Abbas Araghchi US-Israel-Iran War LIVE: ईरान लगातार अरब देशों में अमेरिका-इजरायल के ठिकानों पर हमले कर रहा है. इस बीच ईरानी विदेश मंत्री सैय्यद अब्बास अराघची ने अरब देशों को भाईचारे का संदेश दिया है. अराघची ने सऊदी अरब को ईरान का भाई बताया है और कहा है कि ईरान के निशाने पर सिर्फ अमेरिका और इजरायल के ठिकाने हैं
अराघची ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ईरान सऊदी अरब साम्राज्य का सम्मान करता है और उसे अपना भाई मानता है. ईरानी विदेश मंत्री ने आगे कहा, हमारे अभियान उन दुश्मन आक्रमणकारियों के खिलाफ हैं जो न तो अरबों का सम्मान करते हैं और न ही ईरानियों का, और न ही किसी तरह की सुरक्षा दे सकते हैं.
अराघची ने अरब देशों से कहा कि ईरान ने अमेरिका और इजरायल के हवाई कमान के साथ जो किया, उसे देखना चाहिए. अराघची ने अरब देशों के कहा कि अमेरिकी सेना को अपने देश से बाहर निकालने का यही सही समय है.
मिडिल ईस्ट जंग की वजह से इंडोनेशिया ने ईंधन की राशनिंग का ऐलान किया. सरकारी कर्मचारियों को हफ्ते में एक दिन घर से काम करने का आदेश दिया है.
ईरान जंग पर यूएस रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ का बयान आया है. प्रेस कॉन्फ्रेंस में हेगसेथ ने कहा कि वह शनिवार को मिडिल ईस्ट गए थे, वहां उन्होंने अमेरिकी सैनिकों से बात की थी. हेगसेथ बोले, 'जंग में अमेरिका के पास ज्यादा, ईरान के पास सीमित ऑप्शन हैं. ईरान की तरफ से अब मिसाइल हमले कम हो गए हैं, आने वाले दिन निर्णायक होंगे. '
हेगसेथ ने आगे कहा कि ईरान में अमेरिकी हमलों के कारण बड़े पैमाने पर भगदड़ जैसी स्थिति है. वह बोले कि ईरान का नया शासन पिछले शासन से ज्यादा समझदार होना चाहिए.
ईरानी सेना के प्रवक्ता ने कहा कि इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान की सेना का हमला तब तक जारी रहेगा, जब तक कि अमेरिकी-इजरायली दुश्मनों को घुटनों पर न ला दिया जाए. उन्होंने कहा कि सेना ईरान में घुसने वालों के पैर काट देगी.
सऊदी अरब की राजधानी रियाद के दक्षिण-पूर्व में एक इलाके में ड्रोन को रोकने के दौरान उसका मलबा गिरा, जिससे दो लोग घायल हो गए. इसी इलाके में प्रिंस सुल्तान मिलिट्री बेस भी है, जहाँ पिछले हफ्ते ईरान के हमले में अमेरिका के 12 सैनिक घायल हो गए थे. अधिकारियों ने यह तो नहीं बताया कि ड्रोन कहां से आया था, लेकिन उन्होंने कहा कि ड्रोन का मलबा तीन घरों और कई गाड़ियों पर गिरा था.
जंग के बीच कतर के विदेश मंत्रालय के एक प्रवक्ता का बयान आया. उन्होंने कहा कि लेबनान में इजरायली घुसपैठ और बफर जोन की बातें अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन हैं. लेबनान की संप्रभुता का सम्मान करना जरूरी है, और वहां होने वाले हमले अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करते हैं.
लेबनान में तनाव कम करने के संबंध में अंतरराष्ट्रीय पक्षों के साथ समन्वय चल रहा है. ईरानी हमलों में कई 'रेड लाइनें' (सीमाएं) पार की गई हैं. पक्ष बातचीत की मेज के जितने करीब आएंगे, इस क्षेत्र के लिए उतना ही बेहतर होगा.
