scorecardresearch
 

समलैंगिक संबंध बनाने को मजबूर की जाती थीं सरकारी बालिका गृह की बच्चियां

मुजफ्फरपुर की SSP हरप्रीत कौर ने बताया कि मेडिकल में कई लड़कियों के साथ रेप की पुष्टि हुई है. इतना ही नहीं पीड़ित बच्चियों ने बताया कि उन्हें समलैंगिंक संबंध बनाने के लिए भी मजबूर किया जाता था.

मुजफ्फरपुर के सरकारी बालिक गृह में बच्चियों का यौन शोषण मुजफ्फरपुर के सरकारी बालिक गृह में बच्चियों का यौन शोषण

बिहार के मुजफ्फरपुर में स्थित सरकारी बालिग गृह में शरण लेने वाली बच्चियों के यौन शोषण केस में नया खुलासा हुआ है. पुलिस की मानें तो सरकारी बालिका गृह में काम करने वाली एक महिलाकर्मी पीड़ित बच्चियों से जबरन समलैंगिंग संबंध बनाती थी.

मुजफ्फरपुर की SSP हरप्रीत कौर ने बताया कि मेडिकल में कई लड़कियों के साथ रेप की पुष्टि हुई है. इतना ही नहीं पीड़ित बच्चियों ने बताया कि उन्हें समलैंगिंक संबंध बनाने के लिए भी मजबूर किया जाता था.

उन्होंने यह भी बताया कि सरकारी बालिका गृह का संचालन करने वाले व्यक्ति को बच्चियों के यौन शोषण की पूरी जानकारी थी, लेकिन उन्होंने इसे रोकने की कोशिश नहीं की. बता दें कि कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यहां तक कहा गया है कि इस सरकारी बालिका गृह से नेताओं और अधिकारियों तक को बच्चियां सप्लाई की जाती थीं.

बता दें कि मुजफ्फरपुर के इस सरकारी बालिका गृह का संचालन स्वयंसेवी संस्था 'सेवा संस्थान संकल्प एवं विकास समिति' करती थी. एसएसपी हरप्रीत कौर ने बताया कि इस मामले में आने वाले दिनों में कुछ और लोगों को हिरासत में लिया जा सकता है. हालांकि जांच प्रभावित होने की आशंका जाहिर करते हुए उन्होंने उन लोगों के नाम उजागर नहीं किए, जिन पर पुलिस को शक है.

एसएसपी ने बताया कि ऐसा लग रहा है कि यौन शोषण का यह मामला कई जिलों तक फैला हुआ है और मामले की गहराई से जांच के लिए CID की मदद ली जा सकती है. उन्होंने मामले की सुनवाई स्पीडी ट्रायल के तर्ज पर करवाए जाने की भी बात कही. पुलिस ने बताया कि अब तक इस मामले में इलाके के रसूखदार ब्रजेश ठाकुर समेत सात महिलाओं से पूछताछ के बाद उन्हें जेल भेज दिया गया है.

TISS की ऑडिट रिपोर्ट से हुआ खुलासा

मुंबई के टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस (TISS) की एक टीम ने राज्य के सभी बालिका गृहों का सोशल ऑडिट किया था. टीम ने 26 मई को अपनी रिपोर्ट बिहार सरकार और मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन को भेजी, जिसमें लड़कियों के यौन शोषण का खुलासा किया गया है.

रिपोर्ट में टीम ने स्वयंसेवी संस्था 'सेवा संस्थान संकल्प एवं विकास समिति ' के खिलाफ तत्काल कानूनी प्रक्रिया शुरू करने और गहन छानबीन के साथ कार्रवाई करने की भी सिफारिश की है. 'सेवा संस्थान संकल्प विकास समिति' के खिलाफ FIR दर्ज कराई है, जिसमें साजिश रचकर यौन शोषण करने का आारोप लगाया गया है.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें