ब्रिटेन में ऋषि सुनक की होगी वापसी? लिज ट्रस की कुर्सी पर गहराते संकट से अटकलें तेज

ब्रिटिश राजनीति में पिछले एक हफ्ते से सियासी माहौल पूरी तरह बदला नजर आ रहा है. दो दिन पहले ही पीएम लिज ट्रस ने अपने करीबी दोस्त और भरोसेमंद सहयोगी क्वासी क्वार्टेंग को वित्त मंत्री पद से बर्खास्त कर दिया था. आरोप लगाए जा रहे थे कि क्वासी की वजह से देश में आर्थिक अस्थिरता बढ़ रही है.

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ब्रिटेन की प्रधानमंत्री लिज ट्रस और उनके प्रतिद्वंदी ऋषि सुनक. (फाइल फोटो) ब्रिटेन की प्रधानमंत्री लिज ट्रस और उनके प्रतिद्वंदी ऋषि सुनक. (फाइल फोटो)

aajtak.in

  • लंदन,
  • 16 अक्टूबर 2022,
  • अपडेटेड 6:24 PM IST

ब्रिटेन महंगाई की मार झेल रहा है और महीनेभर पहले बनी नई सरकार इसकी चपेट में आकर बुरी तरह घिर गई है. देश में आर्थिक संकट और वित्तीय बाजारों में उथल-पुथल ने पूरी सरकार को हिला दिया है. प्रधानमंत्री लिज ट्रस का अपनी ही कंजरवेटिव पार्टी में विरोध हो रहा है. ऐसे में ट्रस के प्रतिद्वंदी ऋषि सुनक की 10 डाउनिंग स्ट्रीट के लिए वापसी की अटकलें तेज हो गई हैं. यूके में सट्टेबाजों ने सत्ता के उलटफेर की स्थिति में सुनक के नाम को सबसे आगे दिखाया है.

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ब्रिटेन की प्रधानमंत्री लिज ट्रस ने भारतीय मूल के ऋषि सुनक को पटखनी देते हुए पांच सितंबर को प्रधानमंत्री पद संभाला था, लेकिन इस डेढ़ महीने में देश का राजनीतिक माहौल बिल्कुल बदल गया है. देश में गहराए आर्थिक संकट और वित्तीय बाजारों में उथल-पुथल ने ट्रस सरकार को हिलाकर रख दिया है. आलम यह है कि लिज ट्रस का अपनी ही कंजरवेटिव पार्टी में पुरजोर विरोध हो रहा है. इन सबके बीच ऋषि सुनक के प्रधानमंत्री बनने की अटकलें तेज हो गई हैं. सुनक के प्रधानमंत्री बनने की संभावनाओं को लेकर सट्टा बाजार भी एक्टिव हो गया है.

कुछ समय से चुप्पी साधे हैं सुनक

हालांकि, गवर्निंग कंजरवेटिव्स के भीतर अभी भी बगावत थमी नहीं है. पार्टी नेताओं का कहना है कि ऋषि सुनक ने पहले ही अपने प्रतिद्वंद्वी (लिज ट्रस) की टैक्स कटौती नीतियों को लेकर आगाह किया था. हालांकि, सरकार के टैक्स कटौती के फैसले के बाद सुनक चुप्पी साधे रहे. इस सप्ताह सुनक ने लंदन के एक होटल में दो पूर्व निर्धारित पार्टियों का आयोजन किया, जिसमें अपनी रेडी फॉर ऋषि लीडरशिप कैंपेन टीम और यूके ट्रेजरी के अधिकारियों का आभार जताया.

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सबसे पसंदीदा चेहरे के तौर पर दिखाए जा रहे सुनक

सुनक के एक दोस्त ने 'द संडे टाइम्स' के हवाले से कहा कि उनकी चुप्पी के मायने हैं. ये अप्रोच का एक हिस्सा है. ये बताता है कि टैक्स कटौती से रोके जाने का आगाह ऐसे ही नहीं किया गया था. सुनक हालात को भांप रहे थे. वहीं, ब्रिटेन ताजा सियासी घटनाक्रमों के बाद सट्टा का बाजार भी गरमा गया है. चर्चाएं तेज हो गई हैं कि यूके में फिर से ऋषि सुनक (42 साल) सरकार में वापसी होने वाली है. सट्टेबाजों के एग्रीगेटर ऑड्सचेकर ने सुनक को 47 वर्षीय ट्रस को बदलने के लिए पसंदीदा चेहरे के तौर पर आगे दिखाया है. 

सियासी उथल-पुथल से दूरी बनाए हैं सुनक

न्यूज एजेंसी के मुताबिक, सुनक की टीम ब्रिटिश राजनीति में सबसे उल्लेखनीय राजनीतिक वापसी पर नजर गड़ाए हुए है. सूत्रों के अनुसार, ब्रिटेन में जन्मे भारतीय मूल के राजनेता सुनक फिलहाल सियासी उथल-पुथल से दूर हैं और अपने निर्वाचन क्षेत्र में समय बिता रहे हैं. बता दें कि सुनक अपने संसदीय सहयोगियों के बीच स्पष्ट रूप से सबसे आगे होने के बाद टोरी सदस्यता वोट में ट्रस से हार गए थे. हालांकि, अभी भी सुनक को सबकी पसंद के रूप में भी नहीं देखा जा रहा है. क्योंकि पहले वे पूर्व प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन के खेमे के कट्टर समर्थक रहे हैं. बाद में उन्होंने जॉनसन के खिलाफ बगावत की थी और वित्त मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था.

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ट्रस के कंजर्वेटिव सांसदों के साथ रिश्ते सामान्य नहीं

कहा जा रहा है कि सुनक और पेनी मोर्डेंट को एक संयुक्त टीम का समर्थन करने पर विचार किया जा रहा है. इसके साथ ही सुनक दूसरे विकल्प के रूप में देख रहे हैं, जिसमें पेनी मोर्डेंट के पार्टी नेता और पीएम की भूमिका और ऋषि सुनक चांसलर के रूप में काम करें. पीएम के साथ कंजर्वेटिव सांसदों के बीच रिश्ते सामान्य नहीं हैं. दोनों पक्षों के करीबी सहयोगी संकेत दे रहे हैं कि दोनों में से कोई भी दूसरे के जूनियर के रूप में काम करने के लिए तैयार नहीं होगा. 

अगर ट्रस पद छोड़ने के लिए राजी हो जाते हैं तो यूके के रक्षा सचिव बेन वालेस को नए उम्मीदवार के रूप में एक मजबूत दावेदार माना जा रहा है. इस बीच, जॉनसन द्वारा अपनी संभावित वापसी की कोशिश करने की संभावना से इंकार नहीं किया गया है. रविवार को नए चांसलर जेरेमी हंट ने अपनी पार्टी से ट्रस के पीछे एकजुट होने का आग्रह किया. 

 

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