैसा है?
Serious IPC Counts
Education
Cases
self profession
| Property details | 2025 |
|---|---|
| Total Assets | 82.8Lac |
| Movable Assets | 31.2Lac |
| Immovable Assets | 51.6Lac |
| Liabilities | 0 |
| Self Income | 7.6Lac |
| Total Income | 12.2Lac |
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला हुआ है. मुख्यमंत्री पद से इस्तीफे के बाद नीतीश कुमार को Z प्लस कैटेगरी की सुरक्षा मिलेगी. बिहार सरकार के गृह विभाग ने इस संबंध में अधिसूचना जारी की है. इसी बीच नीतीश कुमार से जुड़ी एक और बड़ी खबर सामने आई है। 9 अप्रैल को नीतीश कुमार दिल्ली दौरे पर जाएंगे। 10 अप्रैल को राज्यसभा सांसद के रूप में शपथ लेंगे। इसके साथ ही बिहार में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया इसके साथ ही शुरू हो जाएगी
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में राजनीतिक दलों के चुनावी खर्च के आंकड़े दिलचस्प कहानी सुना रहे हैं. चुनाव आयोग में जमा आंकड़ों पर नजर डालने पर मालूम होता है कि सबसे ज्यादा खर्च बीजेपी ने किए, और सबसे कम मार्क्सवादी कम्यनिस्ट पार्टी ने - लेकिन सबसे दिलचस्प बात यह है कि सबसे महंगा विधायक किसे पड़ा है?
बिहार विधानसभा चुनाव की गूंज यूपी की सियासी जमीन पर भी सुनाई पड़ रही है. इसकी वजह यह है कि सीएम योगी आदित्यनाथ बिहार में एनडीए को जिताने के लिए मशक्कत कर रहे थे तो सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने महागठबंधन के लिए पूरी ताकत झोंक दी. ऐसे में सवाल उठता है कि बिहार का यूपी कनेक्शन क्या है?
इंडिया टुडे ने चुनाव आयोग के डेटा की गहराई से जांच की और पाया कि SIR और चुनाव नतीजों के बीच कोई सीधा या समझ में आने वाला पैटर्न दिखता ही नहीं. हर बार जब एक ट्रेंड बनता लगता है, तुरंत ही एक दूसरा आंकड़ा उसे तोड़ देता है. बिहार चुनाव में NDA ने 83% सीटें जीतीं, पर SIR से जुड़े नतीजे अलग कहानी कहते हैं.
बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजों में एक दिलचस्प पैटर्न सामने आया है. जहां सबसे ज्यादा वोटों के अंतर से जीती गई पांचों सीटें NDA के खाते में गईं, वहीं बेहद कम मार्जिन वाली सीटों पर अलग-अलग दलों की जीत दर्ज हुई. चुनावी आंकड़े बताते हैं कि भारी अंतर वाली सीटों पर NDA का दबदबा स्पष्ट दिखा जबकि कम अंतर वाली सीटों पर मुकाबला बेहद करीबी रहा.
jamui result shreyasi singh: जमुई विधानसभा सीट से दूसरी बार श्रेयसी ने राजद के मोहम्मद शमसाद आलम को 54 हजार वोटों से हराकर जीत हासिल की हैं.
बिहार चुनाव में महागठबंधन का प्रदर्शन बुरी तरह फ्लॉप रहा और RJD-कांग्रेस गठबंधन सिर्फ 35 सीटों पर सिमट गया. इसकी बड़ी वजहें थीं- साथी दलों के बीच लगातार झगड़ा और भरोसे की कमी, तेजस्वी को सीएम चेहरा बनाने का विवादास्पद फैसला, राहुल-तेजस्वी की कमजोर ट्यूनिंग और गांधी परिवार का फीका कैंपेन.
Kumhrar Vidhan Sabha Chunav Result: कुम्हरार विधानसभा सीट पर भारतीय जनता पार्टी ने संजय कुमार को चुनाव मैदान में उतारा और जीत दर्ज की. वहीं जन सुराज पार्टी ने यहां जाने-माने गणितज्ञ केसी सिन्हा पर दांव आजमाया, लेकिन सिन्हा इस सीट पर वोटों का गणित समझने में कामयाब नहीं हो सके. वे तीसरे नंबर पर रहे.
बिहार चुनाव में पटना की कुम्हरार सीट पर बीजेपी के एक फैसले से सियासी घमासान मच गया है. पार्टी ने अपने मौजूदा कायस्थ विधायक अरुण कुमार सिन्हा का टिकट काटकर वैश्य समाज के संजय गुप्ता को मैदान में उतारा है, जिससे कायस्थ समाज में भारी नाराजगी है. कुम्हरार में करीब 70,000 कायस्थ मतदाता हैं और यह सीट 1990 से बीजेपी का गढ़ रही है.
बिहार चुनाव में टिकट काट एंटी इनकम्बेंसी से निपटने का दांव कुछ सीटों पर राजनीतिक दलों को उल्टा पड़ता दिख रहा है. पटना के कुम्हरार की लड़ाई कायस्थ अस्मिता पर आ गई है और चुनाव रणनीतिकार से राजनेता बने प्रशांत किशोर के दांव से बीजेपी फंस गई है.