शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच अनलिस्टेड मार्केट में एक कंपनी शेयरों में भारी गिरावट देखने को मिली है, जबकि यह शेयर पिछले कुछ सालों में तेजी दिखा रहा था. लेकिन जैसे ही इस कंपनी को लेकर आईपीओ की खबर आई, तो यह शेयर तेजी से गिर गया.
हम बात कर रहे हैं, ई-कॉमर्स कंपनी Zepto के बारे में. इस कंपनी के शेयर अनलिस्टेड मार्केट में तेजी से गिरे हैं. तीन महीने के दौरान नॉन-लिस्टेड शेयरों की वैल्यू 25 फीसदी तक कम हुई है. यह गिरकर 42-43 रुपये के स्तर पर आ गया है, जबकि फरवरी-मार्च 2026 में शेयर की कीमत लगभग 52-55 रुपये थी.
कब आ रहा कंपनी का IPO?
Zepto जून के पहले पखवाड़े में IPO के लिए आवेदन करने की तैयारी कर रही है, जिससे उसे 1 अरब डॉलर तक की धनराशि मिल सकती है. मामले से परिचित लोगों ने यह जानकारी दी. जुलाई में लॉन्च से पहले अगले महीने से रोडशो शुरू हो सकते हैं. सूत्रों ने बताया कि आईपीओ में देरी की संभावना नहीं है और कंपनी अपने अपडेटेड DRHP पर काम कर रही है, जिसे जल्द ही दाखिल किया जा सकता है. हालांकि, उन्होंने कोई तय डेडलाइन नहीं बताई है.
इस साल का दूसरा बड़ा आईपीओ हो सकता है
इस आईपीओ में नए शेयर जारी करने और मौजूदा निवेशकों द्वारा सेकेंड्री स्टॉक बिक्री शामिल होने की उम्मीद है, जिससे मिले पैसे का उपयोग विस्तार के लिए किया जाएगा. बातचीत जारी है और आईपीओ का आकार और समय अभी भी बदल सकता है. SBI म्यूचुअल फंड के आईपीओ के साथ, यह इस साल भारत का दूसरा अरब डॉलर का आईपीओ हो सकता है.
अक्टूबर में हुए अपने आखिरी 450 मिलियन डॉलर के फंडिंग राउंड में Zepto का वैल्यूवेशन 7 बिलियन डॉलर था. यह अमेज़न इंडिया, स्विगी, इटरनल के ज़ोमैटो और टाटा सपोर्टिव बिगबास्केट से कम्पीट करता है. यह एक्सिस कैपिटल, मोतीलाल ओसवाल और मॉर्गन स्टेनली, एचएसबीसी और गोल्डमैन सैक्स की यूनिट्स के साथ मिलकर काम कर रहा है.
कितनी रह सकती है शेयर की कीमत
दिल्ली-एनसीआर स्थित बुटीक फर्म अनलिस्टेडज़ोन के को-फाउंडर दिनेश गुप्ता ने कहा कि सेकेंड्री मार्केट में बढ़ती अस्थिरता के कारण शेयर की कीमत में गिरावट आई है और मौजूदा कीमतें काफी हद तक उचित हैं क्योंकि IPO की उम्मीद इन्हीं स्तरों के आसपास है. उनका अनुमान है कि Zepto IPO से 40,000-44,000 करोड़ रुपये के वैल्यूवेशन पर 10,000-11,000 करोड़ रुपये जुटाएगी.
(नोट- किसी भी शेयर में निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की मदद जरूर लें.)