बाहुबली मुख्तार अंसारी (Mukhtar Ansari) के बेटे अब्बास अंसारी ने पिता की लखनऊ में पेशी से पहले प्रशासन पर बड़ा आरोप लगाया है. अब्बास अंसारी ने रविवार रात ट्वीट कर कहा कि उनके पिता को प्रशासन आधी रात को साजिश के तहत बांदा जेल से लखनऊ के जाने की कोशिश में लगा था जो कि शक पैदा करती है.
बता दें कि आज शत्रु संपत्ति फर्जी दस्तावेज मामले में लखनऊ कोर्ट में मुख्तार अंसारी की पेशी होनी है. इस पहले अब्बास अंसारी के कई ट्वीट करके प्रशासन को घेरा.
बेटे अब्बास अंसारी का कहना था कि देर रात जिला अधिकारी, पुलिस अधीक्षक बिना नंबर प्लेट की इनोवा में जेल पहुंचे थे और जेल प्रशासन कोई जवाब नहीं दे रहा था.
सारी रात तथा कथित उच्च अधिकारी बांदा जेल के अंदर बाहर करते रहे और मीडिया के द्वारा किए हर सवालों से बचते रहे | अब एंबुलेंस जेल गेट पर खड़ी है पर प्रशासन अभी भी मौन है |
— Abbas Bin Mukhtar Ansari (@AbbasAnsari_)
शत्रु संपत्ति फर्जी दस्तावेज मामले में पेशी से पहले रविवार रात अंसारी के वकील काजी शबिउर्रहमान ने जेल अधीक्षक बांदा को पत्र लिखकर कहा था कि बीमारी के चलते मुख्तार अंसारी को कोर्ट में पेश ना किया जाए. वह उनकी तरफ से कोर्ट में पेश होकर सारी न्यायिक प्रक्रिया को पूरा करेंगे.
मुख्तार के खिलाफ क्या है मामला?
मुख्तार अंसारी, उनके बेटे उमर अंसारी और अब्बास अंसारी के खिलाफ लखनऊ के जियामऊ इलाके में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर शत्रु संपत्ति हथिया कर उस पर अवैध निर्माण कराने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज हुई थी. लखनऊ के हजरतगंज कोतवाली में यह एफआईआर जियामऊ के प्रभारी लेखपाल सुरजन लाल की शिकायत पर की गई थी.
लेखपाल ने अपनी शिकायत में कहा था कि जिस भूमि पर मुख्तार और उनके बेटों का कब्जा था, वह मोहम्मद वसीम के नाम दर्ज थी, लेकिन वसीम के पाकिस्तान चले जाने के बाद यह संपत्ति शत्रु संपत्ति के रूप में दर्ज हो गई. इस बीच मुख्तार और उनके बेटों ने दस्तावेजों को तैयार कर इस पर कब्जा कर लिया था. इस मामले में मुख़्तार अंसारी (Mukhtar Ansari) आज लखनऊ कोर्ट में पेश हो सकते हैं.