ईरान एक पड़ोसी देश है, और साथ मिलकर रहने का कोई न कोई रास्ता जरूर निकाला जाना चाहिए. तनाव का लगातार बढ़ना किसी के भी हित में नहीं होगा और इससे केवल और अधिक नुकसान ही होगा. होर्मुज का मुद्दा क्षेत्रीय है और इसका असर दुनिया भर में सभी पर पड़ता है.
इजरायल के रक्षा मंत्री काट्ज ने कहा कि लेबनान की सीमा के पास के गांवों में सभी घरों को तबाह कर दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि दक्षिणी लेबनान के जिन 600,000 निवासियों को वहां से निकाला गया है, वे तब तक वापस नहीं लौट पाएंगे जब तक उत्तरी इजरायल के निवासियों की सुरक्षा की गारंटी नहीं मिल जाती.
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि अब अमेरिकी सेनाओं के लिए पश्चिम एशिया क्षेत्र छोड़ने का वक्त आ गया है.
उत्तर प्रदेश के गाजीपुर से सपा सांसद अफजाल अंसारी मंगलवार को ईरानी दूतावास पहुंचे, जहां उन्होंने ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत पर दुख जताया और अमेरिका-इजरायल पर निशाना साधा. उन्होंने सोशल मीडिया पर अपील करते हुए इस युद्ध को इंसानियत के खिलाफ बताया. उन्होंने युद्ध को जुल्म करार दिया और जनता से अपील करते हुए कहा कि इसके खिलाफ आवाज उठाएं.
ईरान लगातार दुबई को निशाना बनाते हुए हमले कर रहा है. दुबई मीडिया के अनुसार, मंगलवार को ईरान ने दक्षिणी दुबई में हमले किए, जिससे घरों पर छर्रे गिरे. इससे चार लोगों को मामूली चोटें आई हैं और कई संपत्तियों को नुकसान हुआ है.
मिडिल ईस्ट में संघर्ष के बीच अमेरिका में पेट्रोल की कीमतें 2022 के बाद पहली बार औसतन 4 डॉलर प्रति गैलन से ऊपर पहुंच गई हैं. सामान्य पेट्रोल की राष्ट्रीय औसत कीमत अब 4.02 डॉलर है जो मिडिल ईस्ट संघर्ष बढ़ने से पहले की कीमत से एक डॉलर से अधिक है.
रिपोर्ट में कहा गया है कि कुछ राज्यों में कीमतें पहले ही 4 डॉलर प्रति गैलन से काफी ऊपर पहुंच चुकी हैं. इससे पहले ऐसी ही बढ़ोतरी लगभग चार साल पहले रूस द्वारा यूक्रेन पर आक्रमण के बाद हुई थी, जो वैश्विक ईंधन आपूर्ति पर जारी दबाव को उजागर करती है.
ईरान ने सेंट्रल इजरायल को निशाना बनाते हुए कई मिसाइलें दागीं हैं. इस हमले में 6 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आ रही है. मेडिकल कर्मियों का कहना है कि सेंट्रल इजरायल पर ईरानी मिसाइल हमले में 6 लोग मामूली रूप से घायल हुए हैं.
मौके पर मौजूद बचाव दल के अनुसार, ईरान द्वारा मध्य इजराइल पर किए गए मिसाइल हमले में छह लोग मामूली रूप से घायल हुए हैं. मैगन डेविड एडोम का कहना है कि ये छह लोग क्लस्टर बम के उप-बारूद के विस्फोटों से घायल हुए हैं.
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने खाड़ी में एक जहाज को निशाना बनाने की बात कही है. सरकारी समाचार एजेंसी तसनीम की रिपोर्ट के मुताबिक, जहाज नुकसान की सीमा या हताहतों के बारे में तत्काल कोई जानकारी नहीं दी गई है. ये दावा खाड़ी में बढ़ते समुद्री तनाव के बीच आया है, जहां ईरान-अमेरिका-इजराइल संघर्ष के दौरान जहाजरानी मार्गों पर खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है.
ईरान में जारी अपने सैन्य ऑपरेशन 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' को लेकर अमेरिका ने बड़ा ऐलान किया है.अमेरिका के वॉर विभाग ने बताया कि मंगलवार स्थानीय समयानुसार, सुबह आठ बजे (भारतीय समयानुसार शाम साढ़े छह बजे) प्रेस कॉन्फ्रेंस करेगा. उम्मीदें लगाई जा रही हैं कि इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में युद्ध को लेकर बड़ा ऐलान हो सकता है.
इजरायली रक्षा बल (आईडीएफ) का कहना है कि दक्षिणी लेबनान में तैनात सैनिकों ने हिज़्बुल्लाह के एक लड़ाके को पकड़ा है. सेना के अनुसार, ये 36वीं डिवीजन के बलों की निगरानी कर रहा था. सैनिकों ने उसे पकड़कर पूछताछ के लिए इजरायल ले गए हैं.
सेना का कहना है कि डिवीजन ने हिज़्बुल्लाह के दर्जनों लड़ाकों को भी मार गिराया, जिन्होंने बलों पर घात लगाकर हमला करने की कोशिश की थी और पिछले दिन दक्षिणी लेबनान में कई हथियार बरामद किए. सेना का कहना है कि एक घटना में सैनिकों ने आरपीजी (रैपिड पिग) लिए एक कार्यकर्ता को देखा और गोली चलाने से पहले ही उसे मार गिराया.
ईरान ने अपनी न्यायपालिका को बताया कि सरकारी इमारत पर हमले के दोषी दो लोगों को फांसी दी है. न्यायपालिका के समाचार आउटलेट के अनुसार, ईरान ने पीपुल्स मोजाहिदीन संगठन ऑफ ईरान से संबंध रखने और सरकारी इमारत पर लॉन्चर हथियारों से हमला करने समेत कई हमलों में शामिल होने के दोषी दो लोगों को फांसी दे दी है. सोमवार को इसी विपक्षी समूह से जुड़े दो अन्य लोगों को भी फांसी दी गई.
इजरायली सेना ने घोषणा की है कि सोमवार को दक्षिणी लेबनान में हिज़्बुल्लाह के साथ हुई झड़प में आईडीएफ के चार जवान की मौत हो गई और दो अन्य घायल हो गए. मृतकों की पहचान 22 वर्षीय कैप्टन
कैप्टन नोआम मदमोनी, 21 वर्षीय स्टाफ सार्जेंट बेन कोहेन, 21 वर्षीय, स्टाफ सार्जेंट मैक्सिम एंटिस के रूप में हुई है. ये सभी नाहल ब्रिगेड की यूनिट में तैनात थे.
सेना का कहना है कि चौथे जवान का नाम बाद में जारी किया जाएगा. इसके अलावा एक जवान गंभीर रूप से घायल हो गया और एक आरक्षित सैनिक को मामूली चोटें आईं हैं.
आईडीएफ की जांच के अनुसार, कल शाम लगभग 6:30 बजे दक्षिणी लेबनान के पश्चिमी क्षेत्र में ऑपरेशन के दौरान, नाहल टोही यूनिट के जवानों ने हिज़्बुल्लाह बंदूकधारियों के एक समूह को देखा. बंदूकधारियों से हुई मठभेड़ में कई आतंकी घायल हुए हैं. आईडीएफ का कहना है कि उसने भी इलाके में हिज़्बुल्लाह के आतंकवादियों के खिलाफ टैंक से गोलाबारी और हवाई हमले किए.
अमेरिका और इजरायल की ओर से ईरान पर भीषण हमले जारी हैं. इसी बीच आईआरजीसी ने मीनाब में छोटे हथियारों से 5 आत्मघाती ड्रोन मार गिराने का दावा किया है. आईआरजीसी ने बताया कि दक्षिणी ईरान के मीनाब में स्थानीय बासिज बलों ने आईआरजीसी जमीनी बलों के साथ मिलकर राइफलों और मशीनगनों का इस्तेमाल करते हुए पांच आत्मघाती ड्रोन मार गिराए हैं.
