भारतीय वायु सेना की प्रसिद्ध सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम (SKAT) अपनी स्थापना के 30 वर्ष पूरे कर रही है. 26 मई 2026 को टीम अपने 30वें वर्षगांठ का जश्न मनाएगी. पिछले तीन दशकों से यह टीम पूरे देश और विदेश में शानदार एयर शो प्रस्तुत करके लाखों लोगों को प्रेरित करती आ रही है. Photo: IAF
सूर्यकिरण टीम को भारतीय वायु सेना का राजदूत कहा जाता है. नौ विमानों की यह फॉर्मेशन टीम बेहद कम ऊंचाई पर करीबी फॉर्मेशन में उड़ान भरते हुए दिल दहला देने वाले जटिल करतब दिखाती है. सूर्यकिरण नाम का अर्थ है सूर्य की किरणें. Photo: IAF
यह टीम 27 मई 1996 को कर्नाटक के बिदर एयर फोर्स स्टेशन पर स्थापित की गई थी. शुरू में टीम किरण Mk-II विमानों पर उड़ान भरती थी. सितंबर 1996 में कोयंबटूर में टीम ने अपना पहला सार्वजनिक प्रदर्शन किया था, जिसके बाद इसकी यात्रा शुरू हुई. पिछले 30 वर्षों में सूर्यकिरण टीम ने 800 से भी ज्यादा शानदार एयर डिस्प्ले किए हैं. Photo: IAF
टीम ने भारत के अलावा चीन, श्रीलंका, म्यांमार, थाईलैंड, सिंगापुर और संयुक्त अरब अमीरात जैसे देशों में भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है. 2015 से टीम रेड एंड व्हाइट हॉक Mk-132 विमानों का इस्तेमाल कर रही है, जो नौ विमानों के फॉर्मेशन में उड़ान भरते हैं. Photo: IAF
सूर्यकिरण टीम के पायलट बेहद कठिन और गहन प्रशिक्षण लेते हैं. उन्हें करीबी फॉर्मेशन फ्लाइंग और जटिल एरोबेटिक मैन्यूवर में महारत हासिल करनी पड़ती है. पूरी टीम में परफेक्ट समन्वय और समर्पण होता है, जिसकी वजह से वे इतने खतरनाक करतब बिना किसी गलती के दिखा पाते हैं. Photo: IAF
इन प्रदर्शनों से न सिर्फ युवाओं में वायुसेना के प्रति आकर्षण बढ़ता है, बल्कि देश की वायु शक्ति का भी विश्व स्तर पर प्रचार होता है. 30 साल में टीम ने भारतीय वायुसेना की छवि को विश्व स्तर पर मजबूत किया है. चाहे घरेलू एयर शो हों या अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शन, सूर्यकिरण हमेशा अपनी बेहतरीन उड़ान और अनुशासन के लिए सराहा गया है. Photo: IAF
टीम के सदस्यों ने न सिर्फ अपनी मेहनत से रिकॉर्ड बनाए, बल्कि आने वाली पीढ़ी के पायलटों को भी प्रेरित किया है. 26 मई 2026 को बिदर एयर फोर्स स्टेशन पर होने वाले मुख्य समारोह में टीम के सभी पूर्व और वर्तमान सदस्य शामिल होंगे. Photo: IAF
यह उत्सव भारतीय वायुसेना की भावना और सूर्यकिरण टीम के हर सदस्य के योगदान को समर्पित होगा, जिन्होंने टीम को दुनिया की बेहतरीन एरोबेटिक टीमों में शामिल किया. Photo: IAF
सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम न सिर्फ एक प्रदर्शन टीम है, बल्कि अनुशासन, साहस, समर्पण और टीम वर्क का जीवंत उदाहरण है. 30 वर्ष पूरे करने पर पूरी टीम को बधाई. उनकी यह उपलब्धि भारतीय वायुसेना के लिए गर्व की बात है और युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बनी रहेगी. Photo: IAF