ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने सोमवार को कहा कि कतर में फ्रीज ईरान के 12 अरब डॉलर की संपत्ति में से छह अरब डॉलर की संपत्ति जल्द ही डीफ्रीज की जाएगी. यह बयान ऐसे समय में आया है, जब हाल में फारस की खाड़ी में हुए हमलों की वजह से अमेरिका और ईरान के बीच चल रही वार्ताओं पर अनिश्चितता के बादल मंडरा रहे हैं.
कहा जा रहा है कि पेजेश्कियान का यह बयान देश की आवाम को अंतरिम समझौते के पक्ष में भरोसा दिलाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है. खासकर तब, जब होर्मुज पर ईरान की पकड़ को चुनौती देने के लिए ओमान के समुद्री क्षेत्र को खाड़ी में आने-जाने वाले जहाजों के लिए खोलने की कोशिशें हो रही हैं.
ईरान के हमलों और धमकियों की वजह से होर्मुज से मालवाहक जहाजों और तेल टैंकरों की आवाजाही लगभग ठप हो गई थी. शांतिकाल में दुनिया का करीब 20 फीसदी तेल और प्राकृतिक गैस का व्यापार इसी जलमार्ग से होता है. इस रुकावट ने वैश्विक ऊर्जा संकट को जन्म दिया. हालांकि होर्मुज ईरान और ओमान के समुद्री क्षेत्र के बीच स्थित है, लेकिन लंबे समय से इसे एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग माना जाता रहा है.
पिछले कुछ दिनों में ईरान ने ओमान की ओर से गुजरने वाले समुद्री मार्ग पर दो बार जहाजों को निशाना बनाया, जिसके जवाब में अमेरिका ने हवाई हमले किए. इससे दोनों देशों के बीच युद्ध समाप्त करने के लिए चल रही औपचारिक वार्ता पर भी असर पड़ने की आशंका बढ़ गई. रविवार को ईरान ने बहरीन और कुवैत को निशाना बनाकर ड्रोन और मिसाइल हमले भी किए.
इस बीच वार्ता में अहम मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे पाकिस्तान ने कहा है कि अंतरिम समझौते की शर्तों पर अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत मंगलवार से फिर शुरू होगी. वहीं, ट्रंप प्रशासन ने रविवार को कहा कि कोई भी वार्ता रद्द नहीं हुई है और तकनीकी स्तर की बातचीत तय कार्यक्रम के अनुसार अगले कुछ दिनों में जारी रहेगी. हालांकि ईरान ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि वह इन वार्ताओं में हिस्सा लेगा या नहीं.
छह अरब डॉलर ईरान को मिलेंगे
सरकारी समाचार एजेंसी IRNA के अनुसार, पेजेश्कियान ने अंतरिम समझौते की सराहना करते हुए इसे ईरानी जनता की बड़ी जीत बताया. उन्होंने कहा कि तय योजना के मुताबिक कतर में मौजूद ईरान की कुल 12 अरब डॉलर की संपत्ति में से 6 अरब डॉलर जारी कर देश को वापस दिए जाएंगे. इसके लिए जरूरी कार्रवाई की जा रही है. हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि यह राशि कब और किस प्रक्रिया के तहत जारी होगी.
ईरान की इस्लामी व्यवस्था में सुधारवादी माने जाने वाले पेजेश्कियान ईरान के सबसे वरिष्ठ ईरानी अधिकारी हैं, जिन्होंने पहली बार सार्वजनिक रूप से कतर में फंसी इस राशि के जारी होने का जिक्र किया. कतर और पाकिस्तान दोनों ही अमेरिका-ईरान वार्ता में प्रमुख मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं.
हालांकि अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि अब तक ईरान की कोई भी फ्रीज संपत्ति डीफ्रीज नहीं की गई है. कतर ने भी किसी तरह के मनी ट्रांसफर की पुष्टि नहीं की है.
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