ईरान के आईआरजीसी ने कहा कि स्थानीय बासिज वॉलंटियर्स और जमीनी बलों ने 28 मार्च को मीनाब में पांच आत्मघाती ड्रोन मार गिराए. बताया जा रहा है कि ड्रोनों को राइफलों और मशीनगनों सहित हल्के हथियारों का उपयोग करके रोका गया.

अमेरिका-इजरायली हमलों के जवाब में ईरान लगातार मिडिल ईस्ट में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बना रहा है. इसी क्रम में ईरान ने सऊदी के अल-खारज प्रांत में एक ड्रोन दागा, जिससे एयर डिफेंस सिस्टम में तबाह कर दिया. इस बारे में जानकारी देते हुए सऊदी नागरिक सुरक्षा विभाग का कहना है कि अल-खारज प्रांत में एक ड्रोन के दुर्घटनाग्रस्त होने से गिरे मलबे के कारण छह घरों को मामूली नुकसान हुआ है. विभाग का कहना है कि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ.
ईरान और इजरायल के बीच भीषण बमबारी जारी है. इसी बीच ईरान ने इजरायल पर जोरदार हमला किया है. इस हमले की इजरायली सुरक्षाबलों ने पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि यरुशयल में 10 जगहों पर धमाकों की आवाज सुनी गई है.इजरायल की सेना का कहना है कि उसका एयर डिफेंस सिस्टम ईरानी मिसाइलों का जवाब दे रहा है, जबकि यरुशलम में सायरन बज रहे हैं.
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने मंगलवरा को एक बयान में कहा कि ईरान की वायु सेना ने सेंट्रल ईरान के इस्फ़हान शहर के ऊपर अमेरिकी निर्मित MQ-9 रीपर लंबी दूरी के ड्रोन को मार गिराया है.
बयान में कहा गया है, 'कुछ मिनट पहले इस्फ़हान के ऊपर एक MQ-9 रीपर ड्रोन को रोका गया और नष्ट कर दिया गया.' IRGC ने इस बात पर जोर दिया कि ड्रोन को 'एक उन्नत एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा नष्ट किया गया जो देश की एकीकृत वायु रक्षा प्रणाली का हिस्सा है.'
अमेरिका ईरान से इतने यूरेनियम बाहर निकालने की प्लानिंग पर काम कर रहा है जिससे 10 से 11 परमाणु बम बनाए जा सकते हैं. द वॉल स्ट्रीट जर्नल ने इस बाबत एक रिपोर्ट प्रकाशित की है. इसमें कहा गया है कि अमेरिका बहुत ही जटिल और खतरनाक मिशन पर काम कर रहा है. इसके तहत ट्रंप ईरान के एनरीच्ड 450 किलोग्राम यूरेनियम ईरान से निकालने के लिए एक ग्राउंड ऑपरेशन कर सकता है. अगर ये ऑपरेशन हुआ तो ये आधुनिक विश्व का बेहद जटिल और खतरनाक ऑपरेशन होगा. यहां पढ़ें पूरी खबर...
इजरायल की संसद ने सैन्य अदालतों में घातक हमलों के दोषी पाए गए फिलिस्तीनियों के लिए फांसी की सजा का प्रावधान करने वाला विधेयक पारित कर दिया है. आलोचकों का कहना है कि ये कानून केवल फिलिस्तीनियों पर लागू होता है जो धुर दक्षिणपंथी सहयोगियों के वादों को पूरा करता है और नए कानून के तहत असमान न्याय को लेकर चिंताएं पैदा करता है.
