महाराष्ट्र के डोंबिवली से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने वर्चुअल और क्राइम वर्ल्ड के खतरनाक गठजोड़ को भी उजागर कर दिया है. वहां एक रील स्टार के घर से हथियारों का बड़ा जखीरा बरामद हुआ है. जिसे देखकर पुलिस भी हैरान रह गई. आरोपी कोई आम व्यक्ति नहीं, बल्कि सोशल मीडिया पर गैंगस्टर स्टाइल वीडियो बनाकर मशहूर होने वाला एक शख्स है. इस खुलासे के बाद यह सवाल भी उठने लगा है कि आखिर सोशल मीडिया की आड़ में कितना बड़ा क्राइम नेटवर्क पनप रहा है.
मामला ठाणे जिले के डोंबिवली इलाके का है, जहां पुलिस ने रील स्टार सुरेंद्र पांडुरंग पाटील को दोबारा गिरफ्तार किया है. 55 वर्षीय पाटिल एक बिल्डर होने के साथ-साथ हिस्ट्रीशीटर भी बताया जा रहा है. उसके खिलाफ पहले से ही कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें बलात्कार जैसे संगीन आरोप भी शामिल हैं. हाल ही में वह एक मामले में जमानत पर जेल से बाहर आया था, लेकिन महज 15 दिन के भीतर ही फिर कानून के शिकंजे में आ गया.
क्राइम ब्रांच को गुप्त सूचना मिली थी कि पाटिल के घर में अवैध हथियार छिपाकर रखे गए हैं. इसी इनपुट के आधार पर शनिवार देर रात दावड़ी स्थित उसके बंगले पर छापेमारी की गई. पुलिस टीम ने जब घर की तलाशी शुरू की, तो शुरुआत में कुछ खास नहीं मिला. लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, एक ऐसा खुलासा हुआ जिसने सभी को हैरान कर दिया.
तलाशी के दौरान पुलिस को जूते रखने वाले एक रैक में संदिग्ध संरचना दिखाई दी. जब अधिकारियों ने ध्यान से जांच की, तो उसमें एक गुप्त खांचा यानी सीक्रेट कंपार्टमेंट मिला. इस नकली पैनल को हटाते ही अंदर से भारी मात्रा में हथियारों का जखीरा बरामद हुआ. यह पूरा सिस्टम इतनी चालाकी से बनाया गया था कि पहली नजर में किसी को शक भी न हो.
पुलिस ने इस गुप्त खांचे से 7 बंदूकें, 371 जिंदा कारतूस और 167 एयर गन की गोलियां बरामद कीं. इसके अलावा तलवार, चाकू, कोयते और कई अन्य धारदार हथियार भी जब्त किए गए. बरामद हथियारों की कुल कीमत करीब 10 लाख रुपये बताई जा रही है. जांच में यह भी सामने आया कि 5 हथियार देसी पिस्तौल और रिवॉल्वर हैं, जबकि कुछ पर ‘Made in USA’ और ‘Special Auto’ जैसी नक्काशी भी मिली है.
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह पूरा हथियारों का जखीरा पूरी तरह इस्तेमाल के लिए तैयार हालत में रखा गया था. यानी जरूरत पड़ने पर इनका तुरंत इस्तेमाल किया जा सकता था. यही वजह है कि पुलिस इस मामले को बेहद गंभीरता से ले रही है. अब यह जांच की जा रही है कि इन हथियारों का इस्तेमाल किन गतिविधियों में किया जाना था और इनके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो नहीं है.
आरोपी सुरेंद्र पाटिल का दावा है कि वह इन हथियारों का इस्तेमाल अपने सोशल मीडिया वीडियो में प्रॉप्स के तौर पर करता था. उसके इंस्टाग्राम पर 3 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स हैं और वह गैंगस्टर स्टाइल कंटेंट बनाता रहा है. हालांकि पुलिस उसके इस दावे को लेकर संतुष्ट नहीं है और हर पहलू की गहराई से जांच कर रही है. अधिकारियों को शक है कि मामला सिर्फ वीडियो तक सीमित नहीं हो सकता.
फिलहाल, पुलिस ने पाटिल के खिलाफ आर्म्स एक्ट और महाराष्ट्र पुलिस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे दोबारा जेल भेज दिया है. जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि कहीं इन हथियारों की सप्लाई किसी आपराधिक गिरोह को तो नहीं की जा रही थी. यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि सोशल मीडिया पर लोकप्रियता पाने की होड़ में कुछ लोग किस हद तक कानून तोड़ने को तैयार हैं, जो समाज के लिए गंभीर खतरा बन सकता है.
(ठाणे से मिथलेश गुप्ता का इनपुट)