साल 2026 के शुरुआती तीन महीने बेहद उतार-चढ़ाव भरे रहे, खासकर भारतीय शेयर बाजार के लिए ये संकट वाले महीने कह सकते हैं. दरअसल, मिडिल ईस्ट में तनाव की वजह से कच्चे तेल की कीमतों में उछाल, गिरते रुपये और विदेशी निवेशकों (FII) की लगातार बिकवाली के कारण सेंसेक्स और निफ्टी में इस साल अब तक करीब 14% की गिरावट दर्ज की गई है.
वहीं बाजार में डर को मापने वाला इंडेक्स India VIX भी लगभग तीन गुना बढ़ गया है. इन चुनौतियों के बावजूद ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल और बीएंडके सिक्योरिटीज ने वित्त वर्ष 2027 शेयर बाजार के नजरिये सकारात्मक रहने का अनुमान लगाया है.
फिलहाल निफ्टी गिरकर 22700 रुपये तक पहुंच गया है. ब्रोकरेज का कहना है कि कई ऐसे स्टॉक्स हैं, जो इस गिरावट में आकर्षक वैल्यूएशन पर नजर आ रहे हैं. इन दोनों ब्रोकरेज के वित्त वर्ष 2027 के लिए टॉप पिक्स (Top Stock Picks) शेयर्स ये रहे.
निफ्टी 50 में शामिल शेयरों की लिस्ट (MOSFL Picks):
ICICI Bank और SBI को चुना है, बैंकिंग सेक्टर में सबसे सुरक्षित और ग्रोथ वाले विकल्प के रूप में देखा जा रहा है.
Infosys: आईटी सेक्टर में अनिश्चितताओं के बावजूद इंफोसिस को लंबी अवधि के लिए बेहतर माना गया है.
Bharti Airtel: टेलीकॉम सेक्टर में मजबूत पकड़ के कारण यह टॉप पिक्स में शामिल है.
Titan और M&M: प्रीमियम कंजम्पशन और ऑटो सेक्टर की मजबूती का फायदा इन शेयरों को मिलने की उम्मीद है.
Bharat Electronics (BEL): डिफेंस सेक्टर में सरकार के बढ़ते खर्च का सीधा लाभ बीईएल को मिलने की संभावना है.
Tata Steel और Coal India: कमोडिटी और इंफ्रास्ट्रक्चर की मांग को देखते हुए इन दिग्गज शेयरों को शामिल किया गया है.
InterGlobe Aviation (IndiGo): हवाई यात्रा की बढ़ती मांग के चलते इंडिगो को एक मजबूत पिक माना गया है.
Eternal: अब तक शेयर में बड़ी गिरावट आ चुकी है, अब यहां से रिकवरी के संकेत दिख रहे हैं.
इसके अलावा ब्रोकरेज को Groww, AU Small Finance Bank, Max Financial, TVS Motors, Ashok Leyland, Dixon Tech, Premier Energies, Coforge, Radico Khaitan, Delhivery और Lenskart के शेयर फिलहाल पसंद हैं.
ब्रोकरेज फर्मों का मानना है कि बाजार में हालिया गिरावट के बाद वैल्यूएशन अब काफी आकर्षक हो गए हैं. निफ्टी अपने लंबी अवधि के औसत से डिस्काउंट पर ट्रेड कर रहा है, जो निवेशकों के लिए एंट्री का एक अच्छा मौका हो सकता है.
वहीं घरेलू मोर्चे पर, भारतीय निवेशकों (DII) का भरोसा मजबूत है. वित्त वर्ष 2026 में जहां विदेशी निवेशकों ने 20 अरब डॉलर निकाले, वहीं घरेलू निवेशकों ने 96 अरब डॉलर का निवेश किया है. निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से चर्चा जरूर करें.