कहते हैं बच्चे भगवान का रूप होते हैं. लेकिन अगर यही बच्चे करोड़ों रुपये की Ferrari को अपना खेल का मैदान बना लें, तो भगवान भी शायद एक बार हिसाब-किताब पूछ लें. चीन में कुछ ऐसा ही हुआ. 5 करोड़ रुपये की सुपरकार पर बच्चों ने ऐसे खेला, जैसे वह पार्क की स्लाइड हो. मालिक लौटा तो कार स्क्रैच और डेंट से भरी मिली. बात माफी और मुआवजे तक पहुंची, लेकिन जब वहां भी रास्ता नहीं निकला तो मामला सीधे अदालत पहुंचने की राह पर है. अब फैसला जज करेंगे कि आखिर बच्चों की शरारत की कीमत कौन और कितना चुकाएगा?
यह मामला चीन के दक्षिण-पश्चिमी युन्नान प्रोविंस के कुनमिंग शहर का है. साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट के अनुसार इसी शहर के रहने वाले झांग कुछ दिनों के लिए शहर से बाहर गए हुए थें. इस दौरान उन्होंने अपनी सुर्ख लाल रंग की Ferrari 488 GTB घर के बाहर खड़ी की थी. जब वो वापस लौटे तो कार की हालत देखकर उनके होश उड़ गए. दरअसल, कार की बॉडी, बोनट, छत, फेंडर, टेललाइट और खिड़कियों पर गहरी खरोंचें थीं.
जब उन्होंने अपने पड़ोसियों से इस बारे में पूछा तो पता चला कि, कुछ बच्चे उनकी गैरमौजूदगी में कार के साथ खेल रहे थें और कार पर स्लाइडिंग कर रहे थें. जिसके बाद झांग ने पास में CCTV कैमरा के फुटेज को चेक किया. तो पता चला कि, 10 साल से कम उम्र के चार बच्चों ने इस सुपरकार को खेल का सामान बना लिया था. सोशल मीडिया पर वायरल CCTV फुटेज में बच्चे कार के शीशों पर फिसलते हुए नजर आए. इतना ही नहीं, उन्होंने बांस की डंडियों से भी कार पर वार किया. कुछ देर की इस शरारत ने करोड़ों की सुपरकार को भारी नुकसान पहुंचा दिया.
दिलचस्प बात यह रही कि फेरारी मालिक ने सिर्फ कार नहीं देखी, बल्कि उन बच्चों के परिवार की हालत भी समझी. खुद एक पिता होने के कारण उसने फैसला किया कि वह अपनी सुपरकार को Ferrari के अधिकृत सर्विस सेंटर पर ठीक नहीं कराएगा, क्योंकि वहां मरम्मत का खर्च ज्यादा आ सकता था. इसके अलावा बच्चों के माता-पिता के लिए बहुत भारी पड़ सकता था.
रिपोर्ट के मुताबिक, Ferrari के अधिकृत सर्विस सेंटर से कार की मरम्मत पर कम से कम 1 लाख युआन (करीब 95 लाख रुपये) का खर्च आने का अनुमान था. ऐसे में मालिक ने लोकल वर्कशॉप का रुख किया, जहां पूरी मरम्मत करीब 29,360 युआन यानी लगभग 28 लाख रुपये में पूरी हो गई. हालांकि कम खर्च में कार ठीक कराने का फैसला लेने के बावजूद कार मालिक ने कानूनी लड़ाई लड़ने का फैसला किया.
इस मामले को लेकर झांग लोकल पुलिस स्टेशन पहुंचा और बच्चों के माता-पिता के सामने नुकसान का पूरा हिसाब रखा. लेकिन उनकी ओर से जो जवाब मिला, उससे वह नाराज हो गया. रिपोर्ट के अनुसार, बच्चों के माता-पिता सिर्फ 5,000 युआन (करीब 4.75 लाख रुपये) देने को तैयार थे. इतना ही नहीं, उन्होंने अपने बच्चों से कार मालिक झांग से माफी तक नहीं मंगवाई.
लोकल रिपोर्ट के अनुसार, झांग का कहना है कि वह सिर्फ कार की मरम्मत पर आया खर्च ही मांग रहा है. अगर समझौता नहीं होता है, तो वह बच्चों के माता-पिता के खिलाफ सिविल कोर्ट में मुकदमा दायर करेगा.