वॉल स्ट्रीट जर्नल (WSJ) की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सहयोगियों को बताया है कि वो ईरान के खिलाफ चल रहे अमेरिकी ऑपरेशन को खत्म करना चाहते हैं, भले ही स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का रास्ता काफी हद तक बंद क्यों न रहे. ट्रंप ने हाल के दिनों में अपने निकट सहयोगियों से कहा है कि वो ईरान में लंबे वक्त तक चलने वाले युद्ध से बचना चाहते हैं और आने वाले हफ्तों में संघर्ष को खत्म कर सकते हैं. रिपोर्ट में बताया गया है कि लगभग एक महीने से जारी इस सैन्य ऑपरेशन को ट्रंप चार से छह हफ्ते के अंदर खत्म करने की सार्वजनिक टाइमलाइन पर अड़े हुए हैं.
अमेरिका में पेट्रोल की औसत खुदरा कीमत 4 डॉलर प्रति गैलन के स्तर पर पहुंच गई है. अगस्त 2022 के बाद ये पहली बार है जब कीमतें इस आंकड़े तक पहुंची हैं.
अमेरिकी रक्षा मंत्रालय (पेंटागन) ने रक्षा सचिव हेगसेथ के. ब्रोकर ने ईरान हमले से ठीक पहले डिफेंस फंड खरीदने की कोशिश की खबरों को खारिज किया है. पेंटागन ने बताया कि हमले की जानकारी का इस्तेमाल किसी भी तरह के आर्थिक लाभ या निवेश के लिए नहीं किया गया था.
दुबई बंदरगाह पर एक बड़े कुवैती तेल टैंकर को ईरानी हमले में निशाना बनाया गया है. इस हमले के बाद 'अल-सल्मी' नाम के तेल टैंकर में भीषण आग लग गई, हालांकि राहत की बात ये है कि इस घटना में कोई भी हताहत नहीं हुआ है. कुवैत ने चेतावनी दी है कि इस हमले के कारण आसपास के समुद्री जल में तेल का रिसाव हो सकता है, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका है. अधिकारी स्थिति पर पैनी नजर रखे हुए हैं.
ब्रिटिश समुद्री व्यापार संचालन प्राधिकरण (UKMTO) ने जानकारी दी है कि संयुक्त अरब अमीरात के तट के पास एक तेल टैंकर पर मिसाइल या किसी प्रोजेक्टाइल से हमला किया गया. इस हमले के कारण जहाज पर आग लग गई.
इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान के साथ चल रहे युद्ध को खत्म करने को लेकर एक बड़ा बयान दिया है. उन्होंने बताया कि वो इस युद्ध के खत्म होने के लिए कोई समय सीमा तय नहीं कर रहे हैं.
इजरायली रक्षा बलों (IDF) ने जानकारी दी है कि उन्होंने हिजबुल्लाह की यूनिट 1800 के डिप्टी कमांडर हमजा इब्राहिम राकिन और उसी यूनिट के ऑपरेशन्स ऑफिसर को एक हमले में मार दिया है. राकिन, हिजबुल्लाह और दूसरे फिलिस्तीनी संगठनों के बीच एक मुख्य कड़ी के रूप में काम करता था. उसकी ये यूनिट लेबनान, गाजा, सीरिया और वेस्ट बैंक में सक्रिय आतंकी संगठनों के बीच तालमेल बिठाने और सैन्य गतिविधियों को कंट्रोल करने के लिए जिम्मेदार मानी जाती है.
यूएई के शारजाह में एक प्रशासनिक इमारत पर हमला हुआ है. शारजाह प्रशासन के मुताबिक, थुरैया टेलीकॉम की प्रशासनिक बिल्डिंग को ईरान की ओर से आए एक ड्रोन के जरिए निशाना बनाया गया है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर किए गए पोस्ट में अधिकारियों ने बताया कि इस हमले में किसी के घायल होने या हताहत होने की खबर नहीं है.
इराक में बगदाद एयरपोर्ट के पास स्थित एक अमेरिकी राजनयिक सुविधा को ड्रोन के जरिए निशाना बनाया गया. फिलहाल इस हमले में हुए नुकसान या किसी के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है.