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रियल एस्टेट में गुजरात का जलवा, अहमदाबाद बना नया 'टियर-1' शहर

साल 2025 में देश के टॉप 15 टियर-2 शहरों में घरों की बिक्री का कुल मूल्य ₹1.48 लाख करोड़ पर स्थिर रहा. PropEquity की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक भारत के रियल एस्टेट बाजार में एक बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है.

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बजट घरों से ज्यादा अब लग्जरी अपार्टमेंट्स पर है खरीदारों का फोकस (Photo: Pexels)
बजट घरों से ज्यादा अब लग्जरी अपार्टमेंट्स पर है खरीदारों का फोकस (Photo: Pexels)

महंगे घरों के बढ़ते क्रेज ने टियर-2 शहरों के रियल एस्टेट समीकरण बदल दिए हैं. साल 2025 में इन शहरों में ₹1.48 लाख करोड़ का कारोबार हुआ, लेकिन ऊंची कीमतों के चलते बिक्री की संख्या में 10% की कमी आई. PropEquity की रिपोर्ट के मुताबिक, इस ट्रेंड के बीच अहमदाबाद एक नए पावरहाउस के रूप में सामने आया है. मांग और सप्लाई के शानदार आंकड़ों की बदौलत अहमदाबाद ने टियर-2 का टैग पीछे छोड़ते हुए टियर-1 शहरों की लीग में अपनी ग्रैंड एंट्री की है.

बिक्री के मामले में विशाखापत्तनम में सबसे बड़ी गिरावट (38%) दर्ज की गई. इसके बाद भुवनेश्वर में 25% और वडोदरा में 19% की कमी आई. दूसरी ओर, मोहाली और लखनऊ इस गिरावट के ट्रेंड से बाहर रहे. मोहाली में बिक्री 34% और लखनऊ में 6% बढ़ी.

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प्रीमियम घरों का बढ़ता क्रेज 

बाजार अब महंगे घरों की तरफ झुक रहा है. रिपोर्ट बताती है कि ₹1 करोड़ से कम वाले घरों की बिक्री में 15% की कमी आई है.  इनका बाजार हिस्सा 2024 के 77% से घटकर अब 72% रह गया है. ₹1 करोड़ से महंगे घरों की बिक्री में 9% का उछाल आया है. बाजार में इनका हिस्सा 23% से बढ़कर अब 28% हो गया है.

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अहमदाबाद अब 'टियर-1' शहर

साल 2026 की शुरुआत के साथ ही, अहमदाबाद को अब आधिकारिक तौर पर 'टियर-1' शहर माना जा सकता है. घरों की लॉन्चिंग और उनकी बिक्री के मामले में अहमदाबाद ने कई स्थापित टियर-1 शहरों को पीछे छोड़ दिया है. विकास की रफ्तार और मांग की गहराई को देखते हुए, इसे अब भारत के प्रमुख शहरी केंद्रों (Tier-1) की सूची में शामिल किया गया है. 

नए घरों की सप्लाई में गिरावट और सेगमेंट का हाल साल 2025 में देश के टॉप 15 टियर-2 शहरों में नए घरों की सप्लाई में 6% की गिरावट देखी गई. आंकड़ों के मुताबिक, 2024 में लॉन्च हुए 1,45,139 यूनिट्स के मुकाबले 2025 में केवल 1,36,243 यूनिट्स ही बाजार में आए. यह कमी हर बजट के घरों में दर्ज की गई, जहां ₹1 करोड़ से कम कीमत वाले घरों की सप्लाई में 5% और ₹1 करोड़ से ऊपर के प्रीमियम घरों की सप्लाई में 8% की गिरावट आई.

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शहरों का प्रदर्शन और गुजरात का दबदबा लॉन्चिंग के मामले में मोहाली ने सबसे शानदार प्रदर्शन करते हुए 108% की भारी बढ़त दर्ज की, जबकि भोपाल में 66%, अहमदाबाद में 3% और जयपुर में 2% की वृद्धि हुई. इसके उलट, अन्य 11 शहरों में नई लॉन्चिंग में 57% तक की कमी आई, जिसमें भुवनेश्वर में सबसे तेज गिरावट देखी गई. रिपोर्ट की एक खास बात यह रही कि 2025 में हुई कुल लॉन्चिंग में गुजरात के चार शहरों (अहमदाबाद, वडोदरा, सूरत और राजकोट) की हिस्सेदारी 64% रही, जो रियल एस्टेट बाजार में इस राज्य के मजबूत दबदबे को दर्शाती है.

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रॉयल ग्रीन रियल्टी के एमडी यशांक वासन के अनुसार, टियर-2 शहरों का रियल एस्टेट मार्केट अब खरीदारों की पहली पसंद बन रहा है. उन्होंने कहा कि टियर-1 शहरों में बढ़ते दबाव और बेहतर विकल्पों की कमी के कारण युवा पीढ़ी अब बहादुरगढ़ और इंदौर जैसे शहरों को प्राथमिकता दे रही है. इन शहरों में आधुनिक लाइफस्टाइल, शानदार कनेक्टिविटी और मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर की वजह से प्रॉपर्टी की कीमतों में लगातार उछाल देखा जा रहा है.

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