भारत और त्रिनिदाद एंड टोबैगो ने कई महत्वपूर्ण समझौतों पर किए हस्ताक्षर, सांस्कृतिक-स्वास्थ्य और विकास को मिलेगी नई दिशा

भारत और त्रिनिदाद एंड टोबैगो ने छह महत्वपूर्ण समझौते पर साइन किए हैं जो दोनों देशों के संबंधों को नई दिशा देंगे. वहीं, पीएम नरेंद्र मोदी को त्रिनिदाद एंड टोबैगो की उनकी समकक्ष कमला प्रसाद-बिसेसर द्वारा आयोजित रात्रिभोज के दौरान सोहारी के पत्ते पर भोजन परोसा गया. जिसे पीएम ने महान सांस्कृतिक महत्व का बताया है.

Advertisement
PM मोदी और कमला प्रसाद. PM मोदी और कमला प्रसाद.

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 05 जुलाई 2025,
  • अपडेटेड 1:11 AM IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ऐतिहासिक त्रिनिदाद एंड टोबैगो यात्रा के दौरान भारत और कैरेबियाई देश ने छह महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoUs) पर साइन किए हैं. इन समझौतों से दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को एक नई मजबूती मिलेगी. ये समझौते शिक्षा, खेल, स्वास्थ्य और संस्कृति जैसे विभिन्न क्षेत्रों में दोनों देशों के सहयोग को बढ़ावा देंगे.

औषधीय गुणवत्ता को बढ़ावा देने के लिए भारत और त्रिनिदाद एंड टोबैगो ने इंडियन फार्माकोपिया MoU पर साइन किए हैं. इस समझौते से भारतीय दवाइयों को त्रिनिदाद व टोबैगो के बाजार में बेहतर पहुंच मिलेगी और वहां के नागरिकों को गुणवत्तायुक्त और सस्ती दवाइयां उपलब्ध होंगी. इससे स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा सुधार आने की उम्मीद है.  यह समझौता न केवल भारत के फार्मास्यूटिकल क्षेत्र की वैश्विक साख को मजबूत करेगा, बल्कि T&T में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में भी सुधार लाएगा.

Advertisement

दोनों देशों ने क्विक इम्पैक्ट प्रोजेक्ट (QIPs) के लिए भारतीय अनुदान सहायता पर एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं. ये समझौता दोनों देशों के बीच विकास सहयोग साझेदारी को और मजबूत करेगा. QIPs के जरिए से त्रिनिदाद व टोबैगो में जमीनी स्तर पर कई छोटी लेकिन प्रभावशाली प्रोजेक्ट शुरू किए जा सकेंगे जो स्थानीय समुदायों के लिए त्वरित लाभ प्रदान करेंगी और सामाजिक-आर्थिक विकास को गति देगा.

सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम (2025-2028)

भारत और त्रिनिदाद व टोबैगो ने 2025 से 2028 तक की अवधि के लिए सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम पर सहमति जताई है. इस योजना के अंतर्गत दोनों देशों के कलाकारों, सांस्कृतिक समूहों और छात्रों को एक-दूसरे के देश में अपनी कला और संस्कृति को प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा. यह कार्यक्रम दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक संबंधों को और गहरा करेगा.

Advertisement

खेल के क्षेत्र में सहयोग पर MoU

भारत और त्रिनिदाद एंड टोबैगो ने खेल के क्षेत्र में भी सहयोग को लेकर MoU पर हस्ताक्षर किए हैं. इस समझौते के तहत खेल प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता और खेल आयोजनों के आयोजन में सहयोग किया जाएगा. यह न केवल खिलाड़ियों को नए अवसर प्रदान करेगा, बल्कि दोनों देशों के युवाओं के बीच मैत्रीपूर्ण संबंधों को भी प्रोत्साहित करेगा.

कूटनीतिक प्रशिक्षण में सहयोग

भारत और त्रिनिदाद एंड टोबैगो के बीच कूटनीतिक प्रशिक्षण पर सहयोग के लिए भी MoU पर हस्ताक्षर हुए हैं. यह समझौता कूटनीतिक संबंधों को और मजबूत करने में सहायक होगा और दोनों देशों के अधिकारियों को एक-दूसरे की सर्वोत्तम प्रथाओं से सीखने का अवसर प्रदान करेगा.

हिंदी और इंडियन स्टडीज के लिए ICCR चेयर की पुन:स्थापना

दोनों देशों ने वेस्ट इंडीज विश्वविद्यालय (UWI) में हिंदी और भारतीय अध्ययन के लिए दो ICCR (भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद) चेयर की पुनर्स्थापना पर एक MoU पर हस्ताक्षर किए हैं. यह समझौता भारतीय संस्कृति, भाषा और इतिहास के अध्ययन को बढ़ावा देगा. हिंदी और भारतीय अध्ययन के लिए ये चेयर न केवल शैक्षिक सहयोग को बढ़ाएंगे, बल्कि त्रिनिदाद और टोबैगो में भारतीय डायस्पोरा के बीच सांस्कृतिक जागरूकता को भी प्रोत्साहित करेंगे.

इससे पहले पीएम नरेंद्र मोदी को त्रिनिदाद एंड टोबैगो की उनकी समकक्ष कमला प्रसाद-बिसेसर द्वारा आयोजित रात्रिभोज के दौरान सोहारी के पत्ते पर भोजन परोसा गया, जिसे उन्होंने "महान सांस्कृतिक महत्व" का बताया.

Advertisement

पीएम ने एक्स पर अपनी कुछ तस्वीरें भी पोस्ट कीं, जिनमें वे त्रिनिदाद और टोबैगो के प्रधानमंत्री के बगल में सोहारी पत्ते पर भोजन करते हुए दिखाई दे रहे हैं.

मोदी ने एक्स पर अपने पोस्ट में कहा कि सोहारी पत्ता त्रिनिदाद और टोबैगो के लोगों के लिए बहुत सांस्कृतिक महत्व रखता है, विशेष रूप से उन लोगों के लिए जो भारतीय मूल के हैं. यहां त्योहारों और अन्य विशेष कार्यक्रमों के दौरान अक्सर इसी पत्ते पर भोजन परोसा जाता है.

बता दें कि पीएम नरेंद्र मोदी गुरुवार को दो दिवसीय यात्रा पर कैरेबियाई द्वीप पहुंचे थे. 1999 के बाद ये भारतीय पीएण की पहली द्विपक्षीय यात्रा है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »